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अवाना में एक और किसान की संदिग्ध मौत
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अवाना में एक और किसान की गई जान
कच्ची शराब पीने की चर्चा, परिजनों और पुलिस ने नकारा
मृतक के बेटे ने कहा, शुगर की बीमारी से गई है जान
फोटो नं-7,8,9
अमर उजाला ब्यूरो
करारी (कौशाम्बी)। क्षेत्र के अवाना आलमपुर गांव में रविवार को एक और किसान की संदिग्ध दशा में मौत हो गई। इससे मरने वालों की संख्या चार हो गई है। मौत के पीछे कच्ची शराब पीने की चर्चा की जा रही है। हालांकि पुलिस और परिजनों ने इसे नकार दिया है।
कौशाम्बी के अवाना आलमपुर गांव का अनिरुद्ध कुमार (60) पुत्र कलेसर पासी किसानी करके परिवार का खर्च चलाता था। बेटे शारदा ने बताया कि अनिरुद्ध मधुमेह की बीमारी से पीड़ित था। रविवार सुबह अचानक तबीयत अधिक खराब हो गई। इस पर मंझनपुर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां कुछ ही देर बाद मौत हो गई। घटना से पीड़ित परिवार के सदस्यों की रो-रोकर हालत खराब हो गई। परिवार वालों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया है। बतादें कि शुक्रवार सुबह से लेकर रात तक के बीच इस गांव के तीन लोग मौत के मुंह में समा गए थे। वहीं पुलिस अधीक्षक प्रदीप गुप्ता का कहना है कि अनिरुद्ध की मौत भी बीमारी से हुई है। डॉक्टरों से बातचीत की गई तो उन्होंने बताया कि शुगर 490 तो बीपी 180 पहुंच गया था। जान बचाने की कोशिश की गई, लेकिन कामयाबी नहीं मिली। परिवार वाले शव का पीएम कराने को तैयार नहीं हुए।
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छोटा हो गया था लीवर, सिकुड़ गए थे फेफड़े
त्रिभुवन की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ खुलासा
चिकित्सक नहीं बता पाए किन परिस्थितियों में हुआ ऐसा
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। संदिग्ध दशा में मौत का शिकार हुए अवाना आलमपुर निवासी त्रिभुवन का लीवर सिकुड़ गया था और उसके फेफड़े भी सिकुड़कर आंत से चिपक गए थे। इस बात का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ है। हालांकि चिकित्सक यह नहीं स्पष्ट कर सके कि ऐसा किन परिस्थितियों में हुआ।
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अवाना आलमपुर निवासी त्रिभुवन उर्फ वीरभवन (35) मजदूरी करके परिवार का खर्च चलाता था। शुक्रवार रात अचानक उसकी तबीयत खराब हो गई थी। जिला अस्पताल में चेकअप के बाद डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था। मौत के पीछे शराब पीने की चर्चा रही। हालांकि परिवार वालों के साथ प्रशासनिक अफसर भी यह बात मानने को तैयार नहीं थे। परिवारीजनों ने बीमारी की बात कही थी। एसपी प्रदीप गुप्ता ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में लीवर छोटा होने और फेफड़े सिकुड़कर आंत से चिपक जाने की बात सामने आई है। डॉक्टरों का कहना है कि ऐसा अधिक सिगरेट पीने व कुछ अन्य कारणों से भी होता है। हालांकि त्रिभुवन के साथ ऐसा क्यों हुआ ? पीएम करने वाले चिकित्सक यह साफ नहीं कर सके। डॉक्टरों ने स्थिति स्पष्ट करने के लिए बिसरा प्रिजर्व कर दिया है।
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पीड़ितों की हालत में सुधार
मंझनपुर। जिला अस्पताल में भर्ती सुखलाल की हालत में अब सुधार बताया जा रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि स्थिति पूरी तरह खतरे से बाहर है। वहीं, खोवालाल को प्राथमिक इलाज के बाद प्राइवेट अस्पताल से घर भेज दिया गया है।
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विधायक ने आबकारी अधिकारी के खिलाफ लिखा पत्र
मंझनपुर। अवाना आलमपुर की घटना के बाद चायल विधायक संजय गुप्ता ने आबकारी अधिकारी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उनका कहना है कि जिले भर में अवैध शराब का धंधा जोरों पर हो रहा है। इसमें आबकारी अधिकारी की भूमिका संदिग्ध है। विधायक ने अफसर के खिलाफ निलंबन की मांग करते हुए शासन को पत्र भी भेज दिया है। इससे पहले भी वह आबकारी अधिकारी के खिलाफ शासन स्तर पर पत्राचार कर चुके हैं।
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कच्ची शराब पीने की चर्चा, परिजनों और पुलिस ने नकारा
मृतक के बेटे ने कहा, शुगर की बीमारी से गई है जान
फोटो नं-7,8,9
अमर उजाला ब्यूरो
करारी (कौशाम्बी)। क्षेत्र के अवाना आलमपुर गांव में रविवार को एक और किसान की संदिग्ध दशा में मौत हो गई। इससे मरने वालों की संख्या चार हो गई है। मौत के पीछे कच्ची शराब पीने की चर्चा की जा रही है। हालांकि पुलिस और परिजनों ने इसे नकार दिया है।
कौशाम्बी के अवाना आलमपुर गांव का अनिरुद्ध कुमार (60) पुत्र कलेसर पासी किसानी करके परिवार का खर्च चलाता था। बेटे शारदा ने बताया कि अनिरुद्ध मधुमेह की बीमारी से पीड़ित था। रविवार सुबह अचानक तबीयत अधिक खराब हो गई। इस पर मंझनपुर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां कुछ ही देर बाद मौत हो गई। घटना से पीड़ित परिवार के सदस्यों की रो-रोकर हालत खराब हो गई। परिवार वालों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया है। बतादें कि शुक्रवार सुबह से लेकर रात तक के बीच इस गांव के तीन लोग मौत के मुंह में समा गए थे। वहीं पुलिस अधीक्षक प्रदीप गुप्ता का कहना है कि अनिरुद्ध की मौत भी बीमारी से हुई है। डॉक्टरों से बातचीत की गई तो उन्होंने बताया कि शुगर 490 तो बीपी 180 पहुंच गया था। जान बचाने की कोशिश की गई, लेकिन कामयाबी नहीं मिली। परिवार वाले शव का पीएम कराने को तैयार नहीं हुए।
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छोटा हो गया था लीवर, सिकुड़ गए थे फेफड़े
त्रिभुवन की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ खुलासा
चिकित्सक नहीं बता पाए किन परिस्थितियों में हुआ ऐसा
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। संदिग्ध दशा में मौत का शिकार हुए अवाना आलमपुर निवासी त्रिभुवन का लीवर सिकुड़ गया था और उसके फेफड़े भी सिकुड़कर आंत से चिपक गए थे। इस बात का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ है। हालांकि चिकित्सक यह नहीं स्पष्ट कर सके कि ऐसा किन परिस्थितियों में हुआ।
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अवाना आलमपुर निवासी त्रिभुवन उर्फ वीरभवन (35) मजदूरी करके परिवार का खर्च चलाता था। शुक्रवार रात अचानक उसकी तबीयत खराब हो गई थी। जिला अस्पताल में चेकअप के बाद डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया था। मौत के पीछे शराब पीने की चर्चा रही। हालांकि परिवार वालों के साथ प्रशासनिक अफसर भी यह बात मानने को तैयार नहीं थे। परिवारीजनों ने बीमारी की बात कही थी। एसपी प्रदीप गुप्ता ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में लीवर छोटा होने और फेफड़े सिकुड़कर आंत से चिपक जाने की बात सामने आई है। डॉक्टरों का कहना है कि ऐसा अधिक सिगरेट पीने व कुछ अन्य कारणों से भी होता है। हालांकि त्रिभुवन के साथ ऐसा क्यों हुआ ? पीएम करने वाले चिकित्सक यह साफ नहीं कर सके। डॉक्टरों ने स्थिति स्पष्ट करने के लिए बिसरा प्रिजर्व कर दिया है।
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पीड़ितों की हालत में सुधार
मंझनपुर। जिला अस्पताल में भर्ती सुखलाल की हालत में अब सुधार बताया जा रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि स्थिति पूरी तरह खतरे से बाहर है। वहीं, खोवालाल को प्राथमिक इलाज के बाद प्राइवेट अस्पताल से घर भेज दिया गया है।
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विधायक ने आबकारी अधिकारी के खिलाफ लिखा पत्र
मंझनपुर। अवाना आलमपुर की घटना के बाद चायल विधायक संजय गुप्ता ने आबकारी अधिकारी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उनका कहना है कि जिले भर में अवैध शराब का धंधा जोरों पर हो रहा है। इसमें आबकारी अधिकारी की भूमिका संदिग्ध है। विधायक ने अफसर के खिलाफ निलंबन की मांग करते हुए शासन को पत्र भी भेज दिया है। इससे पहले भी वह आबकारी अधिकारी के खिलाफ शासन स्तर पर पत्राचार कर चुके हैं।