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Kushinagar News: देर तक मोबाइल देखने से बचपन में ही लग रहा चश्मा
Fri, 28 Feb 2025 11:44 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Fri, 28 Feb 2025 11:44 PM IST
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पडरौना। बच्चों की मोबाइल की लत से अभिभावक उनकी सेहत को लेकर परेशान हैं। हालत यह है कि चार से 10 साल तक के बच्चे दो से तीन घंटे मोबाइल चला रहे हैं। इससे अधिकतर बच्चों में दूर दृष्टि दोष की समस्या हो रही है। इसकी वजह से बच्चों के छोटे उम्र में ही मोटा चश्मा लगा रहा है। पुरुष एवं नेत्र चिकित्सालय में हर रोज 10 से 15 बच्चे आंखों की समस्या को लेकर डॉक्टर के पास पहुंच रहे हैं।
शुक्रवार को नेत्र रोग विशेषज्ञ व सर्जन डॉ. ए आलम ने बताया कि सर्दी कम होने के बाद भी हर दिन 100 से अधिक मरीजों की ओपीडी हो रही है। इसमें 10 से 15 बच्चों में आंखों की समस्या आ रही है। डॉक्टर ने बताया कि बच्चों के खेलने की जगह अधिकतर समय मोबाइल व टीवी से चिपका रहना, इसका बड़ा कारण है। अभिभावकों को इस ओर ध्यान देने की जरूरत है। इस ओर समय से ध्यान नहीं दिया गया तो आने वाले समय में बच्चों में आंखों संबंधी समस्या बढ़ने से इन्कार नहीं किया जा सकता है। बेटी की आंख दिखाने आए शिवपुर के सत्यम विश्वकर्मा ने बताया कि उनकी सात वर्षीय बेटी शिवांशी स्कूल से आने के बाद सीधे मोबाइल पकड़ती है।
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शुक्रवार को नेत्र रोग विशेषज्ञ व सर्जन डॉ. ए आलम ने बताया कि सर्दी कम होने के बाद भी हर दिन 100 से अधिक मरीजों की ओपीडी हो रही है। इसमें 10 से 15 बच्चों में आंखों की समस्या आ रही है। डॉक्टर ने बताया कि बच्चों के खेलने की जगह अधिकतर समय मोबाइल व टीवी से चिपका रहना, इसका बड़ा कारण है। अभिभावकों को इस ओर ध्यान देने की जरूरत है। इस ओर समय से ध्यान नहीं दिया गया तो आने वाले समय में बच्चों में आंखों संबंधी समस्या बढ़ने से इन्कार नहीं किया जा सकता है। बेटी की आंख दिखाने आए शिवपुर के सत्यम विश्वकर्मा ने बताया कि उनकी सात वर्षीय बेटी शिवांशी स्कूल से आने के बाद सीधे मोबाइल पकड़ती है।
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