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बदमाशों ने फिर ट्रैक्टर लूटने का प्रयास किया
ममरी
Updated Sun, 17 Jan 2016 11:37 PM IST
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हैदराबाद थाना पुलिस की सक्रियता से शुक्रवार की रात गोला-मोहम्मदी मार्ग पर ट्रैक्टर-ट्रॉली लूट की एक और वारदात होने से बच गई। यह ट्रैक्टर भी उसी अशर्फीगंज गांव का था, जहां का एक ट्रैक्टर-ट्रॉली को कार सवार बदमाशों ने 12 जनवरी की रात लूट लिया था।
ग्राम अशर्फीगंज निवासी वीरेंद्र कुमार शुक्रवार की रात गोला चीनी मिल से गन्ना बिक्री कर घर लौट रहे थे। उनका ट्रैक्टर-ट्रॉली जैसे ही ग्राम झारा के सामने पहुंचा वैसे ही बुलेरो सवार बदमाशों ने उसे रुकने का संकेत दिया। ट्रैक्टर चालक वीरेंद्र कुमार कुछ समझ पाता इसी बीच पीछे से एसओ विश्वनाथ यादव जीप से मौके पर जा धमके। पुलिस की जीप देखते ही बदमाश बुलेरो समेत मोहम्मदी की ओर भागने में सफल हो गए। वीरेंद्र कुमार का कहना है कि पुलिस की जीप यदि मौके पर न पहुंचती तो बदमाश उसे बंधक बनाकर ट्रैक्टर लूट सकते थे।
12 जनवरी की रात जो ट्रैैक्टर इसी रोड पर ग्राम धिरावां के पास लूटा गया था उनका नाम भी वीरेंद्र कुमार था और वह भी अशर्फीगंज के निवासी हैं। इस ट्रैक्टर चालक का नाम भी वीरेंद्र कुमार है। अंतर सिर्फ इतना है कि पहले वाले वीरेंद्र के पिता का नाम बाबूराम और इसके पिता का नाम रामभरोसे है। दोनों ही एक ही गांव के निवासी हैं। एसओ विश्वनाथ यादव का कहना है कि पहले वाले ट्रैक्टर का सुराग लगा लिया गया है। जिसे शीघ्र ही बरामद कर लिया जाएगा।
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ग्राम अशर्फीगंज निवासी वीरेंद्र कुमार शुक्रवार की रात गोला चीनी मिल से गन्ना बिक्री कर घर लौट रहे थे। उनका ट्रैक्टर-ट्रॉली जैसे ही ग्राम झारा के सामने पहुंचा वैसे ही बुलेरो सवार बदमाशों ने उसे रुकने का संकेत दिया। ट्रैक्टर चालक वीरेंद्र कुमार कुछ समझ पाता इसी बीच पीछे से एसओ विश्वनाथ यादव जीप से मौके पर जा धमके। पुलिस की जीप देखते ही बदमाश बुलेरो समेत मोहम्मदी की ओर भागने में सफल हो गए। वीरेंद्र कुमार का कहना है कि पुलिस की जीप यदि मौके पर न पहुंचती तो बदमाश उसे बंधक बनाकर ट्रैक्टर लूट सकते थे।
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12 जनवरी की रात जो ट्रैैक्टर इसी रोड पर ग्राम धिरावां के पास लूटा गया था उनका नाम भी वीरेंद्र कुमार था और वह भी अशर्फीगंज के निवासी हैं। इस ट्रैक्टर चालक का नाम भी वीरेंद्र कुमार है। अंतर सिर्फ इतना है कि पहले वाले वीरेंद्र के पिता का नाम बाबूराम और इसके पिता का नाम रामभरोसे है। दोनों ही एक ही गांव के निवासी हैं। एसओ विश्वनाथ यादव का कहना है कि पहले वाले ट्रैक्टर का सुराग लगा लिया गया है। जिसे शीघ्र ही बरामद कर लिया जाएगा।
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