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मां सीता ने श्रीराम को पहनाई वरमाला, बरसे फूल
Updated Mon, 25 Sep 2017 11:52 PM IST
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मां सीता ने श्रीराम को पहनाई वरमाला, बरसे फूल
- फोटो : लखीमपुर खीरी, अमर उजाला
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लखीमपुर खीरी।
शहर की एतिहासिक रामलीला में धनुष भंग होने के बाद सोमवार को भव्य राम बारात निकाली गई। राम बारात शहर में भ्रमण करती हुई फिर मथुरा भवन पहुंची जहां रात में राम-सीता विवाह का आनंदोत्सव मनाया गया। राम बारात के स्वागत के लिए पूरे शहर को तोरण द्वारों और बिजली की रंग बिरंगी झालरों से सजाया गया था। राम बारात देखने के लिए सड़क के दोनों ओर महिलाओं, पुरुषों और बच्चों की भीड़ मौजूद थी, जो बारात पर फूलों की बरसात कर रही थी।
रामलीला में सीता स्वयंवर में बड़े-बड़े योद्धा और राजा धनुष को उठाने का प्रयास करते हैं लेकिन कोई भी उसे हिला तक नहीं सका। अंत में ऋषि विश्वामित्र की आज्ञा से राम धनुष उठाने को आगे बढ़ते हैं। राम जैसे ही धनुष उठाकर प्रत्यंचा चढ़ाते हैं, धनुष टूट जाता है। हर तरफ हो रही हर्ष ध्वनि के बीच सीता जी प्रभु श्री राम के गले में जयमाल डाल देती हैं। इसी बीच वहां परशुराम आते हैं और शिव का टूटा धनुष देख बहुत क्रोधित होते हैं। इस दौरान परशुराम-लक्ष्मण संवाद काफी प्रभावशाली रहा।
सोमवार शाम मथुरा भवन से बैंड बाजों के साथ भव्य राम बारात निकली। रथों पर राम, लक्ष्मण, भरत व शत्रुघ्न की सवारी के दर्शन को लोग उमड़ पड़े। बारात में राजा दशरथ, गुरु वशिष्ठ, ऋषि विश्वामित्र के अलावा सभी देवी-देवताओं की सवारियां शामिल रहीं। भव्य आतिशबाजी के साथ बारात मेन रोड, संकटा देवी रोड, मेला रोड, मेला मैदान होती हुई फिर मथुरा भवन पहुंची। जहां रात में राम व सीता के विवाह के प्रसंग का भव्य मंचन किया गया। इस मौके पर हजारों दर्शक मौजूद रहे।
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गोला गोकर्णनाथ। छोटी काशी के श्री रामलीला महोत्सव में धनुष यज्ञ की लीला हुई, जिसमें मां सीता द्वारा भगवान श्रीराम को वरमाला पहनाने का मंचन हुआ। वहीं श्रीराम बारात धूमधाम से नगर में निकलेगी। जिसका विभिन्न स्थानों पर नागरिकों द्वारा स्वागत किया जाएगा। वहीं श्रीरामलीला महोत्सव में भगवान श्रीराम की बारात नगर की सड़कों पर धूमधाम से निकली है।
श्रीराम की बारात देर शाम बैंडबाजों और झांकियों के साथ मिल रोड, सदर चौराहा होते हुए खुटार रोड, मोहम्मदी रोड, अलीगंज रोड, लखीमपुर रोड पर निकली। बारात भगवान शिव, पार्वती, बासुदेव, श्रीराधाकृष्ण, हनुमानजी की झांकी के साथ वाहनों पर कलाकार नृत्य करते हुए चल रहे थे। बारात देखने के लिए नगरवासी उमड़ पड़े। इस मौके पर श्रीरामलीला कमेटी के जनार्दन गिरि, राजेश आनंद मिन्नी, रामचंद्र रस्तोगी आदि मौजूद रहे।
आज निकलेगी राम बारात
पलियाकलां। शहर के रामलीला मेला मैदान में श्री रामलीला दशहरा मेले का आयोजन धूमधाम के साथ किया जा रहा है। 21 सितंबर को पूजन अर्चन के साथ शुरू हुए मेले में 26 सितंबर को भव्य राम बरात निकाली जाएगी। दो अक्तूबर को रावण वध और भरत मिलाप का मंचन करते हुए रावण का पुतला दहन होगा। चार अक्तूबर को कवि सम्मेलन के आयोजन के साथ दशहरा मेले का समापन कर दिया जाएगा।
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शहर की एतिहासिक रामलीला में धनुष भंग होने के बाद सोमवार को भव्य राम बारात निकाली गई। राम बारात शहर में भ्रमण करती हुई फिर मथुरा भवन पहुंची जहां रात में राम-सीता विवाह का आनंदोत्सव मनाया गया। राम बारात के स्वागत के लिए पूरे शहर को तोरण द्वारों और बिजली की रंग बिरंगी झालरों से सजाया गया था। राम बारात देखने के लिए सड़क के दोनों ओर महिलाओं, पुरुषों और बच्चों की भीड़ मौजूद थी, जो बारात पर फूलों की बरसात कर रही थी।
रामलीला में सीता स्वयंवर में बड़े-बड़े योद्धा और राजा धनुष को उठाने का प्रयास करते हैं लेकिन कोई भी उसे हिला तक नहीं सका। अंत में ऋषि विश्वामित्र की आज्ञा से राम धनुष उठाने को आगे बढ़ते हैं। राम जैसे ही धनुष उठाकर प्रत्यंचा चढ़ाते हैं, धनुष टूट जाता है। हर तरफ हो रही हर्ष ध्वनि के बीच सीता जी प्रभु श्री राम के गले में जयमाल डाल देती हैं। इसी बीच वहां परशुराम आते हैं और शिव का टूटा धनुष देख बहुत क्रोधित होते हैं। इस दौरान परशुराम-लक्ष्मण संवाद काफी प्रभावशाली रहा।
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सोमवार शाम मथुरा भवन से बैंड बाजों के साथ भव्य राम बारात निकली। रथों पर राम, लक्ष्मण, भरत व शत्रुघ्न की सवारी के दर्शन को लोग उमड़ पड़े। बारात में राजा दशरथ, गुरु वशिष्ठ, ऋषि विश्वामित्र के अलावा सभी देवी-देवताओं की सवारियां शामिल रहीं। भव्य आतिशबाजी के साथ बारात मेन रोड, संकटा देवी रोड, मेला रोड, मेला मैदान होती हुई फिर मथुरा भवन पहुंची। जहां रात में राम व सीता के विवाह के प्रसंग का भव्य मंचन किया गया। इस मौके पर हजारों दर्शक मौजूद रहे।
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गोला गोकर्णनाथ। छोटी काशी के श्री रामलीला महोत्सव में धनुष यज्ञ की लीला हुई, जिसमें मां सीता द्वारा भगवान श्रीराम को वरमाला पहनाने का मंचन हुआ। वहीं श्रीराम बारात धूमधाम से नगर में निकलेगी। जिसका विभिन्न स्थानों पर नागरिकों द्वारा स्वागत किया जाएगा। वहीं श्रीरामलीला महोत्सव में भगवान श्रीराम की बारात नगर की सड़कों पर धूमधाम से निकली है।
श्रीराम की बारात देर शाम बैंडबाजों और झांकियों के साथ मिल रोड, सदर चौराहा होते हुए खुटार रोड, मोहम्मदी रोड, अलीगंज रोड, लखीमपुर रोड पर निकली। बारात भगवान शिव, पार्वती, बासुदेव, श्रीराधाकृष्ण, हनुमानजी की झांकी के साथ वाहनों पर कलाकार नृत्य करते हुए चल रहे थे। बारात देखने के लिए नगरवासी उमड़ पड़े। इस मौके पर श्रीरामलीला कमेटी के जनार्दन गिरि, राजेश आनंद मिन्नी, रामचंद्र रस्तोगी आदि मौजूद रहे।
आज निकलेगी राम बारात
पलियाकलां। शहर के रामलीला मेला मैदान में श्री रामलीला दशहरा मेले का आयोजन धूमधाम के साथ किया जा रहा है। 21 सितंबर को पूजन अर्चन के साथ शुरू हुए मेले में 26 सितंबर को भव्य राम बरात निकाली जाएगी। दो अक्तूबर को रावण वध और भरत मिलाप का मंचन करते हुए रावण का पुतला दहन होगा। चार अक्तूबर को कवि सम्मेलन के आयोजन के साथ दशहरा मेले का समापन कर दिया जाएगा।