डॉन मुन्ना बजरंगी को गोलियों से भूनने के बाद राठी ने खुद अपने मोबाइल से वायरल की थी 'लाश की फोटो'!
जेल में ही फोन को कहीं छिपाया गया
पुलिस की छानबीन में यह खुलासा सामने आया कि जेल के अंदर सुनील राठी फोन चला रहा था और इसी फोन से फोटो जेल से बाहर भेजा गया। जिस फोन से फोटो खींची गई वो फोन गायब है। ये भी माना जा रहा है कि जेल में ही फोन को कहीं छिपाया गया है। राठी ने ये फोटो किसे और क्यों भेजा था, इसकी छानबीन भी की जा रही है।
बागपत जिला कारागार से कुख्यात सुनील राठी को फतेहगढ़ तक सुरक्षित पहुंचाने वाले सीओ राजवीर सिंह का तबादला भी अब फतेहगढ़ किया। बागपत जेल में कुख्यात सुनील राठी ने मुन्ना बजरंगी की हत्या की। जेल प्रशासन के प्रस्ताव पर शासन ने राठी को फतेहगढ़ जेल शिफ्ट करने के आदेश दिए। बागपत से सीओ राजवीर सिंह के नेतृत्व में ही 20 पुलिसकर्मियों की टीम राठी को फतेहगढ़ जेल में शिफ्ट कर बागपत लौटी ।
प्रोन्नति के बाद पोस्टिंग को लेकर कयास लगाए जा रहे थे। राजवीर सिंह को फर्रूखाबाद जिले के फतेहगढ़ में ही तबादला कर दिया गया है। पुलिस लाइन में लगभग ढाई वर्ष से प्रतिसार निरीक्षक रहे राजवीर सिंह का पुलिस उपाधीक्षक पद पर पदोन्नति हुई है। बुधवार को पुलिस लाइन बागपत में विदाई समारोह में विदाई दी। पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश ने स्मृति चिह्न देकर सीओ राजवीर को सम्मानित किया। इस मौके पर सीओ बागपत दिलीप सिंह, सीओ खेकड़ा वंदना शर्मा भी उपस्थित रहे।
बंदियों ने पेशी पर आने के दौरान इस तरह की थ्योरी बयान की
मुन्ना बजरंगी की हत्या में निलंबित जेल यूपी सिंह ने सुनील राठी के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया, लेकिन जिस तरह वारदात को अंजाम दिया, इससे यह अंदेशा है कि वारदात में अकेला सुनील राठी शामिल नहीं रहा है।
राठी के अलावा भी कम से कम एक और बंदी शामिल है। मुख्य आरोपी सुनील राठी के फतेहगढ़ जेल शिफ्ट होने के बाद पेशी पर लाए जा रहे बंदियों ने भी अब वारदात की चर्चा शुरू कर दी। जेल से बाहर निकली बातों में बंदियों के हवाले से कहा जा रहा है कि वारदात में राठी के अलावा एक बंदी और शामिल रहा है। इससे इस बात को भी बल मिलता है कि पिस्टल एक नहीं दो थे। पुलिस जांच में जुटी है, लेकिन अभी मुंह नहीं खोल रही है। एसपी जयप्रकाश ने कहा हर बिंदू पर जांच चल रही है, वारदात में कितने लोग थे, कैसे हुई, इस पर कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी।
वह बंदी कौन था, यह पहेली बनीं
मुन्ना बजरंगी की हत्या की वारदात में दो पिस्टल की थ्योरी का बल मिल रहा है। ऐसा लगता है कि एक हमलावर ने सामने की तरफ से छाती को निशाना बनाकर गोली चलाई और दूसरे ने साइड से सिर को निशाना बनाकर गोली चलाई। अधिकतर गोलियां छाती और सिर में सटाकर मारी गई है। जिला कारागार से एक ही पिस्टल बरामद हुआ है। यदि मुन्ना बजरंगी की हत्या में दो लोग शामिल रहे हैं तो बहुत संभव है कि दो पिस्टल हो सकते हैं।
गोली मारी और फिर फोटो वायरल किए