{"_id":"62bf3d825a90533fae27766c","slug":"e-malkhana-will-be-built-in-the-police-stations-the-evidence-will-be-safe-kushinagar-news-gkp4423118191","type":"story","status":"publish","title_hn":"थानों में ई - मालखाना, सुरक्षित रहेंगे सबूत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
थानों में ई - मालखाना, सुरक्षित रहेंगे सबूत
विज्ञापन
थानों में बनेगा ई-मालखाना, सुरक्षित रहेंगे सबूत
पुलिस के साथ- साथ जनता भी पा सकेगी जानकारी
- ई मालखाना मैनेजमेंट सिस्टम से बरामद माल की जानकारी का डाटा होगा तैयार
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना (कुशीनगर)।थानों के मालखानों में जमा सबूतों की निगरानी आधुनिक तरीके से होगी। थानों के हेड मुहर्रिर को रजिस्टर में लिखापढ़ी से निजात दिलाने की कवायद शुरू की गई है। थानों में जिस तरह से प्राथमिक दर्ज करने की व्यवस्था आनलाइन की गई है। उसी तरह से मालखानों का रिकॉर्ड भी एक बटन दबाते ही उपलब्ध हो जाएगा। यह सब कुछ जल्द ही थानों में ई-मालखाना मैनेजमेंट सिस्टम से शुरू हो जाएगा। एसपी धवल जायसवाल ने बताया कि शासन के निर्देश पर इस प्रक्रिया को पूरा किया जाएगा। इससे मालखानों का रिकार्ड खंगालने में दिक्कत नहीं होगी। मुकदमों से संबंधित हर माल की निगरानी में आसानी होगी।
किसी भी घटना चोरी, डकैती, लूट, हत्या सहित अन्य मामलों में पुलिस सबूत जुटाती है। साथ ही अभियुक्तों की गिरफ्तारी पर उनके पास से बरामद अवैध सामग्री को भी थानों के माल मुकदमाती रजिस्टर में दर्ज करके मालखाना में सुरक्षित रख दिया जाता है। आवश्यकता पड़ने पर उनको कोर्ट में पेश किया जाता है। कोर्ट में प्रक्रिया पूरी होने के बाद बरामद माल को नष्ट करने के संबंध में कार्रवाई होती है। ऐसे में कई साल तक थानों के मालखानों में बरामद माल पड़े रहते हैं जिससे मालखाना का चार्ज संभालने वाले हेड मुहर्रिर को कई दिनों तक लिखापढ़ी करनी पड़ती है। इसलिए उत्तर प्रदेश में सभी थानों के मालखानों को ई-मालखाना मैनेजमेंट सिस्टम से जोड़ने की कवायद हुई है। इसका फायदा आमजन को भी मिल सकेगा। इससे थानों में जमा माल के बदलने का खतरा नहीं रहेगा। पुलिस के साथ साथ अन्य लोग इसका रिकार्ड जान सकेंगे। चार्ज बदलने के दौरान मालखाना मुंशी को भी आसानी होगी। हिरासत में लेने की कड़ी का पालन करते हुए कोर्ट में आरोपी को सजा दिलाने में मदद मिलेगी।
0000
पुलिस विभाग को नए संसाधनों से लैस करने की प्रक्रिया जारी है। इस संबंध में कार्रवाई की जा रही है। इसका फायदा होगा कि मालखाना की पूरी जानकारी पलभर में उपलब्ध हो जाएगी। जल्द ही सभी थाने इस प्रक्रिया से जुड़ जाएंगे।
विज्ञापन
धवल कुमार, एसपी कुशीनगर
विज्ञापन
पुलिस के साथ- साथ जनता भी पा सकेगी जानकारी
- ई मालखाना मैनेजमेंट सिस्टम से बरामद माल की जानकारी का डाटा होगा तैयार
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना (कुशीनगर)।थानों के मालखानों में जमा सबूतों की निगरानी आधुनिक तरीके से होगी। थानों के हेड मुहर्रिर को रजिस्टर में लिखापढ़ी से निजात दिलाने की कवायद शुरू की गई है। थानों में जिस तरह से प्राथमिक दर्ज करने की व्यवस्था आनलाइन की गई है। उसी तरह से मालखानों का रिकॉर्ड भी एक बटन दबाते ही उपलब्ध हो जाएगा। यह सब कुछ जल्द ही थानों में ई-मालखाना मैनेजमेंट सिस्टम से शुरू हो जाएगा। एसपी धवल जायसवाल ने बताया कि शासन के निर्देश पर इस प्रक्रिया को पूरा किया जाएगा। इससे मालखानों का रिकार्ड खंगालने में दिक्कत नहीं होगी। मुकदमों से संबंधित हर माल की निगरानी में आसानी होगी।
किसी भी घटना चोरी, डकैती, लूट, हत्या सहित अन्य मामलों में पुलिस सबूत जुटाती है। साथ ही अभियुक्तों की गिरफ्तारी पर उनके पास से बरामद अवैध सामग्री को भी थानों के माल मुकदमाती रजिस्टर में दर्ज करके मालखाना में सुरक्षित रख दिया जाता है। आवश्यकता पड़ने पर उनको कोर्ट में पेश किया जाता है। कोर्ट में प्रक्रिया पूरी होने के बाद बरामद माल को नष्ट करने के संबंध में कार्रवाई होती है। ऐसे में कई साल तक थानों के मालखानों में बरामद माल पड़े रहते हैं जिससे मालखाना का चार्ज संभालने वाले हेड मुहर्रिर को कई दिनों तक लिखापढ़ी करनी पड़ती है। इसलिए उत्तर प्रदेश में सभी थानों के मालखानों को ई-मालखाना मैनेजमेंट सिस्टम से जोड़ने की कवायद हुई है। इसका फायदा आमजन को भी मिल सकेगा। इससे थानों में जमा माल के बदलने का खतरा नहीं रहेगा। पुलिस के साथ साथ अन्य लोग इसका रिकार्ड जान सकेंगे। चार्ज बदलने के दौरान मालखाना मुंशी को भी आसानी होगी। हिरासत में लेने की कड़ी का पालन करते हुए कोर्ट में आरोपी को सजा दिलाने में मदद मिलेगी।
विज्ञापन
0000
पुलिस विभाग को नए संसाधनों से लैस करने की प्रक्रिया जारी है। इस संबंध में कार्रवाई की जा रही है। इसका फायदा होगा कि मालखाना की पूरी जानकारी पलभर में उपलब्ध हो जाएगी। जल्द ही सभी थाने इस प्रक्रिया से जुड़ जाएंगे।
विज्ञापन
धवल कुमार, एसपी कुशीनगर