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‘जल, जंगल और जमीन से उजाड़े जा रहे गरीब’
Updated Wed, 09 Aug 2017 04:59 PM IST
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लखीमपुर खीरी। भाकपा माले और अखिल भारतीय किसान महासभा ने राष्ट्रीय आह्वान पर बुधवार को जुलूस निकालने के बाद नसीरुद्दीन मौजी भवन में सभा की। सभा में वक्ताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा पूंजीपतियों के हाथों बिक चुकी है। भाजपा देश को देशी-विदेशी पूंजीपतियों के हाथ बेच रही है।
धरना सभा को संबोधित करते हुए भाकपा माले केंद्रीय कमेटी सदस्य कृष्णा अधिकारी ने कहा कि 1942 अगस्त क्रांति का ऐतिहासिक दिन आज के दौर में प्रासंगिक हो गया है। कहा कि आजादी की लड़ाई में जिनका कोई सरोकार नहीं है वह आज केंद्र और प्रदेश सरकार में आसीन है। उनके हाथों में शहीदों की कुर्बानी से हासिल आजादी, लोकतंत्र और संविधान खतरे में है।
कृष्णा अधिकारी ने कहा कि जंगल, जमीन, जलाशयों से गरीबों और दलितों और जीएसटी लागू कर बड़ी कंपनियों को स्थापित करने के लिए छोटे दुकानदारों को उजाड़ा जा रहा है। भाजपा की इन जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों पर गोली चलाकर नरसंहार और विस्थापन के खिलाफ धरने पर बैठी मेघा पाटेकर को गिरफ्तार किया गया लेकिन इससे आंदोलन कमजोर नहीं होगा। किसान महासभा के नेता रामदरस ने कहा कि भाजपा ने आते ही गरीबों, दलितों पर हमले तेज कर दिए हैं। इस सरकार के आते ही भूमाफियाओं के बजाय गरीबों को उजाड़ने का फरमान जारी कर दिया है। इसके खिलाफ जनता खड़ी होकर इसे सत्ता से उखाड़ फेंकेगी। माले के वरिष्ठ नेता कमलेश रॉय ने कहा कि केेंद्र और राज्य सरकारें जातीय उन्माद के उत्पादन की सरकार है। इनके सत्ता में आते ही अल्पसंख्यकों, दलितों और महिलाओं पर अत्याचार बढ़े हैं। इसके लिए हमें आगे आना होगा। सभा को सीताराम, रंजीत, राम किशुन, जवाहर, गजेंद्र ने संबोधित किया। अध्यक्षता राम दुलारे भारतीय ने की।
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धरना सभा को संबोधित करते हुए भाकपा माले केंद्रीय कमेटी सदस्य कृष्णा अधिकारी ने कहा कि 1942 अगस्त क्रांति का ऐतिहासिक दिन आज के दौर में प्रासंगिक हो गया है। कहा कि आजादी की लड़ाई में जिनका कोई सरोकार नहीं है वह आज केंद्र और प्रदेश सरकार में आसीन है। उनके हाथों में शहीदों की कुर्बानी से हासिल आजादी, लोकतंत्र और संविधान खतरे में है।
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कृष्णा अधिकारी ने कहा कि जंगल, जमीन, जलाशयों से गरीबों और दलितों और जीएसटी लागू कर बड़ी कंपनियों को स्थापित करने के लिए छोटे दुकानदारों को उजाड़ा जा रहा है। भाजपा की इन जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों पर गोली चलाकर नरसंहार और विस्थापन के खिलाफ धरने पर बैठी मेघा पाटेकर को गिरफ्तार किया गया लेकिन इससे आंदोलन कमजोर नहीं होगा। किसान महासभा के नेता रामदरस ने कहा कि भाजपा ने आते ही गरीबों, दलितों पर हमले तेज कर दिए हैं। इस सरकार के आते ही भूमाफियाओं के बजाय गरीबों को उजाड़ने का फरमान जारी कर दिया है। इसके खिलाफ जनता खड़ी होकर इसे सत्ता से उखाड़ फेंकेगी। माले के वरिष्ठ नेता कमलेश रॉय ने कहा कि केेंद्र और राज्य सरकारें जातीय उन्माद के उत्पादन की सरकार है। इनके सत्ता में आते ही अल्पसंख्यकों, दलितों और महिलाओं पर अत्याचार बढ़े हैं। इसके लिए हमें आगे आना होगा। सभा को सीताराम, रंजीत, राम किशुन, जवाहर, गजेंद्र ने संबोधित किया। अध्यक्षता राम दुलारे भारतीय ने की।
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