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Kaushambi News: एटीएम से नकदी निकालने के लिए भटकते रहे लोग
Wed, 08 Mar 2023 12:00 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
Updated Wed, 08 Mar 2023 12:00 AM IST
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एटीएम से नकदी निकालने के लिए भटकते रहे लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
करारी। होली के मौके पर कस्बे में स्थापित बैंकों के एटीएम ने लोगों का साथ छोड़ दिया। पूरे दिन लोग रुपयों की निकासी के लिए इधर-उधर भटकते रहे। कहीं पर एटीएम बूथ का शटर गिरा मिला तो कहीं मशीन ही काम नहीं कर रही थी।
करारी में पांच एटीएम हैं। भरवारी रोड पर किंग नगर में बैंक ऑफ बड़ौदा और एसबीआई का एटीएम। यूनियन बैंक ने अपना एटीएम मंझनपुर रोड पर लगा रखा है। इसके अलावा करारी चौराहा और रिजवी कॉलेज के पास दो प्राइवेट बैंकों के एटीएम लगे हैं। सोमवार तक खाताधारकों को रुपयों की जमा-निकासी की दिक्कत नहीं हुई। एटीएम भी चल रहे थे, लेकिन मंगलवार को खाताधारक रुपयों की निकासी के लिए भटकते रहे। एटीएम चाहे प्राइवेट बैंक का हो या सरकारी का। हर जगह से खाताधारकों के हाथ मायूसी ही हाथ लगी। कहीं पर शटर गिरा हुआ था तो कहीं एटीएम का खजाना खाली मिला। इसकी वजह से लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी।
भैला के राजकुमार, बरलहा के सोनेलाल, करारी के हरिओम, विनोद सिंह, दया शंकर परदेश में रहते हैं। मुम्बई, हरियाणा तो कोई दिल्ली में काम करता है। त्योहार पर ये लोग अपने घर आए। इन लोगों ने बताया कि अपनों के साथ होली मनाने के लिए एक-एक रुपये जोड़कर रखे थे। सुरक्षा के मद्देनजर रुपये बैंक खाते में जमा कर दिए। सोचा था कि घर पहुंच कर एटीएम से निकाल लेंगे। जब यहां रुपये निकालने एटीएम पहुंचे तो वहां से खाली हाथ आना पड़ा। किसी एटीएम में रुपये नहीं थे तो कहीं मशीन खराब थी। उधार रुपये लेकर काम चलाना पड़ रहा है।
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रुपयों की निकासी के लिए सोमवार को बैंक गया था, लेकिन वहां इतनी भीड़ थी कि रुपयों की निकासी का नंबर ही नहीं आया। फिर सोचा कि जब एटीएम से ही निकालने हैं तो जरूरत पड़ने पर मंगलवार को निकाल लेेंगे। घर का कुछ सामान खरीदने के लिए पैसे चाहिए थे। इसके लिए कस्बे के सभी एटीएम के चक्कर लगाए, लेकिन कहीं भी रुपये नहीं निकले।- संजीव कुमार, किंग नगर करारी
त्योहार को देखते हुए बैंक के अफसरों को एटीएम की व्यवस्था दुरुस्त रखनी चाहिए थी, लेकिन ऐसा नहीं किया गया। बैंक अफसरों की लापरवाही से त्योहार का मजा किरकिरा हो गया। कस्बा स्थित ऐसा कोई एटीएम नहीं बचा होगा, जिसके चक्कर न लगाए हों। कहीं भी रुपयों की निकासी नहीं हुई। खाते में रुपये होने के बाद भी दूसरों से उधार लेना पड़ा।- अंकित कुमार, किंग नगर करारी
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संवाद न्यूज एजेंसी
करारी। होली के मौके पर कस्बे में स्थापित बैंकों के एटीएम ने लोगों का साथ छोड़ दिया। पूरे दिन लोग रुपयों की निकासी के लिए इधर-उधर भटकते रहे। कहीं पर एटीएम बूथ का शटर गिरा मिला तो कहीं मशीन ही काम नहीं कर रही थी।
करारी में पांच एटीएम हैं। भरवारी रोड पर किंग नगर में बैंक ऑफ बड़ौदा और एसबीआई का एटीएम। यूनियन बैंक ने अपना एटीएम मंझनपुर रोड पर लगा रखा है। इसके अलावा करारी चौराहा और रिजवी कॉलेज के पास दो प्राइवेट बैंकों के एटीएम लगे हैं। सोमवार तक खाताधारकों को रुपयों की जमा-निकासी की दिक्कत नहीं हुई। एटीएम भी चल रहे थे, लेकिन मंगलवार को खाताधारक रुपयों की निकासी के लिए भटकते रहे। एटीएम चाहे प्राइवेट बैंक का हो या सरकारी का। हर जगह से खाताधारकों के हाथ मायूसी ही हाथ लगी। कहीं पर शटर गिरा हुआ था तो कहीं एटीएम का खजाना खाली मिला। इसकी वजह से लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी।
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भैला के राजकुमार, बरलहा के सोनेलाल, करारी के हरिओम, विनोद सिंह, दया शंकर परदेश में रहते हैं। मुम्बई, हरियाणा तो कोई दिल्ली में काम करता है। त्योहार पर ये लोग अपने घर आए। इन लोगों ने बताया कि अपनों के साथ होली मनाने के लिए एक-एक रुपये जोड़कर रखे थे। सुरक्षा के मद्देनजर रुपये बैंक खाते में जमा कर दिए। सोचा था कि घर पहुंच कर एटीएम से निकाल लेंगे। जब यहां रुपये निकालने एटीएम पहुंचे तो वहां से खाली हाथ आना पड़ा। किसी एटीएम में रुपये नहीं थे तो कहीं मशीन खराब थी। उधार रुपये लेकर काम चलाना पड़ रहा है।
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रुपयों की निकासी के लिए सोमवार को बैंक गया था, लेकिन वहां इतनी भीड़ थी कि रुपयों की निकासी का नंबर ही नहीं आया। फिर सोचा कि जब एटीएम से ही निकालने हैं तो जरूरत पड़ने पर मंगलवार को निकाल लेेंगे। घर का कुछ सामान खरीदने के लिए पैसे चाहिए थे। इसके लिए कस्बे के सभी एटीएम के चक्कर लगाए, लेकिन कहीं भी रुपये नहीं निकले।- संजीव कुमार, किंग नगर करारी
त्योहार को देखते हुए बैंक के अफसरों को एटीएम की व्यवस्था दुरुस्त रखनी चाहिए थी, लेकिन ऐसा नहीं किया गया। बैंक अफसरों की लापरवाही से त्योहार का मजा किरकिरा हो गया। कस्बा स्थित ऐसा कोई एटीएम नहीं बचा होगा, जिसके चक्कर न लगाए हों। कहीं भी रुपयों की निकासी नहीं हुई। खाते में रुपये होने के बाद भी दूसरों से उधार लेना पड़ा।- अंकित कुमार, किंग नगर करारी