{"_id":"675f23bf9d1eba9bb30a5e34","slug":"blower-and-room-heater-increased-the-electricity-load-increased-the-problem-of-low-voltage-in-many-localities-kushinagar-news-c-205-1-ksh1001-128309-2024-12-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kushinagar News: ब्लोअर और रूम हीटर ने बढ़ाया बिजली का लोड... कई मोहल्लों में बढ़ा लो-वोल्टेज का संकट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kushinagar News: ब्लोअर और रूम हीटर ने बढ़ाया बिजली का लोड... कई मोहल्लों में बढ़ा लो-वोल्टेज का संकट
Mon, 16 Dec 2024 12:15 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Mon, 16 Dec 2024 12:15 AM IST
विज्ञापन
पडरौना। गलन भरी ठंड का असर अब बिजली आपूर्ति पर भी पड़ने लगा है। कई मोहल्लों में लो-वोल्टेज से परेशानी बढ़ गई है। विभाग के जिम्मेदार घरों और दफ्तरों में ब्लोअर व रूम हीटर चलने को इसकी प्रमुख वजह बता रहे हैं। लोगों की चिंता है कि अभी हल्की ठंड में वोल्टेज का यह हाल है तो कड़ाके की ठंड शुरू होने पर उनकी परेशानी और बढ़ जाएगी।
शहर में करीब 40 हजार बिजली उपभोक्ता हैं। बिजली निगम के अनुसार, कनेक्शन के अनुसार 115 एमवीए बिजली खपत होनी चाहिए। लेकिन, सीजन के अनुसार लोग लोड से अधिक बिजली खपत करते हैं। ऐसे में लो-वोल्टेज की समस्या बढ़ गई है। शहर के राजपूत कॉलोनी, राधाकृष्ण कॉलोनी, बेलवा जंगल, मटिहनिया, परशुराम नगर सहित अन्य क्षेत्रों में नई कॉलोनियां तेजी से विकसित हो रही हैं। इन इलाकों में बिजली के कनेक्शन तो बढ़ते गए। लेकिन, ट्रांसफॉर्मरों की क्षमता वृद्धि बिजली की मांग के अनुसार नहीं की गई। लोग करीब 100 मीटर दूर बांस-बल्ली या अन्य मोहल्लों में लंबे केबल के सहारे बिजली का उपयोग कर रहे हैं।
इन क्षेत्रों में यह समस्या सिर्फ इस समय नहीं है, बल्कि गर्मी में एसी चलने के कारण भी दिक्कत बढ़ी थी। अब रूम हीटर, इमर्शन रॉड, ब्लोअर परेशानी का कारण बने हैं। शहर के बेलवा चुंगी के दुकानदार राजेश चौरसिया ने बताया कि लोग जरूरत के अनुसार ही बिजली के उपकरण खरीदते हैं। ठंड ने असर दिखाना शुरू किया है तो रूम हीटर, इमर्शन रॉड बिकने लगे हैं। अब बिक्री और बढ़ने की उम्मीद है। धर्मशाला रोड के दुकानदार शिवम सिंह ने बताया कि सामान्य रूम हीटर 500 रुपये में बिक रहा है। जबकि, कम ऑक्सीजन जलाने की क्षमता वाला रूम हीटर 2000 से 3000 रुपये में दिया जा रहा है।
विज्ञापन
कम वोल्टेज से परेशान लोगों ने बताया कि पिछले तीन साल से लो-वोल्टेज की समस्या से परेशान हैं। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों का चक्कर काटने के बाद छह माह पहले कॉलोनी के नाम से 250 केवीए का नया ट्रांसफॉर्मर लगाया। इसके बाद भी कॉलोनीवासियों की बिजली से जुड़ी समस्या दूर नहीं हो पा रही है। लो-वोल्टेज की समस्या दूर करने के लिए कुछ लोग मजबूरन स्टेबिलाइजर लगा रहे हैं।
000000
लो-वोल्टेज की समस्या ठंडी में भी कम नहीं हो रही है। वोल्टेज की समस्या से तंग आकर स्टेबिलाइजर लिया है। यदि लो-वोल्टेज की समस्या नहीं होती तो स्टेबिलाइजर खरीदने के नाम पर अतिरिक्त खर्च नहीं करना पड़ता।
- विशाल शुक्ल, जगदीशपुरम।
000000
शहर में बिजली, पानी और सड़क आदि की सुविधा बेहतर मिलेगी, इसके लिए गांव छोड़कर शहर में आया हूं। बच्चों का नामांकन भी एक स्कूल करा लिया। लेकिन, गांव की तरह यहां भी लो-वोल्टेज की समस्या आ रही है। मकान मालिक से शिकायत की तो उन्होंने स्टेबिलाइजर लगाने से मना कर रहे हैं। उनका कहना है कि बिजली का बिल अधिक आएगा।
- सुनील कुमार मिश्र, जगदीशपुरम
000000
शहर में लो-वोल्टेज की समस्या नहीं है। जहां लो-वोल्टेज की समस्या आ रही हो वहां के उपभोक्ता शिकायत करें। जहां भी समस्या होगी उसका निस्तारण किया जाएगा। जिन मोहल्लों में बिजली के पाेल या तार नहीं लगे हैं। उन मोहल्ले में बिजली के पोल व तार लगवाने के लिए सर्वे कराए जा रहे हैं। सर्वे कार्य पूरा होने पर स्वीकृति के लिए शासन को भेजा जाएगा।
- संजय सागर, एक्सईएन, पडरौना।
विज्ञापन
शहर में करीब 40 हजार बिजली उपभोक्ता हैं। बिजली निगम के अनुसार, कनेक्शन के अनुसार 115 एमवीए बिजली खपत होनी चाहिए। लेकिन, सीजन के अनुसार लोग लोड से अधिक बिजली खपत करते हैं। ऐसे में लो-वोल्टेज की समस्या बढ़ गई है। शहर के राजपूत कॉलोनी, राधाकृष्ण कॉलोनी, बेलवा जंगल, मटिहनिया, परशुराम नगर सहित अन्य क्षेत्रों में नई कॉलोनियां तेजी से विकसित हो रही हैं। इन इलाकों में बिजली के कनेक्शन तो बढ़ते गए। लेकिन, ट्रांसफॉर्मरों की क्षमता वृद्धि बिजली की मांग के अनुसार नहीं की गई। लोग करीब 100 मीटर दूर बांस-बल्ली या अन्य मोहल्लों में लंबे केबल के सहारे बिजली का उपयोग कर रहे हैं।
विज्ञापन
इन क्षेत्रों में यह समस्या सिर्फ इस समय नहीं है, बल्कि गर्मी में एसी चलने के कारण भी दिक्कत बढ़ी थी। अब रूम हीटर, इमर्शन रॉड, ब्लोअर परेशानी का कारण बने हैं। शहर के बेलवा चुंगी के दुकानदार राजेश चौरसिया ने बताया कि लोग जरूरत के अनुसार ही बिजली के उपकरण खरीदते हैं। ठंड ने असर दिखाना शुरू किया है तो रूम हीटर, इमर्शन रॉड बिकने लगे हैं। अब बिक्री और बढ़ने की उम्मीद है। धर्मशाला रोड के दुकानदार शिवम सिंह ने बताया कि सामान्य रूम हीटर 500 रुपये में बिक रहा है। जबकि, कम ऑक्सीजन जलाने की क्षमता वाला रूम हीटर 2000 से 3000 रुपये में दिया जा रहा है।
विज्ञापन
कम वोल्टेज से परेशान लोगों ने बताया कि पिछले तीन साल से लो-वोल्टेज की समस्या से परेशान हैं। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों का चक्कर काटने के बाद छह माह पहले कॉलोनी के नाम से 250 केवीए का नया ट्रांसफॉर्मर लगाया। इसके बाद भी कॉलोनीवासियों की बिजली से जुड़ी समस्या दूर नहीं हो पा रही है। लो-वोल्टेज की समस्या दूर करने के लिए कुछ लोग मजबूरन स्टेबिलाइजर लगा रहे हैं।
000000
लो-वोल्टेज की समस्या ठंडी में भी कम नहीं हो रही है। वोल्टेज की समस्या से तंग आकर स्टेबिलाइजर लिया है। यदि लो-वोल्टेज की समस्या नहीं होती तो स्टेबिलाइजर खरीदने के नाम पर अतिरिक्त खर्च नहीं करना पड़ता।
- विशाल शुक्ल, जगदीशपुरम।
000000
शहर में बिजली, पानी और सड़क आदि की सुविधा बेहतर मिलेगी, इसके लिए गांव छोड़कर शहर में आया हूं। बच्चों का नामांकन भी एक स्कूल करा लिया। लेकिन, गांव की तरह यहां भी लो-वोल्टेज की समस्या आ रही है। मकान मालिक से शिकायत की तो उन्होंने स्टेबिलाइजर लगाने से मना कर रहे हैं। उनका कहना है कि बिजली का बिल अधिक आएगा।
- सुनील कुमार मिश्र, जगदीशपुरम
000000
शहर में लो-वोल्टेज की समस्या नहीं है। जहां लो-वोल्टेज की समस्या आ रही हो वहां के उपभोक्ता शिकायत करें। जहां भी समस्या होगी उसका निस्तारण किया जाएगा। जिन मोहल्लों में बिजली के पाेल या तार नहीं लगे हैं। उन मोहल्ले में बिजली के पोल व तार लगवाने के लिए सर्वे कराए जा रहे हैं। सर्वे कार्य पूरा होने पर स्वीकृति के लिए शासन को भेजा जाएगा।
- संजय सागर, एक्सईएन, पडरौना।