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Kushinagar News: 28 मॉडल गांवों में हुए विकास कार्यों की होगी जांच
Sat, 05 Jul 2025 01:00 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Sat, 05 Jul 2025 01:00 AM IST
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पडरौना। कलक्ट्रेट सभागार में शुक्रवार को जिला स्वच्छता समिति व दिव्यांगता समिति की बैठक हुई। इसमें डीएम ने जिले के 28 मॉडल गांव में कराए गए विकास कार्यों की जांच करने की बात कही।
बैठक में कूड़ा निस्तारण, ई-रिक्शा चालकों की नियुक्ति, व्यक्तिगत शौचालय निर्माण और जिओ टैगिंग में आ रही दिक्कत के बारे में डीपीआरओ ने विस्तार से जानकारी दी। डीएम महेंद्र सिंह जिले के मॉडल गांव में हुए विकास कार्यों की जांच की गई जाएगी।
यदि उनका कार्य बेहतर होगा तो उसी मॉडल पर जिले के अन्य गांव में विकास कार्य कराए जाएंगे। डीएम ने सामुदायिक शौचालयों के निर्माण कार्य, केयर टेकर का भुगतान का समय पर निर्देश देते हुए कहा कि तीन माह से अधिक लंबित भुगतान पर संबंधित को नोटिस दें।
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यदि तीन बार नोटिस देने के बाद कार्रवाई न हो तो संबंधित को निलंबित करें। समीक्षा दौरान तालाबों के सुंदरीकरण कार्य सहित सभी गांव में सरकारी योजनाओं से आच्छादित लाभार्थियों की सूची बनाने, पंचायत सहायकों के मानदेय भुगतान में देरी करने पर संबंधित को तीन बार नोटिस देकर निलंबित करने, बहुउद्देशीय पंचायत भवन निर्माण, अंत्येष्ठि स्थल निर्माण, ग्राम प्रधानों के विरुद्ध प्राप्त शिकायतों एवं उसका निस्तारण आदि का निर्देश दिए। डीएम ने निर्माण कार्यों सहित अन्य कार्यों के लिए टेंडर की प्रक्रिया में सजगकता बरतने के लिए बीडीओ को निर्देश देते हुए विकास कायों में आने वाली बाध को दूर करने में सहयोग करने का आश्वासन दिया।
इस दौरान सीडीओ गुंजन द्विवेदी, डीसी मनरेगा राकेश, डीपीआरओ आलोक प्रियदर्शी, जिला दिव्यागंजन सशक्तिकरण अधिकारी अभय पांडेय, डीएसओ कृष्ण कुमार तिवारी आदि मौजूद रहे।
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बैठक में कूड़ा निस्तारण, ई-रिक्शा चालकों की नियुक्ति, व्यक्तिगत शौचालय निर्माण और जिओ टैगिंग में आ रही दिक्कत के बारे में डीपीआरओ ने विस्तार से जानकारी दी। डीएम महेंद्र सिंह जिले के मॉडल गांव में हुए विकास कार्यों की जांच की गई जाएगी।
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यदि उनका कार्य बेहतर होगा तो उसी मॉडल पर जिले के अन्य गांव में विकास कार्य कराए जाएंगे। डीएम ने सामुदायिक शौचालयों के निर्माण कार्य, केयर टेकर का भुगतान का समय पर निर्देश देते हुए कहा कि तीन माह से अधिक लंबित भुगतान पर संबंधित को नोटिस दें।
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यदि तीन बार नोटिस देने के बाद कार्रवाई न हो तो संबंधित को निलंबित करें। समीक्षा दौरान तालाबों के सुंदरीकरण कार्य सहित सभी गांव में सरकारी योजनाओं से आच्छादित लाभार्थियों की सूची बनाने, पंचायत सहायकों के मानदेय भुगतान में देरी करने पर संबंधित को तीन बार नोटिस देकर निलंबित करने, बहुउद्देशीय पंचायत भवन निर्माण, अंत्येष्ठि स्थल निर्माण, ग्राम प्रधानों के विरुद्ध प्राप्त शिकायतों एवं उसका निस्तारण आदि का निर्देश दिए। डीएम ने निर्माण कार्यों सहित अन्य कार्यों के लिए टेंडर की प्रक्रिया में सजगकता बरतने के लिए बीडीओ को निर्देश देते हुए विकास कायों में आने वाली बाध को दूर करने में सहयोग करने का आश्वासन दिया।
इस दौरान सीडीओ गुंजन द्विवेदी, डीसी मनरेगा राकेश, डीपीआरओ आलोक प्रियदर्शी, जिला दिव्यागंजन सशक्तिकरण अधिकारी अभय पांडेय, डीएसओ कृष्ण कुमार तिवारी आदि मौजूद रहे।