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डीडी के निर्देश पर दुधवा कर्मियों काम पर लौटे

Thu, 03 Dec 2015 07:40 PM IST
पलियाकलां
पलियाकलां Updated Thu, 03 Dec 2015 07:40 PM IST
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Dudhwa workers returned to work on the instructions of DD
दुधवा नेशनल पार्क में पर्यटन अब सब पटरी पर लौटता नजर आ रहा है। डीडी पीपी सिंह के निर्देश पर कर्मचारियों ने कार्यालय में आवश्यक कार्य शुरू कर दिए हैं। पर फेडरेशन ऑफ फारेस्ट के पदाधिकारियों का कहना है कि कार्य जरूर शुरू कर दिए हैं लेकिन इसका मतलब विरोध खत्म होना नहीं है। कर्मचारी काली पटटी बांधकर विरोध जारी रखेंगे।
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दुधवा में फेडरेशन ऑफ फारेस्ट और वनरक्षक संघ ने डीएम पर तमाम गंभीर आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की थी। 28 नवंबर को कार्रवाई न होने पर उन्होंने सांकेतिक कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया था। इसके बाद उनका आंदोलन 30 नवंबर को हड़ताल में बदल गया था। फेडरेशन के पदाधिकारियों ने कहा है कि आवश्यक कार्यों को देखते हुए कार्य शुरू किया गया है।
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पर्यटक कर रहे दुधवा का भ्रमण
तीन नवंबर को भी दूर दराज से आए तमाम पर्यटकों ने दुधवा का भ्रमण किया और जंगल में दुर्लभ  जीवों और अलौकिक वातावरण को देख खुशी जाहिर की। पर्यटकों ने बताया कि  उन्हें सभी सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं।
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फेडरेशन का आरोप, फर्जी है एसडीएम की कटान रिपोर्ट
पलियाकलां। फेडरेशन ऑफ फारेस्ट ने एसडीएम की कटान रिपोर्ट को फर्जी बताया है। आरोप है कि प्रशासन रोज नए षड्यंत्र रच रहा है। फेडरेशन ने एक ज्ञापन उच्चाधिकारियों को भेज तमाम तथ्य उपलब्ध कराए हैं। भेजे गए ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि एसडीएम ने जो कटान की रिपोर्ट दी है वह गलत है। फेडरेशन के महामंत्री विजय कुमार ने न्याय की मांग की है और विलंब होने पर पूरे प्रदेश के संघों द्वारा आंदोलन की चेतावनी दी है।

थारू महिलाओं ने किया दुधवा कैंपस के बाहर प्रदर्शन
पलियाकलां।
आदिवासी थारू जनजाति की तमाम महिलाएं दुधवा कैंपस पहुंचीं और वहां प्रदर्शन और नारेबाजी की। उन्होंने पार्ककर्मियों पर कई आरोप लगाए। डीएम को संबोधित ज्ञापन में अखिल भारतीय वनजन श्रमजीवी यूनियन द्वारा दिए गए ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि एक दिसंबर को तमाम महिलाएं पारंपरिक तरीके से ताल में मछली लेने गईं थीं, वहां पार्क कर्मियों ने उन्हें घेर लिया और गाली-गलौज करते हुए पूछा कि किस आदेश पर मछली मारने आई हो। जिस पर उन्होंने वनाधिकार कानून के तहत अधिकारों की बात कही। आरोप है कि इस पर कर्मचारियों ने उनसे अभद्रता की और शिकार की मछलियां लूट लीं।

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