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Kushinagar News: हत्याकांड के खुलासे पर संदीप के परिजनों ने उठाए सवाल
Fri, 07 Jun 2024 01:59 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Fri, 07 Jun 2024 01:59 AM IST
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तमकुहीराज। 26 मई को तरयासुजान थाना क्षेत्र के गांव भावपुर निवासी संदीप आर्य (24) हत्याकांड मामले में बृहस्पतिवार को पुलिस ने खुलासा कर दिया और पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। संदीप के परिजनों ने पुलिस के इस खुलासे पर सवाल खड़ा किया है। परिजनों ने नामजद आरोपियों को बचाने के लिए पुलिस पर नई कहानी गढ़ने का आरोप लगाया है। परिजनों का कहना है कि हत्या में शामिल आरोपी थाने पर रोज उठते-बैठते हैं। इस वजह से पुलिस उन्हें बचाने का प्रयास कर रही है।
26 मई की शाम भावपुर निवासी संदीप आर्य (24) की गांव क़े ही मनरेगा पार्क में बुलाकर गोली मारकर हत्या करने के बाद आरोपी सीएचसी सेवरही पहुंचाकर मौके से भाग निकले। बृहस्पतिवार को तमकुहीराज पुलिस ने हत्याकांड का खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को जेल भेज दिया। पुलिस के इस खुलासे पर संदीप के परिजनों ने सवाल उठाये हैं। परिजनों का कहना है कि पुलिस मामले में नामजद छह आरोपियों को बचाने के लिए कहानी गढ़ रही है। नामजद आरोपियों का तरयासुजान थाने में नियमित तौर से उठना-बैठना है और पुलिस से उनके अच्छे संबंध हैं। पुलिस भी इनके घर आती-जाती है। संदीप के पिता अनिरुद्ध पासवान, मां प्रतिमा देवी, चाचा परमार्थी पासवान और रिश्तेदार विनोद पासवान का कहना है कि तरयासुजान पुलिस जानबूझकर नामजद आरोपियों को बचा रही है। जबकि पुलिस ने आश्वासन दिया था कि नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द ही की जाएगी। बुधवार को पुलिस ने तरयासुजान थाने पर भी बुलाया था। करीब 40 की संख्या में लोग पहुंचे थे। पुलिस का रुख बदला हुआ नजर आया और पुलिस ने कहा कि जांच में दूध का दूध और पानी का पानी कर दिया गया है। पांच लोगों ने ही घटना को अंजाम दिया है। पुलिस की बातचीत से अंदाजा लग गया था कि पुलिस नामजद आरोपियों का बचाव कर रही है। जबकि कुछ माह पहले नामजद आरोपियों ने खुलेआम संदीप की गोली मारकर हत्या की धमकी भी दी थी। परिजनों का कहना है कि पुलिस इन सभी बातों को नजर अंदाज कर रही है। पुलिस के खुलासे से वह तनिक भी संतुष्ट नहीं है।
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26 मई की शाम भावपुर निवासी संदीप आर्य (24) की गांव क़े ही मनरेगा पार्क में बुलाकर गोली मारकर हत्या करने के बाद आरोपी सीएचसी सेवरही पहुंचाकर मौके से भाग निकले। बृहस्पतिवार को तमकुहीराज पुलिस ने हत्याकांड का खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को जेल भेज दिया। पुलिस के इस खुलासे पर संदीप के परिजनों ने सवाल उठाये हैं। परिजनों का कहना है कि पुलिस मामले में नामजद छह आरोपियों को बचाने के लिए कहानी गढ़ रही है। नामजद आरोपियों का तरयासुजान थाने में नियमित तौर से उठना-बैठना है और पुलिस से उनके अच्छे संबंध हैं। पुलिस भी इनके घर आती-जाती है। संदीप के पिता अनिरुद्ध पासवान, मां प्रतिमा देवी, चाचा परमार्थी पासवान और रिश्तेदार विनोद पासवान का कहना है कि तरयासुजान पुलिस जानबूझकर नामजद आरोपियों को बचा रही है। जबकि पुलिस ने आश्वासन दिया था कि नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द ही की जाएगी। बुधवार को पुलिस ने तरयासुजान थाने पर भी बुलाया था। करीब 40 की संख्या में लोग पहुंचे थे। पुलिस का रुख बदला हुआ नजर आया और पुलिस ने कहा कि जांच में दूध का दूध और पानी का पानी कर दिया गया है। पांच लोगों ने ही घटना को अंजाम दिया है। पुलिस की बातचीत से अंदाजा लग गया था कि पुलिस नामजद आरोपियों का बचाव कर रही है। जबकि कुछ माह पहले नामजद आरोपियों ने खुलेआम संदीप की गोली मारकर हत्या की धमकी भी दी थी। परिजनों का कहना है कि पुलिस इन सभी बातों को नजर अंदाज कर रही है। पुलिस के खुलासे से वह तनिक भी संतुष्ट नहीं है।
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