{"_id":"5b1aa5144f1c1ba66e8b6e27","slug":"street-dogs-attacked-over-child-in-kanpur","type":"story","status":"publish","title_hn":"'आवारा कुत्तों का आतंक', दो और बच्चे हुए शिकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
'आवारा कुत्तों का आतंक', दो और बच्चे हुए शिकार
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
Updated Fri, 08 Jun 2018 09:17 PM IST
विज्ञापन
डेमाे पिक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
यूपी के कानपुर में जेके कालोनी में गुरुवार देर शाम घर के बाहर खेल रहे दो बच्चों पर आवारा कुत्ते ने हमला कर दिया। दोनों के चेहरे और हाथ में काट लिया। यह देखकर इलाके के लोग दौड़ पड़े और बच्चों को किसी तरह बचाया। दोनों बच्चों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
जेके कालोनी जाजमऊ निवासी व्यापारी प्रदीप यादव का बेटा श्रेयांश (7) बुआ के बेटे अर्नव (8) के साथ घर के बाहर खेल रहा था। इस दौरान आवारा कुत्ते ने दोनों पर हमला कर दिया। आवारा कुत्ते ने श्रेयांश के गाल, हाथ और अर्नव के बाएं हाथ को बुरी तरह से काट लिया। बच्चों के चीखने पर पड़ोसी दौड़ पड़े। ईंट, पत्थर और डंडे की मदद से कुत्तों को भगाकर बच्चों की जान बचाई गई।
इसके बाद परिजनों ने लहूलुहान बच्चों को इलाके के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। आवारा कुत्तों के आतंक को लेकर इलाकाई लोगों में जबर्दस्त रोष है। इलाकाई प्रदीप यादव का कहना है कि वह कई बार पार्षद कैलाश पांडेय से आवारा जानवरों को पकड़वाने के लिए कह चुके हैं। इसके बावजूद आवारा जानवर पकड़े नहीं गए।
विज्ञापन
विज्ञापन
जेके कालोनी जाजमऊ निवासी व्यापारी प्रदीप यादव का बेटा श्रेयांश (7) बुआ के बेटे अर्नव (8) के साथ घर के बाहर खेल रहा था। इस दौरान आवारा कुत्ते ने दोनों पर हमला कर दिया। आवारा कुत्ते ने श्रेयांश के गाल, हाथ और अर्नव के बाएं हाथ को बुरी तरह से काट लिया। बच्चों के चीखने पर पड़ोसी दौड़ पड़े। ईंट, पत्थर और डंडे की मदद से कुत्तों को भगाकर बच्चों की जान बचाई गई।
विज्ञापन
इसके बाद परिजनों ने लहूलुहान बच्चों को इलाके के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। आवारा कुत्तों के आतंक को लेकर इलाकाई लोगों में जबर्दस्त रोष है। इलाकाई प्रदीप यादव का कहना है कि वह कई बार पार्षद कैलाश पांडेय से आवारा जानवरों को पकड़वाने के लिए कह चुके हैं। इसके बावजूद आवारा जानवर पकड़े नहीं गए।
विज्ञापन