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भाई-बहन के प्रेम ने तोड़ दीं जाति-धर्म की सीमाएं
अमर उजाला ब्यूरो बांकेगंज।
Updated Tue, 01 Nov 2016 11:27 PM IST
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दूज
- फोटो : अमर उजाला
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रूपरानी ने मुस्लिम भाई को किया टीका
भाई-बहन के बीच का प्रेम जाति और धर्म से बढ़कर होता है। निकटवर्ती कुकरा गांव के पसियाना मोहल्ला में रहने वाली रूपरानी पिछले 20 सालों से गढ़ी मोहल्ला निवासी मुस्लिम भाई जकीउल्ला बरकाती उर्फ छोटे को रक्षाबंधन पर राखी बांधने और भइया दूज पर तिलक करने के लिए आती हैं। इस साल भी भइया दूज पर रूपरानी ने अपने भाई को तिलक किया।
कभी जकीउल्ला अपनी मुंह बोली बहन के घर राखी बंधवाने पहुंचते हैं, तो कभी रूपरानी जकीउल्ला के घर भइया दूज पर टीका करने आ जाती हैं। बहन जब तक तिलक नहीं कर लेती दोनों कुछ खाते-पीते नहीं हैं। जकीउल्ला दोनों पर्वों पर बहन को अपने सामर्थ्य के अनुसार दक्षिणा और उपहार देते हैं। इस साल रक्षाबंधन पर जकीउल्ला ने अपनी मुंह बोली बहन को एक गाय उपहार में दी थी, जो आज भी उसके पास है।
जकीउल्ला पेशे से बढ़ई हैं। भले ही वह मेहनत मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालते हैं, लेकिन उनका दिल बहुत बड़ा है। दोनों परिवारों को उनके इस रिश्ते पर नाज है। अलग-अलग धर्मों से संबंध रखने वाले बहन-भाई के इस अमर प्रेम को देख मोहल्ले के लोग भी गर्व महसूस करते है।
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भाई-बहन के बीच का प्रेम जाति और धर्म से बढ़कर होता है। निकटवर्ती कुकरा गांव के पसियाना मोहल्ला में रहने वाली रूपरानी पिछले 20 सालों से गढ़ी मोहल्ला निवासी मुस्लिम भाई जकीउल्ला बरकाती उर्फ छोटे को रक्षाबंधन पर राखी बांधने और भइया दूज पर तिलक करने के लिए आती हैं। इस साल भी भइया दूज पर रूपरानी ने अपने भाई को तिलक किया।
कभी जकीउल्ला अपनी मुंह बोली बहन के घर राखी बंधवाने पहुंचते हैं, तो कभी रूपरानी जकीउल्ला के घर भइया दूज पर टीका करने आ जाती हैं। बहन जब तक तिलक नहीं कर लेती दोनों कुछ खाते-पीते नहीं हैं। जकीउल्ला दोनों पर्वों पर बहन को अपने सामर्थ्य के अनुसार दक्षिणा और उपहार देते हैं। इस साल रक्षाबंधन पर जकीउल्ला ने अपनी मुंह बोली बहन को एक गाय उपहार में दी थी, जो आज भी उसके पास है।
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जकीउल्ला पेशे से बढ़ई हैं। भले ही वह मेहनत मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालते हैं, लेकिन उनका दिल बहुत बड़ा है। दोनों परिवारों को उनके इस रिश्ते पर नाज है। अलग-अलग धर्मों से संबंध रखने वाले बहन-भाई के इस अमर प्रेम को देख मोहल्ले के लोग भी गर्व महसूस करते है।
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