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दो साल बाद बिना बंदिशों के गूंजेंगी शहनाइयां
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वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए तैयार बैंडबाजा।
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मंदी की मार से गुजर रहे बारात घर, होटल संचालक एवं बैंड बाजा व कैटर्स भी खुश
बैंड-बाजा-बारात का यह सिलसिला आठ जुलाई तक रहेगा जारी
लखीमपुर खीरी। करीब एक माह बाद आज यानी बृहस्पतिवार से फिर बैंड-बाजा-बारात का दौर शुरू हो रहा है, जो आठ जुलाई तक चलता रहेगा। वहीं मंदी की मार से गुजर रहे बारात घर, होटल संचालक एवं बैंड बाजा व कैटर्स भी खुश हैं। उनका कहना है कि धूमधाम से कार्यक्रम होने कारोबार को बढ़ावा मिलने के साथ तमाम लोगों को रोजगार भी मिल सकेगा।
आज बैसाखी है और आज ही के दिन खरमास समाप्त हो रहा है। खरमास समाप्त होने के साथ वैवाहिक और मांगलिक कार्य होने शुरू हो जाएंगे। बैंड-बाजा-बारात का यह सिलसिला आठ जुलाई तक जारी रहेगा। इस दौरान 55 दिनों में कुल 34 दिन शहनाइयां बजेंगी। घरों से लेकर बारात घर एवं होटलों में वैवाहिक कार्यक्रमों को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस बार के शादी बारात को लेकर वैवाहिक कारोबारी भी उत्साहित हैं, क्योंकि बीते दो साल में शादी बारात बंदिशों में हुई। लोग बेटे- बेटियों का विवाह धूमधाम से नहीं कर सके। न तो रिश्तेदारों को बुला सके और न ही मेहमान को।
कोरोना महामारी के चलते शादी बारात में शामिल होने वालों की संख्या सीमित होने का सबसे ज्यादा असर सहालग कारोबार पर पड़ा। हालांकि जिले में कोरोना संक्रमण अब पूरी तरह से काबू में है। इससे कार्यक्रमों से पाबंदियां भी हट गई हैं। इस कारण शादी वैवाहिक समारोह बेहद धूमधाम से होंगे, जिससे बैंड-बाजा-बारात कारोबार को भी गति मिलेगी।
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विवाह की शुभ लग्नें
अप्रैल- 14, 15, 17, 19, 20, 21, 22, 23, 27, 28, 29
मई- 2, 3, 9, 10, 12, 14, 15, 17, 18, 19, 20, 21, 25, 26, 31
जून- 1, 5, 6, 7, 8, 9, 11, 12, 13, 14, 15, 21, 22, 27
जुलाई- 3, 4, 5, 8
बीते दो साल में कारोबार काफी मंदा रहा। बंदिशों के चलते कई बुकिंग रद्द हो गईं। मगर, इन तीन माह में काफी अच्छी लग्नें भी हैं। बुकिंग भी मिल रही हैं। इससे बैंड बाजा कारोबार फिर से पटरी पर लौटेगा।
- मोहन, बैंड-बाजा कारोबारी
बृहस्पतिवार से वैवाहिक कार्यक्रमों का दौर शुरू हो रहा है। इस बार लग्नें भी अच्छी हैं और किसी प्रकार की कोई बंदिश भी नहीं है। ऐसे में बुकिंग भी मिल रही हैं। ऐसे में काम धाम अच्छा होने का अनुमान है।
-योगेश जोशी, सौभाग्य पैलेस
कोरोना संक्रमण के दौरान फूल कारोबार ठप रहा। संख्या सीमित होने के कारण अधिकांश घर पर ही वैवाहिक कार्यक्रम हुए। मगर, अब बंदिशें हटने से लोग होटल-बारात बुक करा रहे हैं। ऐसे में सजावट होने को काम धंधा अच्छा रहेगा।
- मनोज, फूल कारोबारी
बीते दो साल काम धंधा पूरी तरह चौपट रहा, क्योंकि बंदिशों के चलते कई बुकिंग रद्द हो गईं। मेहमानों की संख्या सीमित होने से काम भी प्रभावित हुआ। मगर, इस बार की सहालग से काम धंधा फिर से पटरी पर लौटेगा।
- महावीर प्रसाद, नंदजी कैटर्स
एक माह के खरमास के बाद बृहस्पतिवार यानी 14 अप्रैल से वैवाहिक कार्य प्रारंभ हो जाएंगे। 35 शुभ मुहूर्त आठ जुलाई तक हैं। इसके बाद फिर नवंबर से लग्न उत्सव प्रारंभ होगा।
- आचार्य प्रमोद दीक्षित, संचालक श्रीमती स्वर्गीय चंद्रकला आश्रम एंव संस्कृत विद्यापीठ देवकली
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बैंड-बाजा-बारात का यह सिलसिला आठ जुलाई तक रहेगा जारी
लखीमपुर खीरी। करीब एक माह बाद आज यानी बृहस्पतिवार से फिर बैंड-बाजा-बारात का दौर शुरू हो रहा है, जो आठ जुलाई तक चलता रहेगा। वहीं मंदी की मार से गुजर रहे बारात घर, होटल संचालक एवं बैंड बाजा व कैटर्स भी खुश हैं। उनका कहना है कि धूमधाम से कार्यक्रम होने कारोबार को बढ़ावा मिलने के साथ तमाम लोगों को रोजगार भी मिल सकेगा।
आज बैसाखी है और आज ही के दिन खरमास समाप्त हो रहा है। खरमास समाप्त होने के साथ वैवाहिक और मांगलिक कार्य होने शुरू हो जाएंगे। बैंड-बाजा-बारात का यह सिलसिला आठ जुलाई तक जारी रहेगा। इस दौरान 55 दिनों में कुल 34 दिन शहनाइयां बजेंगी। घरों से लेकर बारात घर एवं होटलों में वैवाहिक कार्यक्रमों को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। इस बार के शादी बारात को लेकर वैवाहिक कारोबारी भी उत्साहित हैं, क्योंकि बीते दो साल में शादी बारात बंदिशों में हुई। लोग बेटे- बेटियों का विवाह धूमधाम से नहीं कर सके। न तो रिश्तेदारों को बुला सके और न ही मेहमान को।
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कोरोना महामारी के चलते शादी बारात में शामिल होने वालों की संख्या सीमित होने का सबसे ज्यादा असर सहालग कारोबार पर पड़ा। हालांकि जिले में कोरोना संक्रमण अब पूरी तरह से काबू में है। इससे कार्यक्रमों से पाबंदियां भी हट गई हैं। इस कारण शादी वैवाहिक समारोह बेहद धूमधाम से होंगे, जिससे बैंड-बाजा-बारात कारोबार को भी गति मिलेगी।
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विवाह की शुभ लग्नें
अप्रैल- 14, 15, 17, 19, 20, 21, 22, 23, 27, 28, 29
मई- 2, 3, 9, 10, 12, 14, 15, 17, 18, 19, 20, 21, 25, 26, 31
जून- 1, 5, 6, 7, 8, 9, 11, 12, 13, 14, 15, 21, 22, 27
जुलाई- 3, 4, 5, 8
बीते दो साल में कारोबार काफी मंदा रहा। बंदिशों के चलते कई बुकिंग रद्द हो गईं। मगर, इन तीन माह में काफी अच्छी लग्नें भी हैं। बुकिंग भी मिल रही हैं। इससे बैंड बाजा कारोबार फिर से पटरी पर लौटेगा।
- मोहन, बैंड-बाजा कारोबारी
बृहस्पतिवार से वैवाहिक कार्यक्रमों का दौर शुरू हो रहा है। इस बार लग्नें भी अच्छी हैं और किसी प्रकार की कोई बंदिश भी नहीं है। ऐसे में बुकिंग भी मिल रही हैं। ऐसे में काम धाम अच्छा होने का अनुमान है।
-योगेश जोशी, सौभाग्य पैलेस
कोरोना संक्रमण के दौरान फूल कारोबार ठप रहा। संख्या सीमित होने के कारण अधिकांश घर पर ही वैवाहिक कार्यक्रम हुए। मगर, अब बंदिशें हटने से लोग होटल-बारात बुक करा रहे हैं। ऐसे में सजावट होने को काम धंधा अच्छा रहेगा।
- मनोज, फूल कारोबारी
बीते दो साल काम धंधा पूरी तरह चौपट रहा, क्योंकि बंदिशों के चलते कई बुकिंग रद्द हो गईं। मेहमानों की संख्या सीमित होने से काम भी प्रभावित हुआ। मगर, इस बार की सहालग से काम धंधा फिर से पटरी पर लौटेगा।
- महावीर प्रसाद, नंदजी कैटर्स
एक माह के खरमास के बाद बृहस्पतिवार यानी 14 अप्रैल से वैवाहिक कार्य प्रारंभ हो जाएंगे। 35 शुभ मुहूर्त आठ जुलाई तक हैं। इसके बाद फिर नवंबर से लग्न उत्सव प्रारंभ होगा।
- आचार्य प्रमोद दीक्षित, संचालक श्रीमती स्वर्गीय चंद्रकला आश्रम एंव संस्कृत विद्यापीठ देवकली