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हत्यारोपी को दस साल का कारावास, जुर्माना
Sat, 09 Feb 2019 12:42 AM IST
shailendra Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
Published by: shailendra Kumar
Updated Sat, 09 Feb 2019 12:42 AM IST
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मंझनपुर। युवक की पीट-पीटकर हत्या किए जाने के एक मामले की सुनवाई करते हुए शुक्रवार को कोर्ट ने आरोपी को दस वर्ष कैद की सजा सुनाई। उसपर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
चरवा कोतवाली क्षेत्र के बलकरनपुर निवासी शिवभवन पुत्र छेदी ने बताया कि उसका ननिहाल सरायअकिल इलाके के बैरगांव में है।
पीड़ित की मानें तो 27 अप्रैल 2015 को बैरगांव के ही बलराम पुत्र भुल्लन पासी उसकी पत्नी ननकी, बेटे पवन व बेटी रिंकी ने उसके मामा रामसुख की पुरानी रंजिश के चलते लाठी-डंडे से पिटाई की थी। दूसरे दिन अस्पताल में मामा की मौत हो गई थी। मामले में पीड़ित की तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई। केस की विवेचना के बाद पुलिस ने अकेले बलराम के खिलाफ आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल कर दिया।
शुक्रवार को अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश कमलेश कुमार पाठक ने प्रकरण की सुनवाई की। इस दौरान शासकीय अधिवक्ता प्रदीप कुमार मौर्य ने गवाहों का परीक्षण कराया। दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने आरोपी को दस साल कैद और पांच हजार रुपया जुर्माने की सजा सुना दी।
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चरवा कोतवाली क्षेत्र के बलकरनपुर निवासी शिवभवन पुत्र छेदी ने बताया कि उसका ननिहाल सरायअकिल इलाके के बैरगांव में है।
पीड़ित की मानें तो 27 अप्रैल 2015 को बैरगांव के ही बलराम पुत्र भुल्लन पासी उसकी पत्नी ननकी, बेटे पवन व बेटी रिंकी ने उसके मामा रामसुख की पुरानी रंजिश के चलते लाठी-डंडे से पिटाई की थी। दूसरे दिन अस्पताल में मामा की मौत हो गई थी। मामले में पीड़ित की तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई। केस की विवेचना के बाद पुलिस ने अकेले बलराम के खिलाफ आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल कर दिया।
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शुक्रवार को अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश कमलेश कुमार पाठक ने प्रकरण की सुनवाई की। इस दौरान शासकीय अधिवक्ता प्रदीप कुमार मौर्य ने गवाहों का परीक्षण कराया। दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने आरोपी को दस साल कैद और पांच हजार रुपया जुर्माने की सजा सुना दी।
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