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भोजपुरी देश की प्राचीन भाषा : प्रो. जयकांत
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भोजपुरी देश की प्राचीन भाषा : प्रो. जयकांत
भोजपुरी भाषा पर बुद्धजीवियों ने रखे अपने विचार
कसया(कुशीनगर)। भोजपुरी मंच की तरफ से ‘भोजपुरी आज और कल, संविधान की आठवीं अनुसूची में दर्ज करने की खातिर पहल’ विषय पर बुद्ध पीजी कॉलेज के भंते सभागार में रविवार को संगोष्ठी का आयोजन हुआ। इसमें बुद्धजीवियों ने भोजपुरी भाषा पर प्रकाश डाले।
शुभारंभ मां सरस्वती व भोजपुरी सम्राट भिखारी ठाकुर के चित्र के समक्ष पुष्पार्चन व दीप प्रज्ज्वलन से किया गया। कवि निशा राय ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत किया। अजय गिरी, दिनेश तिवारी भोजपुरिया, अश्वनी शुक्ला, रमापति रसिया, राधेश्याम त्यागी आदि ने भोजपुरी भाषा में अपनी रचना प्रस्तुत कर वाहवाही बटोरी।
मुख्य अतिथि एलएस कॉलेज मुजफ्फरपुर के भोजपुरी विभाग के अध्यक्ष प्रो. डॉ. जयकांत सिंह ‘जय’ ने कहा कि भोजपुरी भारतवर्ष की अति प्राचीन एवं जीवंत भाषा है। क्षेत्रफल, जनसंख्या, लोक संस्कृति व लोक साहित्य, लिखित साहित्य आदि की दृष्टि से संस्कृत और तमिल के बाद भोजपुरी सबसे समृद्ध भाषा है। संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने के उद्देश्य से क्षेत्रीय स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर के संगठनों का प्रयास जारी है। सबसे पहले 21 फरवरी 1969 को संसद में इस मांग को रखा गया था। गृह मंत्रालय में इसकी फाइल पड़ी है। जन दबाव और जनप्रतिनिधियों के सामूहिक प्रयास से यह कार्य हो सकता है।
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सिविल कोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष ओम प्रकाश पांडेय, डॉ. जीपी राय, प्रोफेसर डॉ. आमोद राय, डॉ. चंद्रशेखर सिंह, एडवोकेट जलज सिंह, डॉ. ओमप्रकाश राजपुरी, डॉ. उमाकांत राय, प्रधान संघ के जिलाध्यक्ष अकबर अंसारी आदि ने भी विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय भोजपुरी कवि धरीक्षण मिश्र को भी याद किया गया।
अध्यक्षता कुशीनगर भिक्षु संघ के अध्यक्षता एबी ज्ञानेश्वर और आगंतुकों के प्रति आयोजक किसान पीजी कॉलेज के पूर्व प्रबंधक शंभू राय ने आभार ज्ञापित किया। इस मौके पर डॉ. अनिल कुमार सिन्हा, नीलय सिंह, अरुण राय, राजेश राय, डीके राय, प्रहलाद राय, अनुभव कृष्ण, सुरेंद्र राय, अवध ठकुराई, अवधेश राय, रविंद्र मणि, संजय सिंह बघेल, विवेक कुमार, राजेश राय, पुनीत कुमार श्रीवास्तव, सुरेंद्र पांडेय समेत काफी संख्या में लोग मौजूद रहे।
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भोजपुरी मंच मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपेगा
कुशीनगर भोजपुरी मंच के अध्यक्ष शंभू राय ने संगोष्ठी के समापन के बाद बताया कि मंगलवार को एक प्रतिनिधिमंडल जिला मुख्यालय रविंद्रनगर धूस स्थित क्लेक्ट्रेट पहुंचेगा। वहां डीएम से भेंटकर भोजपुरी भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल कराने के लिए मुख्यमंत्री व प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपेगा। बताया कि अनुसूची में शामिल होने के अलावा मंच भोजपुरी में फूहड़पन को दूर करने के लिए भी प्रयास करेगा।
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भोजपुरी भाषा पर बुद्धजीवियों ने रखे अपने विचार
कसया(कुशीनगर)। भोजपुरी मंच की तरफ से ‘भोजपुरी आज और कल, संविधान की आठवीं अनुसूची में दर्ज करने की खातिर पहल’ विषय पर बुद्ध पीजी कॉलेज के भंते सभागार में रविवार को संगोष्ठी का आयोजन हुआ। इसमें बुद्धजीवियों ने भोजपुरी भाषा पर प्रकाश डाले।
शुभारंभ मां सरस्वती व भोजपुरी सम्राट भिखारी ठाकुर के चित्र के समक्ष पुष्पार्चन व दीप प्रज्ज्वलन से किया गया। कवि निशा राय ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत किया। अजय गिरी, दिनेश तिवारी भोजपुरिया, अश्वनी शुक्ला, रमापति रसिया, राधेश्याम त्यागी आदि ने भोजपुरी भाषा में अपनी रचना प्रस्तुत कर वाहवाही बटोरी।
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मुख्य अतिथि एलएस कॉलेज मुजफ्फरपुर के भोजपुरी विभाग के अध्यक्ष प्रो. डॉ. जयकांत सिंह ‘जय’ ने कहा कि भोजपुरी भारतवर्ष की अति प्राचीन एवं जीवंत भाषा है। क्षेत्रफल, जनसंख्या, लोक संस्कृति व लोक साहित्य, लिखित साहित्य आदि की दृष्टि से संस्कृत और तमिल के बाद भोजपुरी सबसे समृद्ध भाषा है। संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने के उद्देश्य से क्षेत्रीय स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर के संगठनों का प्रयास जारी है। सबसे पहले 21 फरवरी 1969 को संसद में इस मांग को रखा गया था। गृह मंत्रालय में इसकी फाइल पड़ी है। जन दबाव और जनप्रतिनिधियों के सामूहिक प्रयास से यह कार्य हो सकता है।
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सिविल कोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष ओम प्रकाश पांडेय, डॉ. जीपी राय, प्रोफेसर डॉ. आमोद राय, डॉ. चंद्रशेखर सिंह, एडवोकेट जलज सिंह, डॉ. ओमप्रकाश राजपुरी, डॉ. उमाकांत राय, प्रधान संघ के जिलाध्यक्ष अकबर अंसारी आदि ने भी विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय भोजपुरी कवि धरीक्षण मिश्र को भी याद किया गया।
अध्यक्षता कुशीनगर भिक्षु संघ के अध्यक्षता एबी ज्ञानेश्वर और आगंतुकों के प्रति आयोजक किसान पीजी कॉलेज के पूर्व प्रबंधक शंभू राय ने आभार ज्ञापित किया। इस मौके पर डॉ. अनिल कुमार सिन्हा, नीलय सिंह, अरुण राय, राजेश राय, डीके राय, प्रहलाद राय, अनुभव कृष्ण, सुरेंद्र राय, अवध ठकुराई, अवधेश राय, रविंद्र मणि, संजय सिंह बघेल, विवेक कुमार, राजेश राय, पुनीत कुमार श्रीवास्तव, सुरेंद्र पांडेय समेत काफी संख्या में लोग मौजूद रहे।
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भोजपुरी मंच मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपेगा
कुशीनगर भोजपुरी मंच के अध्यक्ष शंभू राय ने संगोष्ठी के समापन के बाद बताया कि मंगलवार को एक प्रतिनिधिमंडल जिला मुख्यालय रविंद्रनगर धूस स्थित क्लेक्ट्रेट पहुंचेगा। वहां डीएम से भेंटकर भोजपुरी भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल कराने के लिए मुख्यमंत्री व प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपेगा। बताया कि अनुसूची में शामिल होने के अलावा मंच भोजपुरी में फूहड़पन को दूर करने के लिए भी प्रयास करेगा।