{"_id":"5b39d96f4f1c1bb0318b9d01","slug":"ninety-lakh-worth-books-missing-from-iit-library","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"आईआईटी कानपुर की लाइब्रेरी से 90 लाख की किताबें गायब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आईआईटी कानपुर की लाइब्रेरी से 90 लाख की किताबें गायब
- 18 हजार किताबों का नहीं चल रहा पता
- किताब वापस न करने वालों को दी जाएगी नोटिस
- अब किताबों में होगी आरएफआईडी टैगिंग, बढ़ाए जाएंगे सीसीटीवी कैमरे
विज्ञापन
1 of 5
डेमाे पिक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
आईआईटी कानपुर की पीके केलकर लाइब्रेरी से 18 हजार किताबों के गायब होने का मामला सामने आया है। इनकी कीमत करीब 90 लाख रुपये बताई जा रही है। मामले की जांच के बाद इंस्टीट्यूट एडवाइजरी कमेटी (आईएसी) ने लाइब्रेरियन को सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।
2 of 5
डेमाे पिक
डिप्टी डायरेक्टर प्रो. मणिंद्र अग्रवाल ने बताया कि लाइब्रेरियन को मामले की जांच का निर्देश दिया गया है। इसमें देखा जाएगा कि गायब किताबों को किसे आवंटित किया गया है। अगर उसका कोई रिकॉर्ड होगा तो किताब ले जाने वाले छात्र या शिक्षक को नोटिस जारी किया जाएगा। वहीं अगर किताबों का रिकॉर्ड नहीं मिलेगा तो संबंधित जिम्मेदार के खिलाफ कार्रवाई होगी।
यह है आरएफआईडी टैगिंग
3 of 5
डेमाे पिक
कमेटी ने लाइब्रेरियन को निर्देश दिया है कि लाइब्रेरी के प्रत्येक किताबों में रेडियो फ्रीक्वेंसी आईडेंटीफिकेशन डिवाइस (आरआईएफडी) की टैगिंग की जाए। इससे बगैर कंप्यूटर में नाम और नंबर दर्ज कराए अगर कोई छात्र या अन्य चोरी से किताब लाइब्रेरी से बाहर ले जाएगा तो गेट पर सायरन बजने लगेगा। बताते चलें कि किताबों को लेते और वापस लेते समय लाइब्रेरी में इंट्री की जाती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बढ़ाए जाएंगे कर्मचारी, महिला कर्मचारी भी होंगी
4 of 5
डेमाे पिक
इंस्टीट्यूट की लाइब्रेरी से किताबें दोबारा गायब न हों, इसके लिए कर्मचारियों की संख्या बढ़ाई जाएगी। इसके अलावा लाइब्रेरी खुलने तक महिला कर्मचारियों की उपस्थिति भी सुनिश्चित की जाएगी ताकि छात्राओं पर महिला कर्मचारी निगरानी रख सकें।
विज्ञापन
आईएसी ने ये भी सुझाव दिए
5 of 5
डेमाे पिक
- छात्रों को न तो समूह में प्रवेश दिया जाएगा और न ही उन्हें लाइब्रेरी से बाहर जाने की अनुमति दी जाएगी। मतलब एक-एक करके ही छात्र बाहर जा सकेंगे या अंदर प्रवेश करेंगे।
- किताबों को वापस देने की अधिकतम समय-सीमा को बढ़ाया जाएगा ताकि किताब ले जाने वाले छात्र या शिक्षक उसका भरपूर प्रयोग कर पाएं।
- लाइब्रेरी परिसर में सीसीटीवी कैमरों की संख्या बढ़ाई जाएगी।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।