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मंदिरों का कचरा भी है बड़े काम का, फूल-पत्तियों से प्रदेश सरकार शुरू करेगी स्टार्टअप
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Updated Sat, 13 Oct 2018 04:30 PM IST
सार
- कानपुर के इस्कॉन मंदिर से होगी शुरुआत
- फूल-पत्तियों से अगरबत्ती बनाने का लगेगा प्लांट
- मंदिरों को 25 लाख का लोन छूट पर देगा उद्योग मंत्रालय
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विस्तार
प्रदेश सरकार मंदिरों के लिए स्टार्टअप शुरू करने जा रही है। इसके तहत मंदिरों से निकलने वाली फूल-पत्तियों से अगरबत्ती और धूपबत्ती बनाई जाएगी। इसके अलावा पूजा में इस्तेमाल की जाने वाली दूसरी सामग्रियाें का भी निर्माण हो सकेगा। स्टार्टअप शुरू करने के लिए सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) मंत्रालय की तरफ से 25 लाख तक का कर्ज भी छूट पर दिया जाएगा।
प्रदेश के एमएसएमई मंत्री सत्यदेव पचौरी ने बताया कि वह इस योजना को प्रदेश भर के मंदिरों में लागू करने की तैयारी कर रहे हैं। सबसे पहले इसे कानपुर में आदर्श स्टार्टअप योजना के तहत शुरू किया जाएगा। इसके लिए बिठूर रोड स्थित इस्कॉन मंदिर का चयन किया गया है। पचौरी ने बताया कि शुक्रवार को उन्होंने इस्कॉन मंदिर में जाकर वहां के लोगों से इस संबंध में बातचीत की। वर्तमान में मंदिर प्रबंधन जैविक खाद बनाने के साथ जैविक खेती भी कर रहा है।
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प्रदेश के एमएसएमई मंत्री सत्यदेव पचौरी ने बताया कि वह इस योजना को प्रदेश भर के मंदिरों में लागू करने की तैयारी कर रहे हैं। सबसे पहले इसे कानपुर में आदर्श स्टार्टअप योजना के तहत शुरू किया जाएगा। इसके लिए बिठूर रोड स्थित इस्कॉन मंदिर का चयन किया गया है। पचौरी ने बताया कि शुक्रवार को उन्होंने इस्कॉन मंदिर में जाकर वहां के लोगों से इस संबंध में बातचीत की। वर्तमान में मंदिर प्रबंधन जैविक खाद बनाने के साथ जैविक खेती भी कर रहा है।
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इस्कॉन मंदिर में काफी मात्रा में फूल और पत्तियां मूर्तियों पर चढ़ाने के बाद एकत्र हो जाती हैं। इन्हीं फूल-पत्तियाें से यहां अगरबत्ती, इत्र और धूपबत्ती बनाने का प्लांट लगाया जाएगा। यह प्लांट लगाने के लिए मंदिर प्रबंधन को मंत्रालय की तरफ से रियायती दर पर कर्ज भी दिया जाएगा। इसी तरह कानपुर के बाकी मंदिरों, पनकी, परमट, सांई मंदिर में भी इस तरह का प्लांट लगाने के लिए मंदिर प्रबंधन से बातचीत की जाएगी। इसे मंदिरों के लिए अनिवार्य किया जाएगा।
प्लांट किस तरह से काम करेगा, इस संबंध में उन्होंने शुक्रवार को ही एफएफडीसी (सुगंध एवं सरस विकास केंद्र) फजलगंज का दौरा कर निदेशक भक्ति विजय शुक्ला और उद्योग विभाग के उपायुक्त सर्वेश्वर शुक्ला को मंदिरों में प्लांट लगाने के संबंध में प्रोजेक्ट तैयार करने को कहा।
प्लांट किस तरह से काम करेगा, इस संबंध में उन्होंने शुक्रवार को ही एफएफडीसी (सुगंध एवं सरस विकास केंद्र) फजलगंज का दौरा कर निदेशक भक्ति विजय शुक्ला और उद्योग विभाग के उपायुक्त सर्वेश्वर शुक्ला को मंदिरों में प्लांट लगाने के संबंध में प्रोजेक्ट तैयार करने को कहा।