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दुराचारी को सात, सहयोगी को पांच साल की कैद
ब्यूरो/लखीमपुर खीरी।
Updated Wed, 30 Mar 2016 10:14 PM IST
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कोर्ट
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कोर्ट ने दोनों पर जुर्माना भी डाला
किशोरी को बहला फुसला कर भगा ले जाने और उससे दुराचार करने के मामले में एफटीसी जज और एडीजे नीलू मोघा ने आरोपियों को दोषसिद्ध पाया है। अदालत ने दुराचारी को सात वर्ष और लड़की को बहला फुसलाकर भगाने में मदद करने वाले दुराचारी के रिश्तेदार को पांच साल कैद की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष रखते हुए एडीजीसी निर्मल चौधरी ने बताया कि निघासन रोड कस्बा पलिया का रहने वाला श्रवण कुमार मोहम्मदी थाना क्षेत्र के एक गांव में मेहमानी के लिए आया हुआ था। श्रवण के साथ ही बरूआ कोठी थाना मैलानी निवासी उसका बहनोई फूलचंद्र भी आया हुआ था। आरोप है कि नौ मार्च 2008 को ये दोनों लोग गांव की लड़की को बहला फुसलाकर भगा ले गए, पलिया ले जाकर श्रवण ने लड़की के साथ दुराचार किया था। अदालत में मामले की सुनवाई के दौरान पीड़िता, उसकी माता, पिता, डॉ. पुष्पलता सिंह तथा विवेचक निजामुद्दीन की गवाही पेश हुई। दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद अदालत ने श्रवण कुमार को दुराचार के लिए दोषसिद्ध पाया उसे सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है साथ ही बहला-फुसलाकर भगाने में मदद करने वाले उसके बहनोई फूलचंद्र को पांच साल की कैद और पांच हजार रुपये का जुर्माना भरने की सजा सुनाई है।
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किशोरी को बहला फुसला कर भगा ले जाने और उससे दुराचार करने के मामले में एफटीसी जज और एडीजे नीलू मोघा ने आरोपियों को दोषसिद्ध पाया है। अदालत ने दुराचारी को सात वर्ष और लड़की को बहला फुसलाकर भगाने में मदद करने वाले दुराचारी के रिश्तेदार को पांच साल कैद की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष रखते हुए एडीजीसी निर्मल चौधरी ने बताया कि निघासन रोड कस्बा पलिया का रहने वाला श्रवण कुमार मोहम्मदी थाना क्षेत्र के एक गांव में मेहमानी के लिए आया हुआ था। श्रवण के साथ ही बरूआ कोठी थाना मैलानी निवासी उसका बहनोई फूलचंद्र भी आया हुआ था। आरोप है कि नौ मार्च 2008 को ये दोनों लोग गांव की लड़की को बहला फुसलाकर भगा ले गए, पलिया ले जाकर श्रवण ने लड़की के साथ दुराचार किया था। अदालत में मामले की सुनवाई के दौरान पीड़िता, उसकी माता, पिता, डॉ. पुष्पलता सिंह तथा विवेचक निजामुद्दीन की गवाही पेश हुई। दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद अदालत ने श्रवण कुमार को दुराचार के लिए दोषसिद्ध पाया उसे सात वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है साथ ही बहला-फुसलाकर भगाने में मदद करने वाले उसके बहनोई फूलचंद्र को पांच साल की कैद और पांच हजार रुपये का जुर्माना भरने की सजा सुनाई है।
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