कुशीनगर: श्री श्याम निशान यात्रा के पताके में उतरा करंट, चार झुलसे, एक की मौत
रविवार को शहर में श्री श्याम निशान पद यात्रा निकाली गई थी। यात्रा श्याम मंदिर से निकलकर नगर भ्रमण कर रही थी। रामकोला रोड पर आवास विकास कॉलोनी के पास पहुंची ही थे कि सड़क से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की लाइन की चपेट में ध्वज आ गए।
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कुशीनगर शहर में निकाली गई श्री श्याम निशान यात्रा के दौरान रविवार को अचानक एक श्रद्धालु के पताके में करंट उतर गया। उसके बाद वहां अफरा-तफरी मच गई। उस श्रद्धालु को बचाने की कोशिश में तीन अन्य भी करंट की चपेट में आए गए। गंभीर रूप से झुलसे श्रद्घालु को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। अन्य तीन को शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहां इलाज के बाद हालत में सुधार होने पर डॉक्टर ने तीनों लोगों को घर भेज दिया।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत फाल्गुन मास की एकादशी के अवसर पर रविवार को शहर के श्याम मंदिर से निशान पदयात्रा निकाली गई थी। शहर के युवा और बच्चे हाथ में पताका लेकर अबीर-गुलाल उड़ाते हुए चल रहे थे। भक्तिमय गीत के बीच लोग खांटू श्याम के जयकारे लगाते हुए चल रहे थे। बताया जा रहा है कि निशान यात्रा में शामिल लोग नगर भ्रमण करते हुए दिन के लगभग 11 बजे आवास विकास कॉलोनी के सामने स्थित एक निजी अस्पताल के निकट पहुंचे थे। तभी शहर के ही साहबगंज उत्तरी निवासी पवन बंका के 40 वर्षीय पुत्र प्रभात बंका के हाथ का पताका ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की लाइन के संपर्क में आ गया।
पताके में पाइप लगी होने के कारण उसमें करंट आ गया। प्रभात पताका लेकर गिर पड़े। कहा जा रहा है कि बीच बचाव के दौरान शहर के ही अभिषेक अग्रवाल (28), राधा कनोडिया (32) और शालू अग्रवाल (34) भी करंट की चपेट में आने से झुलस गए। उसके बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। घटनास्थल पर मौजूद लोग प्रभात को तत्काल जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। अन्य घायलों को नगर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज हुआ। हादसे के बाद प्रभात बंका के दरवाजे पर भीड़ एकत्र हो गई। उनके परिवार में चीत्कार मची हुई थी। मौजूद लोग शोकाकुल परिवार को ढांढस बंधा रहे थे।
सड़कें हो गईं ऊंची, तार-पोल नीचे
शहर में सड़कों की ऊंचाई और चौड़ीकरण के कारण बिजली के खंभे और तार काफी नीचे आ गए हैं। यह स्थिति रामकोला रोड, कुबेरस्थान रोड, कसया रोड, जटहां बाजार रोड, मेन बाजार रोड, तिलक चौक सहित कई स्थानों की है। कई जगह तो तार इतनी खराब दशा में हैं कि उन्हें डंडे के सहारे बांधा गया है। जहां यह हादसा हुआ, वहां सड़क ऊंची हो गई है, लेकिन तार-पोल पहले की दशा में ही हैं। हादसे की वजह असावधानी और इस तरह के तार-पोल ऊंचा न किया जाना भी लोग बता रहे हैं।
उत्सव का माहौल बदल गया मातम में
बताया जाता है कि मारवाड़ी समाज की तरफ से वर्ष 2017 में श्याम मंदिर की स्थापना और प्राण प्रतिष्ठा की गई थी। तभी से प्रत्येक वर्ष फाल्गुन मास की एकादशी को श्री श्याम निशान पदयात्रा निकाली जाती है। शहर के मारवाड़ी समाज के अलावा दूर से भी लोग इसमें शामिल होते हैं। यह आयोजन भव्य तरीके से होता है। उत्सव का वातावरण होता है। इस बार भी भव्य तरीके से यह निशानयात्रा निकाली गई थी, लेकिन हादसे के बाद पूरा वातावरण मातम में तब्दील हो गया। कोई जिला अस्पताल, कोई निजी अस्पताल तो कोई मृतक प्रभात बंका के घर पहुंचकर ढांढस बंधा रहा था।
पूर्व केंद्रीय गृह राज्यमंत्री ने जताया शोक
मारवाड़ी समाज की तरफ से रविवार को निकाली गई निशान यात्रा के दौरान करंट से व्यवसायी प्रभात बंका के निधन पर पूर्व केंद्रीय गृह राज्यमंत्री आरपीएन सिंह ने शोक जताया है। उन्होंने करंट की चपेट में आए लोगों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की है। रविवार को नगर में श्री श्याम निशान पद यात्रा निकाली गई थी। नगर के रामकोला रोड पर एचटी लाइन की चपेट में आने से प्रभात बंका की मौत हो गई, जबकि दो महिलाओं सहित तीन लोग घायल हो गए थे।