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लखीमपुर रोड पर कर्फ्यू जैसे रहे हालात
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सुरक्षा को लेकर पुलिस ने सीएचसी जाने वाले रास्ते पर लगाई बेरिकेडिंग
- फोटो : LAKHIMPUR
गोलागोकर्णनाथ। मुख्यमंत्री का काफिला जिन रास्तों से होकर गुजरना था उन रास्तों पर कर्फ्यू जैसे हालात रहे। स्थानीय प्रशासन ने सदर चौराहे से डिग्री कॉलेज के आगे से भूतनाथ मंदिर होते हुए दिवंगत विधायक अरविंद गिरि के फार्म हाउस तक के रास्तों पर आवागमन प्रतिबंधित कर दिया था। मुख्य सड़क पर निकलने वाली गलियां बल्लियां लगाकर बंद कर दी गईं। ऐसे में इन रास्तों के किनारे रहने वाले लोगों को करीब एक घंटे तक घरों में ही कैद रहना पड़ा। संवाद
अधिकारियों की अदूरदर्शिता से मरीज रहे बेहाल
गोलागोकर्णनाथ। जिम्मेदारों ने बिना कुछ सोचे समझे पब्लिक इंटर कॉलेज के मैदान में हेलिपैड बनवा दिया, जबकि इसके सामने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र है। हेलिपैड पर सीएम का हेलीकॉप्टर उतरने से करीब 20 मिनट पहले ही सुरक्षा कर्मियों ने मरीजों को अस्पताल जाने से रोक दिया। इससे गर्भवती महिलाओं से लेकर बच्चों और बुजुर्गों को दवा दिलाने के लिए आए तीमारदारों में नाराजगी रही। लोगों का कहना था कि जब सीएम को भूतनाथ रोड होकर विधायक के फार्म पर जाना था तो हेलीपैड सीजीएनपीजी कॉलेज में बनाना चाहिए था। वहां से फार्म हाउस करीब था और लोगों को दिक्कत भी न होती। एक युवक ने बताया कि बच्चे को अचानक बुखार आ गया। दवा दिलवाने के लिए सीएचसी जा रहे थे। पुलिसवाले एक घंटे के बाद जाने के लिए कह रहे हैं। संवाद
पहली बार कोई मुख्यमंत्री पहुंचा भोले के दरबार
सीएम योगी सूबे के ऐसे पहले मुख्यमंत्री हैं, जिन्होंने शिवमंदिर पहुंचकर विधि-विधान से पूजन किया। सीएम योगी को मुख्य पुजारी पं. दिनेश कुमार मिश्रा ने विधिवत गंगाजल, दही, शहद, दूध से अभिषेक कराया। इसके बाद सीएम ने भगवान भोलेनाथ को फूल, फल, भांग, धतूरा आदि अर्पित कर शिव स्तुति एवं आरती की। इसके बाद दक्षिणा चढ़ाकर आशीर्वाद लिया।
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पुजारी पंडित दिनेश कुमार मिश्रा ने बताया मंदिर में वह तीसरी पीढ़ी के मुख्य पुजारी हैं। बाबा रामचरण मिश्रा, पिता शंभू दयाल मिश्रा मुख्य पुजारी थे। 2004 में पिता जी का स्वर्गवास होने के बाद से वह शृंगार पूजा आदि करवा रहे हैं। उन्होंने बताया कि सीएम योगी सूबे के पहले मुख्यमंत्री हैं, जिन्होंने बाबा के दरबार पहुंचकर कर उनका पूजन किया। संवाद
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अधिकारियों की अदूरदर्शिता से मरीज रहे बेहाल
गोलागोकर्णनाथ। जिम्मेदारों ने बिना कुछ सोचे समझे पब्लिक इंटर कॉलेज के मैदान में हेलिपैड बनवा दिया, जबकि इसके सामने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र है। हेलिपैड पर सीएम का हेलीकॉप्टर उतरने से करीब 20 मिनट पहले ही सुरक्षा कर्मियों ने मरीजों को अस्पताल जाने से रोक दिया। इससे गर्भवती महिलाओं से लेकर बच्चों और बुजुर्गों को दवा दिलाने के लिए आए तीमारदारों में नाराजगी रही। लोगों का कहना था कि जब सीएम को भूतनाथ रोड होकर विधायक के फार्म पर जाना था तो हेलीपैड सीजीएनपीजी कॉलेज में बनाना चाहिए था। वहां से फार्म हाउस करीब था और लोगों को दिक्कत भी न होती। एक युवक ने बताया कि बच्चे को अचानक बुखार आ गया। दवा दिलवाने के लिए सीएचसी जा रहे थे। पुलिसवाले एक घंटे के बाद जाने के लिए कह रहे हैं। संवाद
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पहली बार कोई मुख्यमंत्री पहुंचा भोले के दरबार
सीएम योगी सूबे के ऐसे पहले मुख्यमंत्री हैं, जिन्होंने शिवमंदिर पहुंचकर विधि-विधान से पूजन किया। सीएम योगी को मुख्य पुजारी पं. दिनेश कुमार मिश्रा ने विधिवत गंगाजल, दही, शहद, दूध से अभिषेक कराया। इसके बाद सीएम ने भगवान भोलेनाथ को फूल, फल, भांग, धतूरा आदि अर्पित कर शिव स्तुति एवं आरती की। इसके बाद दक्षिणा चढ़ाकर आशीर्वाद लिया।
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पुजारी पंडित दिनेश कुमार मिश्रा ने बताया मंदिर में वह तीसरी पीढ़ी के मुख्य पुजारी हैं। बाबा रामचरण मिश्रा, पिता शंभू दयाल मिश्रा मुख्य पुजारी थे। 2004 में पिता जी का स्वर्गवास होने के बाद से वह शृंगार पूजा आदि करवा रहे हैं। उन्होंने बताया कि सीएम योगी सूबे के पहले मुख्यमंत्री हैं, जिन्होंने बाबा के दरबार पहुंचकर कर उनका पूजन किया। संवाद