{"_id":"66dc00ba30086dbeac03740a","slug":"in-kushinagar-the-police-have-suspended-one-constable-and-arrested-two-people-in-the-case-of-selling-a-child-2024-09-07","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Kushinagar News: बच्चा सकुशल लौटा, बेबसी में बेच दिया था नवजात-एक पुलिसकर्मी निलंबित; 2 गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kushinagar News: बच्चा सकुशल लौटा, बेबसी में बेच दिया था नवजात-एक पुलिसकर्मी निलंबित; 2 गिरफ्तार
Sat, 07 Sep 2024 01:02 PM IST
रोहित सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Published by: रोहित सिंह
Updated Sat, 07 Sep 2024 01:02 PM IST
सार
कुशीनगर में शुक्रवार को नवजात और पत्नी को अस्पताल से छुड़ान के लिए 20 हजार रुपये में युवक ने अपना बेटा बेच दिया था। मामले का संज्ञान लेकर शनिवार को ही पुलिस ने 3 वर्ष के नवजात बच्चे को बरामद कर लिया है। मामले में एक पुलिस आरक्षी को निलंबित करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। बच्चे के सकुशल परिजनों को सुपूर्द कर दिया गया है।
विज्ञापन
जानकारी देते सीओ तमकुहीराज
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
कुशीनगर में शुक्रवार को नवजात और पत्नी को अस्पताल से छुड़ान के लिए 20 हजार रुपये में युवक ने अपना बेटा बेच दिया था। मामले का संज्ञान लेकर शनिवार को ही पुलिस ने 3 वर्ष के नवजात बच्चे को बरामद कर लिया है। मामले में एक पुलिस आरक्षी को निलंबित करते हुए दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। बच्चे के सकुशल परिजनों को सुपूर्द कर दिया गया है। क्षेत्राधिकारी तमकुहीराज ने प्रेस वार्ता कर इसकी जानकारी दी है।
विज्ञापन
दरअसल, बरवा पट्टी क्षेत्र में एक गांव के गरीब को अस्पताल से पत्नी और नवजात को छुड़ाने के लिए अपना दो साल का बेटा बेचना पड़ा। क्षेत्र के एक निजी अस्पताल में नॉर्मल प्रसव के बाद संचालक ने चार हजार रुपये मांगे। तत्काल रुपये नहीं मिलने पर प्रसूता और नवजात को बंधक बना लिया गया।
विज्ञापन
बेबस पिता ने नवजात और पत्नी को अस्पताल से छुड़ाने के लिए अपने दो साल के बेटे को बेच दिया। घर पहुंचने पर पत्नी ने जब दो साल के बेटे को तलाशना शुरू किया तो पति की आंखें छलक उठीं और पूरी बात बताई। मामले में एक पुलिस की भूमिका भी संदिग्ध मिली थी।
विज्ञापन
जानकारी के मुताबिक, गांव में बच्चा बेचने का शोर मचा तो एक सिपाही पीड़ित के घर बाइक से पहुंचा और कार्रवाई की धौंस देकर पांच हजार रुपये लेकर चला गया। पीड़ित ने गांव वालों से शुक्रवार की शाम यह बात कही। सिपाही की इस करतूत की चर्चा गांव वालों में भी है।
लक्ष्मीना बच्चे को घर लाने की जिद पर अड़ी है, लेकिन रुपये खर्च होने के चलते पति बच्चे को लाने में असमर्थता जता रहा है। गांव वालों ने बताया कि छठवें बच्चे को लक्ष्मीना ने जन्म दिया है। परिवार की आर्थिक हालत बहुत कमजोर है। दो वक्त की रोटी भी सही से नहीं मिलता है।