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Kushinagar News: सावन के पहले दिन शिवमय हुए शिवालय
Wed, 05 Jul 2023 12:03 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Wed, 05 Jul 2023 12:03 AM IST
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सावन माह के पहले दिन अमवा बाजार भोलेनाथ के मंदिर में जलाभिषेक करते भक्त।संवाद
- सावन के पहले दिन जिले के सभी शिवालयों में गूंजा हर हर महादेव का जयघोष
- दूध, गंगा जल, दही, अक्षत, बेलपत्र समेत अन्य पूजन समाग्री अर्पित कर किया जलाभिषेक
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। श्रावण मास के पहले दिन मंगलवार को जिले के सभी प्रमुख मंदिरों में श्रद्धालुओं ने हरहर महादेव के जयघोष के साथ पूजन कर परिवार के सुख-समृद्धि की कामना की। श्रद्धालुओं ने शिवालयों में दूध, गंगा जल, दही, अक्षत, बेलपत्र समेत अन्य पूजन समाग्री अर्पित कर जलाभिषेक किया। इस दौरान शिवालयों में मेला जैसा माहौल रहा। मंदिर परिसर में शांति व्यवस्था बनाए रखने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पुलिस की तरफ से पर्याप्त पुलिस कर्मी तैनात किए थे।
सिद्घनाथ शविमंदिर आदि अन्य शिवमंदिरों में रंगाई-पुताई, सफाई, सजावट आदि का कार्य सोमवार की शाम को ही सभी तैयारी पूरी कर ली गई थी। मंगलवार को मंदिरों में जलाभिषेक और पूजा के लिए आने वाले भक्तों की सुविधा के लिए मंदिरों के गर्भगृह का कपाट भोर में ही खोल दिया गया। भगवान शिव की आरती के बाद श्रद्धालुओं ने देर शाम तक जलाभिषेक किया। कुछ श्रद्धालुओं ने दोपहर बाद रुद्राभिषेक भी कराया। पूजन के बाद लोगों ने मंदिर परिसर में खुली दुकानों से खरीदारी की। सबसे अधिक भीड़ खिलौनों के दुकानों पर थी, जहां बच्चे विभिन्न तरह के खिलाैने खरीद रहे थे। सीसी टीवी कैमरे की मदद से भी गर्भ गृह एवं मंदिर परिसर की निगरानी की।
रामकोला प्रतिनिधि सावन माह की पहले दिन मंगलवार को कस्बा स्थित धर्मसमधा मंदिर परिसर में बने शिमिंदिर में श्रद्धालुओं ने महादेव मंदिर के गर्भगृह में भांग, धतूर, दूध चढ़ाकर जलाभिषेक किया।
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तमकुहीरोड प्रतिनिधि के अनुसार सावन के पहले दिन कस्बा स्थित बाबा पंचेश्वरनाथ शिव मंदिर शिवाघाट, बाबा विंदेश्वरी दास शिव मंदिर पकड़ीयार पूरब पट्टी, विश्वकर्मा शिव मंदिर जवाहर नगर, रामजानकी शिव मंदिर गांधी नगर आदि शिव मंदिरों में श्रद्धाुअलों ने जलाभिषेक कर बेलपत्र, पुष्प, दही, भस्म, भांग, धतूरा, मदार के फूल, चंदन, शहद आदि पूजन सामग्री शिवलिंग पर अर्पित कर पूजन किया। पंडित डॉ. नागेंद्रनाथ द्विवेदी ने बताया कि शिव की आराधना के लिए सावन का महीना श्रेष्ठ होता है। इस साल अधिमास होने से इसका महत्व और बढ़ गया है।
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- दूध, गंगा जल, दही, अक्षत, बेलपत्र समेत अन्य पूजन समाग्री अर्पित कर किया जलाभिषेक
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। श्रावण मास के पहले दिन मंगलवार को जिले के सभी प्रमुख मंदिरों में श्रद्धालुओं ने हरहर महादेव के जयघोष के साथ पूजन कर परिवार के सुख-समृद्धि की कामना की। श्रद्धालुओं ने शिवालयों में दूध, गंगा जल, दही, अक्षत, बेलपत्र समेत अन्य पूजन समाग्री अर्पित कर जलाभिषेक किया। इस दौरान शिवालयों में मेला जैसा माहौल रहा। मंदिर परिसर में शांति व्यवस्था बनाए रखने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पुलिस की तरफ से पर्याप्त पुलिस कर्मी तैनात किए थे।
सिद्घनाथ शविमंदिर आदि अन्य शिवमंदिरों में रंगाई-पुताई, सफाई, सजावट आदि का कार्य सोमवार की शाम को ही सभी तैयारी पूरी कर ली गई थी। मंगलवार को मंदिरों में जलाभिषेक और पूजा के लिए आने वाले भक्तों की सुविधा के लिए मंदिरों के गर्भगृह का कपाट भोर में ही खोल दिया गया। भगवान शिव की आरती के बाद श्रद्धालुओं ने देर शाम तक जलाभिषेक किया। कुछ श्रद्धालुओं ने दोपहर बाद रुद्राभिषेक भी कराया। पूजन के बाद लोगों ने मंदिर परिसर में खुली दुकानों से खरीदारी की। सबसे अधिक भीड़ खिलौनों के दुकानों पर थी, जहां बच्चे विभिन्न तरह के खिलाैने खरीद रहे थे। सीसी टीवी कैमरे की मदद से भी गर्भ गृह एवं मंदिर परिसर की निगरानी की।
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रामकोला प्रतिनिधि सावन माह की पहले दिन मंगलवार को कस्बा स्थित धर्मसमधा मंदिर परिसर में बने शिमिंदिर में श्रद्धालुओं ने महादेव मंदिर के गर्भगृह में भांग, धतूर, दूध चढ़ाकर जलाभिषेक किया।
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तमकुहीरोड प्रतिनिधि के अनुसार सावन के पहले दिन कस्बा स्थित बाबा पंचेश्वरनाथ शिव मंदिर शिवाघाट, बाबा विंदेश्वरी दास शिव मंदिर पकड़ीयार पूरब पट्टी, विश्वकर्मा शिव मंदिर जवाहर नगर, रामजानकी शिव मंदिर गांधी नगर आदि शिव मंदिरों में श्रद्धाुअलों ने जलाभिषेक कर बेलपत्र, पुष्प, दही, भस्म, भांग, धतूरा, मदार के फूल, चंदन, शहद आदि पूजन सामग्री शिवलिंग पर अर्पित कर पूजन किया। पंडित डॉ. नागेंद्रनाथ द्विवेदी ने बताया कि शिव की आराधना के लिए सावन का महीना श्रेष्ठ होता है। इस साल अधिमास होने से इसका महत्व और बढ़ गया है।