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Lakhimpur Kheri News: जेई पर संविदाकर्मी को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप
Sat, 27 Jun 2026 12:10 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Sat, 27 Jun 2026 12:10 AM IST
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मितौली। विद्युत उपकेंद्र में तैनात जूनियर इंजीनियर (जेई) दिवाकर पर संविदाकर्मी शुभम ने मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया है। मामले में शुभम का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें वह जेई के व्यवहार से परेशान होने की बात कह रहा है। फिलहाल शुभम का लखनऊ के एक अस्पताल में इलाज चल रहा है।
वीडियो में शुभम का कहना है कि जेई लगातार बकाया वसूली का दबाव बनाते थे। जेई ने उससे कहा, तीन बिल लाए हो, न खंभे पर चढ़ पाओगे, न वसूली कर पाओगे, करोगे क्या? शुभम का कहना है कि चिलचिलाती धूप में घर-घर जाकर बकाया वसूली करनी पड़ती है और जितनी वसूली होती है, उतनी ही जमा की जा सकती है।
संविदाकर्मी का दावा है कि बकाया वसूली कर लौटने के बाद जेई ने उसे फटकार लगाई, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई। किसी तरह उसे अस्पताल पहुंचाया गया। उसका कहना है कि जेई द्वारा प्रताड़ित किए जाने के सभी साक्ष्य उसके पास हैं।
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जेई दिवाकर ने आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि बकाया वसूली को लेकर सामान्य बातचीत हो रही थी और उस समय अन्य कर्मचारी भी मौजूद थे। इसी दौरान शुभम की तबीयत बिगड़ी तो कर्मचारियों के साथ वह स्वयं उसे अस्पताल लेकर गए। वहां डॉक्टर ने बीपी और पल्स रेट सामान्य बताई। शुभम के कहने पर उसे लखीमपुर में डॉ. स्पर्श भल्ला को भी दिखाया गया, जहां शुरुआती जांच रिपोर्ट सामान्य आई। बाद में क्या हुआ, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है। संवाद
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कर्मचारी की तबीयत अब ठीक है। शनिवार को पूरे मामले की जांच की जाएगी। जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
-अमित कुमार, अधिशासी अभियंता, मितौली डिवीजन
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वीडियो में शुभम का कहना है कि जेई लगातार बकाया वसूली का दबाव बनाते थे। जेई ने उससे कहा, तीन बिल लाए हो, न खंभे पर चढ़ पाओगे, न वसूली कर पाओगे, करोगे क्या? शुभम का कहना है कि चिलचिलाती धूप में घर-घर जाकर बकाया वसूली करनी पड़ती है और जितनी वसूली होती है, उतनी ही जमा की जा सकती है।
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संविदाकर्मी का दावा है कि बकाया वसूली कर लौटने के बाद जेई ने उसे फटकार लगाई, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ गई। किसी तरह उसे अस्पताल पहुंचाया गया। उसका कहना है कि जेई द्वारा प्रताड़ित किए जाने के सभी साक्ष्य उसके पास हैं।
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जेई दिवाकर ने आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि बकाया वसूली को लेकर सामान्य बातचीत हो रही थी और उस समय अन्य कर्मचारी भी मौजूद थे। इसी दौरान शुभम की तबीयत बिगड़ी तो कर्मचारियों के साथ वह स्वयं उसे अस्पताल लेकर गए। वहां डॉक्टर ने बीपी और पल्स रेट सामान्य बताई। शुभम के कहने पर उसे लखीमपुर में डॉ. स्पर्श भल्ला को भी दिखाया गया, जहां शुरुआती जांच रिपोर्ट सामान्य आई। बाद में क्या हुआ, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है। संवाद
कर्मचारी की तबीयत अब ठीक है। शनिवार को पूरे मामले की जांच की जाएगी। जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
-अमित कुमार, अधिशासी अभियंता, मितौली डिवीजन