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सातवें दिन भी महिला और बेटी का नहीं लगा सुराग
गोला गोकर्णनाथ।
Updated Wed, 01 Jul 2015 07:14 PM IST
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नगर में दवा लेने आई रहस्यमय ढंग से लापता हुई मां-बेटी का सातवें दिन भी
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कोई सुराग नहीं लग सका। इस घटना में गोला पुलिस की संजीदगी इस बात से लगाई
जा सकती है कि पुलिस ने अब तक गुमशुदगी भी दर्ज नहीं की है, जबकि गुमशुदा
मां-बेटी का परिवार परेशान हो खुद ही उनकी तलाश में जुट गया है।
शाहजहांपुर जिले के गांव मोहनपुर थाना खुटार निवासी गिरीशचंद शुक्ला ने बताया कि उनकी पत्नी सुमन देवी (40), बेटी बिट्टो (6) के साथ गोला में डॉ. अंजलिनाथ के क्लीनिक पर 25 जून को दवा लेने आई थीं। दवा लेने के बाद वह रहस्यमय ढंग से लापता हो गईं। डॉ. अंजलिनाथ ने बताया कि सुमनदेवी उनके क्लीनिक से 2.30 बजे दवा लेकर वापस चली गई थीं। पीड़ित गिरीशचंद ने बताया कि वह 27 जून को गोला कोतवाली गए थे, जहां कोतवाल के न मिलने पर नानक चौकी इंचार्ज को गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करने के लिए तहरीर दे दी थी। इसकी रिसीविंग भी उनके पास मौजूद है। वहीं, कोतवाल एके उपाध्याय का कहना है कि उन्हें अब तक कोई तहरीर नहीं मिली है। इसकी वजह से गुमशुदगी दर्ज नहीं की गई है।
शाहजहांपुर जिले के गांव मोहनपुर थाना खुटार निवासी गिरीशचंद शुक्ला ने बताया कि उनकी पत्नी सुमन देवी (40), बेटी बिट्टो (6) के साथ गोला में डॉ. अंजलिनाथ के क्लीनिक पर 25 जून को दवा लेने आई थीं। दवा लेने के बाद वह रहस्यमय ढंग से लापता हो गईं। डॉ. अंजलिनाथ ने बताया कि सुमनदेवी उनके क्लीनिक से 2.30 बजे दवा लेकर वापस चली गई थीं। पीड़ित गिरीशचंद ने बताया कि वह 27 जून को गोला कोतवाली गए थे, जहां कोतवाल के न मिलने पर नानक चौकी इंचार्ज को गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करने के लिए तहरीर दे दी थी। इसकी रिसीविंग भी उनके पास मौजूद है। वहीं, कोतवाल एके उपाध्याय का कहना है कि उन्हें अब तक कोई तहरीर नहीं मिली है। इसकी वजह से गुमशुदगी दर्ज नहीं की गई है।