फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kaushambi News ›   मेरे भैया, मेरे चंदा, मेरे अनमोल रतन

मेरे भैया, मेरे चंदा, मेरे अनमोल रतन

Tue, 08 Aug 2017 01:12 AM IST
Updated Tue, 08 Aug 2017 01:12 AM IST
विज्ञापन
मेरे भैया, मेरे चंदा, मेरे अनमोल रतन
भाईयों की कलाई पर सजा बहनों का प्यार
विज्ञापन

जिले में धूमधाम से मनाया गया भाई-बहन के स्नेह का त्यौहार
कलाई में राखी बांधकर बहनों ने भाईयों के लिए मांगी खुशहाली की दुआ
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। भाई-बहन के स्नेह का पर्व रक्षाबंधन सोमवार को जिले में धूमधाम से मनाया गया। राखी की खुशी में चहकती बहनों ने इस दौरान भाई की आरती उतारी, माथे पर मंगल टीका लगाया। फिर कलाई में रेशम की डोर (राखी) बांधकर उनकी खुशहाली की कामना की। भाईयों ने भी उन्हें तोहफे दिए। साथ ही बहनों के हर सुख-दुख में उनके साथ रहने का वादा किया।
सावन पूर्णिमा पर भाई-बहन के प्रेम का पर्व रक्षाबंधन मनाया जाता है। इस साल राखी का यह त्यौहार सोमवार को मनाया गया। रक्षाबंधन की चहल-पहल तो सुबह से ही दिखने लगी थी। पर, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त दोपहर तक होने के कारण सुबह से ही इसमें तेजी दिखी। बहनों ने पूजा की थाल सजाकर भाईयों की आरती उतारी। उनके माथे में हल्दी, कुमकुम और अक्षत का मंगल टीका लगाया। राखी बांधकर मुंह मीठा कराया। फिर उनसे तोहफे लेकर उनके जीवन में सभी खुशियां आने की कामना की। भाईयों ने भी बहनों के हर दुख-सुख में साथ रहने का वादा किया। वहीं राखी पर दिन भर बाजारों में भी चहल-पहल दिखी। मंझनपुर, सिराथू, चायल, अजुहा, कड़ा, देवीगंज, भरवारी, करारी, मूरतगंज, सरायअकिल, मनौरी, पुरामुफ्ती, पश्चिमशरीरा समेत सभी बाजारों में मिठाई और राखी की दुकान पर तो दिन भर खरीददारों की भीड़ रही। रक्षाबंधन पर पुरोहितों ने भी यजमानों के घर पहुंचकर रक्षासूत्र बांधा। दान-दक्षिणा लेकर उनकी तरक्की, खुशहाली का आशीष दिया।
विज्ञापन




इनसेट
सावन पूर्णिमा पर हजारों ने लगाई गंगा में डुबकी
कड़ा (ब्यूरो)। श्रावणी पूर्णिमा पर सोमवार को गंगा के कुबरी, कड़ा, कालेश्वर, संदीपन आदि घाटों पर स्नानार्थियों की भीड़ रही। लोगों ने गंगा में डुबकी लगाकर मां गंगे की पूजा-अर्चना की। वहीं कुबरी घाट पर गंगा स्नान करने वालों ने मां शीतला के दरबार में भी हाजिरी लगाई। उधर, गंगा में बाढ़ के बाद कुबरी समेत सभी घाटों पर फिसलन, तेज बहाव और कटान भी हो रहा है। इसके बाद भी गंगाघाटों पर स्नानार्थियों की सुरक्षा के सारे इंतजाम नदारत थे। घाट पर बैरिकेटिंग, नाव, गोताखोर और पुलिस कुछ भी नहीं रही। इसका गंगाघाट के पंडों में गुस्सा भी रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन



इनसेट
गुलजार रहीं राखी व मिठाई की दुकानें
भाई-बहन के प्यार के प्रतीक पर्व रक्षाबंधन के दिन जिले भर के प्रमुख बाजारों, कस्बों व गांवों में राखी, मिष्ठान की दुकानें गुलजार रहीं। पर्व की भीड़ का अंदाजा दुकानदारों को पहले से था। इसके चलते दुकानदारों ने अपनी-अपनी दुकानें सड़क तक फैला रखी थी। राखी हो या मिष्ठान किसी भी दुकान पर सुबह से लेकर शाम तक भीड़ खत्म होने का नाम ही नहीं ले रही थी। पर्व के मौके पर जानकारों की माने तों पर्व के मौके पर राखी व मिष्ठान के दुकानदारों ने करोड़ों का कारोबार किया।


खूब बिकी साड़ियां व गिफ्ट आइटम
रक्षाबंधन के पर्व पर बहनों को राखी बांधने के बदले उपहार देने के लिए भाइयों ने भी दिल खोलकर खर्च किया। बहनों को उपहार देने के लिए भाइयों ने कीमती साड़ी, घरेलू सामान, कलाई घड़ी, स्मार्ट फोन आदि खरीदकर उपहार भेंट किए। पर्व के मौके पर भाइयों के हाथों कीमती गिफ्ट मिलने से वह खुशी से फूले नहीं समा रही थीं।


ब्रह्म कुमारी बहनों ने भी मनाया रक्षाबंधन
मंझनपुर स्थित ब्रह्मकुमारी आश्रम की बहनों ने भी रक्षाबंधन पर्व धूमधाम से मनाया। ब्रह्मकुमार भाइयों के माथे पर चंदन का तिलक लगाकर ब्रह्म कुमारी बहनों ने अनमोल प्रेरणाओं की मोतियों से सजी हुई, दिल के स्नेह के धागों में पिरोई हुई, शुभकामनाओं से जड़ित राखी बांधी। इस मौके पर आश्रम की ब्रह्मकुमारी बहनों ने पर्व के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि राखी का निर्माण स्नेह, रक्षा, ईश्वरीय, परिवर्तन व पवित्रता के सूत्र से होता है। भाई-बहन के यह अडिग प्रेम का प्रतीक है।


राखी बांधने जेल र्गइं बहनों से जवानों ने की अभद्रता
-जेल के बाहर फूट-फूट कर रोती रही महिला
-बंदीरक्षकों के एतराज करने के बाद भी पीएसी का जवान करता रहा अभद्रता
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। जेल में बंद भाईयों को राखी बांधने गई महिलाओं से जिला कारागार में सोमवार को पीएसी के जवानाें ने अभद्रता की। एक युवती ने विरोध किया तो उससे गाली-गलौज भी की गई। बंदीरक्षकों ने एतराज भी किया लेकिन पीएसी के जवानों ने किसी की नहीं सुनी।

रक्षाबंधन पर्व पर जेल में बंद लोगों से सिर्फ महिलाएं मिलती हैं। महिलाओं को राखी बांधने के लिए यह छूट दी जाती है। मिलाई करने वालों के लिए हाल ही में एक विश्राम स्थल बनाया गया है। इस विश्राम स्थल में दो दिन पहले जेल की सुरक्षा में तैनात पीएसी के जवानों ने कब्जा कर लिया। सोमवार को महिलाएं राखी बांधने जेल पहुंचीं तो उन्हें विश्राम स्थल भेजा गया। महिलाओं के पहुंचने पर पीएसी के जवानों ने उनसे अभद्रता शुरू कर दी। सिराथू के एक वार्ड की युवती से जवान ने बदसलूकी की सारी हदें पार कर दी तो उसने विरोध किया। इससे नाराज जवान ने गाली-गलौज शुरू कर दी। महिला फूट-फूट कर रोने लगी तो जेल के बंदी रक्षक पहुंच गए। पूछताछ के बाद बंदीरक्षकों ने जवानों से इस पर आपत्ति जताई। इसके बाद एक जवान अभद्रता करता रहा। महिलाएं इससे परेशान रहीं। सिराथू की महिला बिना राखी बांधे ही वापस चली आई। इससे महिलाओं में आक्रोश है।

क्या कहते हैं अफसर
‘मैं अवकाश पर हूूं। यदि जेल परिसर में महिलाओं के साथ जवानों ने अभद्रता की है तो अफसरों के संज्ञान में मामला लाकर जांच कराकर कार्रवाई कराऊंगा।’
बीएस मुकुंद
जेल अधीक्षक
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed