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Kanpur News: कारोबार का विस्तार करने के लिए मिलेंगे एक लाख रुपये
Sat, 12 Sep 2026 01:25 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Sat, 12 Sep 2026 01:25 AM IST
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कानपुर देहात। समूह की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और उनके कारोबार को विस्तारित करने के लिए सहायता दी जाएगी। इसके लिए शासन की तरफ से जिले में संचालित 10212 स्वयं सहायता समूह से जुड़ी 112477 महिलाओं को डीबीटी के माध्यम से एक लाख रुपये की धनराशि तीन किस्त में मुहैया कराई जाएगी।
ग्रामीण आजीविका मिशन की तरफ से जनपद में समूहों से जुड़ी महिलाओं को विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लखपति दीदी की श्रेणी में शामिल करने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही समूह से जुड़ने पर उन्हें उनके कौशल के अनुसार प्रशिक्षण दिला कर स्व रोजगार के लिए प्रेरित किया जा रहा है। प्रशिक्षित होने पर समूह को सीसीएल के तहत 1.5 लाख रुपये की धनराशि कारोबार शुरू करने लिए दिलाई जाती है, लेकिन अब इन महिलाओं को कारोबार को विस्तार देने व काम शुरू करने में समस्या नहीं होगी।
शासन ने समूह की प्रति महिला को ब्याज मुक्त एक लाख रुपये उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। यह धनराशि उन्हें तीन किस्त में मिलेगी, जो डीबीटी के माध्यम से इनके खाते में पहुंचेगी। इसके लिए इन्हें विशेष क्रेडिट कार्ड भी दिया जाएगा। विभाग के अनुसार अभी इस संबंध में मिशन की तरफ से पत्र नहीं प्राप्त हुआ है, लेकिन जानकारी के अनुसार पहली किस्त में 20 हजार रुपये प्रदान किए जाएंगे। इस किस्त को लौटाने के बाद दूसरी किस्त में 30 हजार रुपये व तीसरी किस्त में 50 हजार रुपये मिलेंगे। महिलाएं सीधे लाभांवित हों, इसके लिए यह धनराशि पारदर्शिता के साथ इनके खाते में पहुंचे, इसके लिए डीबीटी के माध्यम से भेजा जाएगा, ताकि बिचौलियों की किसी भी संभावना को समाप्त किया जा सके।
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बयान.................
शासन की तरफ से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कई योजनाएं चलाई जा रही है। इसका उद्देश्य ज्यादा से ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ते हुए लखपति दीदी की श्रेणी में शामिल करना है। समूह की महिलाओं को डीबीटी के माध्यम से एक लाख रुपये की धनराशि प्रदान किए जाने संबंधी मिशन से अभी पत्र नहीं प्राप्त हुआ है। हालांकि जानकारी के अनुसार उप मुख्यमंत्री की तरफ से ऐसी घोषणा की गई है। पत्र प्राप्त होती ही उनका पालन कराया जाएगा। - अशोक कुमार, उपायुक्त, एनआरएलएम
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ग्रामीण आजीविका मिशन की तरफ से जनपद में समूहों से जुड़ी महिलाओं को विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लखपति दीदी की श्रेणी में शामिल करने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही समूह से जुड़ने पर उन्हें उनके कौशल के अनुसार प्रशिक्षण दिला कर स्व रोजगार के लिए प्रेरित किया जा रहा है। प्रशिक्षित होने पर समूह को सीसीएल के तहत 1.5 लाख रुपये की धनराशि कारोबार शुरू करने लिए दिलाई जाती है, लेकिन अब इन महिलाओं को कारोबार को विस्तार देने व काम शुरू करने में समस्या नहीं होगी।
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शासन ने समूह की प्रति महिला को ब्याज मुक्त एक लाख रुपये उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। यह धनराशि उन्हें तीन किस्त में मिलेगी, जो डीबीटी के माध्यम से इनके खाते में पहुंचेगी। इसके लिए इन्हें विशेष क्रेडिट कार्ड भी दिया जाएगा। विभाग के अनुसार अभी इस संबंध में मिशन की तरफ से पत्र नहीं प्राप्त हुआ है, लेकिन जानकारी के अनुसार पहली किस्त में 20 हजार रुपये प्रदान किए जाएंगे। इस किस्त को लौटाने के बाद दूसरी किस्त में 30 हजार रुपये व तीसरी किस्त में 50 हजार रुपये मिलेंगे। महिलाएं सीधे लाभांवित हों, इसके लिए यह धनराशि पारदर्शिता के साथ इनके खाते में पहुंचे, इसके लिए डीबीटी के माध्यम से भेजा जाएगा, ताकि बिचौलियों की किसी भी संभावना को समाप्त किया जा सके।
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शासन की तरफ से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कई योजनाएं चलाई जा रही है। इसका उद्देश्य ज्यादा से ज्यादा से ज्यादा महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ते हुए लखपति दीदी की श्रेणी में शामिल करना है। समूह की महिलाओं को डीबीटी के माध्यम से एक लाख रुपये की धनराशि प्रदान किए जाने संबंधी मिशन से अभी पत्र नहीं प्राप्त हुआ है। हालांकि जानकारी के अनुसार उप मुख्यमंत्री की तरफ से ऐसी घोषणा की गई है। पत्र प्राप्त होती ही उनका पालन कराया जाएगा। - अशोक कुमार, उपायुक्त, एनआरएलएम