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सड़क के गड्ढो में फंस गया विकास का पहिया
Lakhimpur
Updated Wed, 13 Mar 2013 05:32 AM IST
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मेला रोड से मेन रोड बेहद संकरा, काफी यातायात होने के कारण होती है दिक्कत
लखीमपुर खीरी। जर्जर सड़कें शहर की पहचान बन चुकी हैं। लगता है जैसे सड़कों पर हुए गड्ढों में विकास का पहिया फंस कर रह गया हो। शहर की गली-मोहल्लों की बात जाने दीजिए मुख्य सड़कें भी बदहाल हैं। मेला रोड से गुरद्वारा गुरु सिंह सभा होते हुए मेन रोड को जोड़ने वाली सड़क की हालत बेहद खराब है। बेहद संकरी सड़क पर भारी यातायात के कारण यात्रियों का सफर और ज्यादा मुश्किल हो रहा है।
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कई स्कूलों को पहुंचने का है यह रास्ता
मेला रोड से शुरू होकर गुरुद्वारा होते हुए मिश्राना चौराहा तक की इस सड़क पर गुरुद्वारा, हनुमान मंदिर, वाल्मीकि मंदिर स्थित हैं। प्राचीन संकटादेवी मार्ग को भी यह रास्ता जोड़ता है। इसके अलावा यह रोड उपडाकघर, कुंवर खुशवक्त राय इंटर कॉलेज, भगवानदीन आर्य कन्या इंटर कॉलेज, आर्य कन्या इंटर कॉलेज, भगवानदीन आर्य कन्या स्नातकोत्तर महाविद्यालय, सरस्वती शिशु मंदिर, सनातन धर्म सरस्वती बालिका इंटर कॉलेज का भी यही रास्ता है।
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दिन भर व्यस्त रहती है यह सड़क
मेन रोड और मुख्य बाजार को जोड़ने वाली सड़क होने से इस सड़क पर दिन भर भारी आवागमन बना रहता है। स्कूल खुलने के समय और बंद होने के समय तो इस सड़क पर इतनी ज्यादा भीड़ हो जाती है कि लोगों का निकलना तक मुश्किल हो जाता है। इस रोड पर कपड़ा, इलेक्ट्रानिक, मिठाई की दुकानें, टेंट हाउस, बैटरी, इनवर्टर और कबाड़ियों की कई दुकाने हैं। कुल मिलाकर इस रोड पर भरा पूरा बाजार है।
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ऊबड़-खाबड़ सड़क पर गुजरना मुश्किल
करीब पांच साल पहले बनी यह सड़क इतने कम समय में ही टूट कर पूरी तरह खराब हो गई है। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे हैं। इन गड्ढों से होकर गुजरना मुश्किल होता है। इस पर गुजरने वाले वाहन कुछ ही समय में बेकार हो जाते हैं। यह सड़क बेहद संकरी है, ऊपर से अतिक्रमण के कारण सड़क की चौड़ाई और भी कम हो गई है। यदि एक भी चौपहिया वाहन इस रोड पर आ जाए तो जाम लग जाता है। इससे स्कूल जाने वाले बच्चे लेट होते हैं।
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परेशान हैं यहां के लोग और व्यवसाई
सड़क जर्जर होने से इस रोड के किनारे रहने वाले और व्यवसाय करने वाले लोग बेहद परेशान हैं। उनका कहना है कि जब इस सड़क पर निकलना मुश्किल है तो व्यवसाय करना कितना मुश्किल होगा, आसानी से अंदाजा लगाया जा सकता है। इस रोड के किनारे रहने वाले इमरान कहते हैं सड़क इतनी जर्जर है कि निकलना तक मुश्किल है। इस रोड पर व्यवसाय करने वाले अशफाक हुसैन कहते हैं कि सड़क पर बाइक खड़े करने की जगह नहीं लोग यहां खरीददारी करना पसंद नहीं करते। हरपाल सिंह का कहना है कि इस जर्जर सड़क पर इतना ज्यादा ट्रैफिक है कि रुक कर खरीददारी करना मुश्किल है। व्यवसाई रंजीत कहते हैं कि सड़क जल्दी न बनी तो इस रोड पर व्यवसाय करना मुश्किल हो जाएगा।
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वर्जन.....
मेला रोड से गुरुद्वारा रोड होते हुए मेनरोड को जोड़ने वाली सड़क काफी जर्जर हो चुकी है। इस रोड का निर्माण प्रस्तावित है। जल्दी ही सड़क का निर्माण कराया जाएगा।
-डॉ. इरा श्रीवास्तव, अध्यक्ष नगर पालिका, लखीमपुर
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लखीमपुर खीरी। जर्जर सड़कें शहर की पहचान बन चुकी हैं। लगता है जैसे सड़कों पर हुए गड्ढों में विकास का पहिया फंस कर रह गया हो। शहर की गली-मोहल्लों की बात जाने दीजिए मुख्य सड़कें भी बदहाल हैं। मेला रोड से गुरद्वारा गुरु सिंह सभा होते हुए मेन रोड को जोड़ने वाली सड़क की हालत बेहद खराब है। बेहद संकरी सड़क पर भारी यातायात के कारण यात्रियों का सफर और ज्यादा मुश्किल हो रहा है।
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कई स्कूलों को पहुंचने का है यह रास्ता
मेला रोड से शुरू होकर गुरुद्वारा होते हुए मिश्राना चौराहा तक की इस सड़क पर गुरुद्वारा, हनुमान मंदिर, वाल्मीकि मंदिर स्थित हैं। प्राचीन संकटादेवी मार्ग को भी यह रास्ता जोड़ता है। इसके अलावा यह रोड उपडाकघर, कुंवर खुशवक्त राय इंटर कॉलेज, भगवानदीन आर्य कन्या इंटर कॉलेज, आर्य कन्या इंटर कॉलेज, भगवानदीन आर्य कन्या स्नातकोत्तर महाविद्यालय, सरस्वती शिशु मंदिर, सनातन धर्म सरस्वती बालिका इंटर कॉलेज का भी यही रास्ता है।
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दिन भर व्यस्त रहती है यह सड़क
मेन रोड और मुख्य बाजार को जोड़ने वाली सड़क होने से इस सड़क पर दिन भर भारी आवागमन बना रहता है। स्कूल खुलने के समय और बंद होने के समय तो इस सड़क पर इतनी ज्यादा भीड़ हो जाती है कि लोगों का निकलना तक मुश्किल हो जाता है। इस रोड पर कपड़ा, इलेक्ट्रानिक, मिठाई की दुकानें, टेंट हाउस, बैटरी, इनवर्टर और कबाड़ियों की कई दुकाने हैं। कुल मिलाकर इस रोड पर भरा पूरा बाजार है।
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ऊबड़-खाबड़ सड़क पर गुजरना मुश्किल
करीब पांच साल पहले बनी यह सड़क इतने कम समय में ही टूट कर पूरी तरह खराब हो गई है। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे हैं। इन गड्ढों से होकर गुजरना मुश्किल होता है। इस पर गुजरने वाले वाहन कुछ ही समय में बेकार हो जाते हैं। यह सड़क बेहद संकरी है, ऊपर से अतिक्रमण के कारण सड़क की चौड़ाई और भी कम हो गई है। यदि एक भी चौपहिया वाहन इस रोड पर आ जाए तो जाम लग जाता है। इससे स्कूल जाने वाले बच्चे लेट होते हैं।
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परेशान हैं यहां के लोग और व्यवसाई
सड़क जर्जर होने से इस रोड के किनारे रहने वाले और व्यवसाय करने वाले लोग बेहद परेशान हैं। उनका कहना है कि जब इस सड़क पर निकलना मुश्किल है तो व्यवसाय करना कितना मुश्किल होगा, आसानी से अंदाजा लगाया जा सकता है। इस रोड के किनारे रहने वाले इमरान कहते हैं सड़क इतनी जर्जर है कि निकलना तक मुश्किल है। इस रोड पर व्यवसाय करने वाले अशफाक हुसैन कहते हैं कि सड़क पर बाइक खड़े करने की जगह नहीं लोग यहां खरीददारी करना पसंद नहीं करते। हरपाल सिंह का कहना है कि इस जर्जर सड़क पर इतना ज्यादा ट्रैफिक है कि रुक कर खरीददारी करना मुश्किल है। व्यवसाई रंजीत कहते हैं कि सड़क जल्दी न बनी तो इस रोड पर व्यवसाय करना मुश्किल हो जाएगा।
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वर्जन.....
मेला रोड से गुरुद्वारा रोड होते हुए मेनरोड को जोड़ने वाली सड़क काफी जर्जर हो चुकी है। इस रोड का निर्माण प्रस्तावित है। जल्दी ही सड़क का निर्माण कराया जाएगा।
-डॉ. इरा श्रीवास्तव, अध्यक्ष नगर पालिका, लखीमपुर