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...तो दुराचारी को तलाशने में दिलचस्पी नहीं ले रही पुलिस
अमर उजाला ब्यूरो/लखीमपुर खीरी।
Updated Thu, 07 Apr 2016 10:18 PM IST
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रेप
- फोटो : अमर उजाला
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मानसिक मंदित किशोरी के साथ रेप का मामला
बिजुआ के गांव में तीन अप्रैल को हुई थी वारदात
पीड़िता के बताने पर मां बोली मुड़िया का है दरिंदा
पुलिस बता रही, कुछ भी नहीं बता पा रही किशोरी
रेप पीड़ितों को इंसाफ दिलाने के लिए भले ही बहस हो रही हो, लेकिन जिले में मानसिक मंदित किशोरी के साथ रेप की घटना को पुलिस संजीदगी से नहीं ले रही। पीड़िता की मां का कहना है कि किशोरी ने आरोपी को पहचान लिया है। वह मुड़िया का है लेकिन पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही है, जबकि इस बाबत एसओ भीरा का कहना है कि लड़की बोल और सुन नहीं सकती। वह कुछ भी नहीं बता पा रही है, इसलिए आरोपी तक पहुंचने में दिक्कत आ रही है। उन्हें अब तक जांच रिपोर्ट और मेडिको लीगल रिपोर्ट भी नहीं मिली है, इसलिए अभी जांच आगे नहीं बढ़ पाई है।
तीन अप्रैल की शाम थाना भीरा की पुलिस चौकी बिजुआ क्षेत्र के गांव की 14 वर्षीय लड़की के साथ किसी वहशी दरिंदे ने उस समय दुराचार किया था, जब वह खेत में गेहूं की बालियां बीनने गई थी। घटना के बाद लड़की बेहोश हो गई थी। पहले 108 एंबुलेन्स के लिए कॉल की गई, लेकिन देरी देख ग्राम प्रधान ने अपनी गाड़ी से उसे जिला अस्पताल भेजवाया गया। जांच में लड़की का हीमोग्लोबिन काफी कम मिला था और वह पीलिया से ग्रसित पाई थी। घटना वाली रात से ही किशोरी जिला अस्पताल में भर्ती है। गुरुवार से उसकी हालत में सुधार आया है। इसी बीच पांच दिन बीत गए, लेकिन पुलिस अब तक एक कदम भी आगे नहीं बढ़ा पाई है।
एसपी ने कहा, हर हाल में पकड़े जाएंगे दरिंदे
एसपी अखिलेश चौरसिया का कहना है कि पीड़िता की हालत अभी तक नाजुक बनीं थी, इसलिए उसका कोर्ट में भी बयान नहीं हो पाया है। उन्होंने बताया कि स्लाइड की जांच में रेप की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन डॉक्टरों का कहना है कि अधिक ब्लीडिंग होने की स्थिति में स्लाइड जांच में रेप की पुष्टि नहीं हो पाती है। इस लड़की के साथ भी ऐसा ही हुआ है। फिलहाल कोर्ट से अनुमति मिलते ही पीड़िता के कपड़ों को भी जांच के लिए भेजा जाएगा। पीड़िता की हालत में सुधार है, इसलिए जल्द ही कोर्ट में बयान कराया जाएगा और जिस पर भी संदेह होगा, उससे पूछताछ की जाएगी।
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रेप तो हुआ है
जिला महिला अस्पताल की डॉक्टर अमृता सिंह का कहना है कि लड़की की प्रारंभिक जांच उन्होंने की है। उसके परीक्षण से साफ प्रतीत हो रहा था कि उसके साथ रेप हुआ है। चूंकि लड़की का काफी खून बह चुका था, इसलिए स्लाइड में कुछ भी न आना स्वाभाविक है।
पुलिस सुरक्षा में है पीड़िता
जिला महिला अस्पताल में भर्ती पीड़िता पुलिस सुरक्षा में है। वार्ड के बाहर थाना भीरा के एचसीपी अशोक तिवारी और सिपाही गीता राजपूत की ड्यूटी लगाई गई है।
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बिजुआ के गांव में तीन अप्रैल को हुई थी वारदात
पीड़िता के बताने पर मां बोली मुड़िया का है दरिंदा
पुलिस बता रही, कुछ भी नहीं बता पा रही किशोरी
रेप पीड़ितों को इंसाफ दिलाने के लिए भले ही बहस हो रही हो, लेकिन जिले में मानसिक मंदित किशोरी के साथ रेप की घटना को पुलिस संजीदगी से नहीं ले रही। पीड़िता की मां का कहना है कि किशोरी ने आरोपी को पहचान लिया है। वह मुड़िया का है लेकिन पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही है, जबकि इस बाबत एसओ भीरा का कहना है कि लड़की बोल और सुन नहीं सकती। वह कुछ भी नहीं बता पा रही है, इसलिए आरोपी तक पहुंचने में दिक्कत आ रही है। उन्हें अब तक जांच रिपोर्ट और मेडिको लीगल रिपोर्ट भी नहीं मिली है, इसलिए अभी जांच आगे नहीं बढ़ पाई है।
तीन अप्रैल की शाम थाना भीरा की पुलिस चौकी बिजुआ क्षेत्र के गांव की 14 वर्षीय लड़की के साथ किसी वहशी दरिंदे ने उस समय दुराचार किया था, जब वह खेत में गेहूं की बालियां बीनने गई थी। घटना के बाद लड़की बेहोश हो गई थी। पहले 108 एंबुलेन्स के लिए कॉल की गई, लेकिन देरी देख ग्राम प्रधान ने अपनी गाड़ी से उसे जिला अस्पताल भेजवाया गया। जांच में लड़की का हीमोग्लोबिन काफी कम मिला था और वह पीलिया से ग्रसित पाई थी। घटना वाली रात से ही किशोरी जिला अस्पताल में भर्ती है। गुरुवार से उसकी हालत में सुधार आया है। इसी बीच पांच दिन बीत गए, लेकिन पुलिस अब तक एक कदम भी आगे नहीं बढ़ा पाई है।
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एसपी ने कहा, हर हाल में पकड़े जाएंगे दरिंदे
एसपी अखिलेश चौरसिया का कहना है कि पीड़िता की हालत अभी तक नाजुक बनीं थी, इसलिए उसका कोर्ट में भी बयान नहीं हो पाया है। उन्होंने बताया कि स्लाइड की जांच में रेप की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन डॉक्टरों का कहना है कि अधिक ब्लीडिंग होने की स्थिति में स्लाइड जांच में रेप की पुष्टि नहीं हो पाती है। इस लड़की के साथ भी ऐसा ही हुआ है। फिलहाल कोर्ट से अनुमति मिलते ही पीड़िता के कपड़ों को भी जांच के लिए भेजा जाएगा। पीड़िता की हालत में सुधार है, इसलिए जल्द ही कोर्ट में बयान कराया जाएगा और जिस पर भी संदेह होगा, उससे पूछताछ की जाएगी।
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रेप तो हुआ है
जिला महिला अस्पताल की डॉक्टर अमृता सिंह का कहना है कि लड़की की प्रारंभिक जांच उन्होंने की है। उसके परीक्षण से साफ प्रतीत हो रहा था कि उसके साथ रेप हुआ है। चूंकि लड़की का काफी खून बह चुका था, इसलिए स्लाइड में कुछ भी न आना स्वाभाविक है।
पुलिस सुरक्षा में है पीड़िता
जिला महिला अस्पताल में भर्ती पीड़िता पुलिस सुरक्षा में है। वार्ड के बाहर थाना भीरा के एचसीपी अशोक तिवारी और सिपाही गीता राजपूत की ड्यूटी लगाई गई है।