फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Kanpur Dehat Accident,The accident gave unforgettable wounds, four including brother and sister died

"हर तरफ बिखरे थे शव": हादसे ने दिए कभी न भूल पाने वाले जख्म, भाई-बहन समेत चार की मौत, लाशें देख बेसुध परिवार

Fri, 24 Nov 2023 06:19 AM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर देहात
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर देहात Published by: हिमांशु अवस्थी Updated Fri, 24 Nov 2023 06:19 AM IST
सार

Kanpur Dehat: भैथाना गांव में जयसिंह व लाखन सिंह के घर बेटी राखी की शादी को लेकर खुशियों का माहौल था। परिवार से लोग सगे संबंधी भी आने जाने लगे थे। सभी तैयारियों में जुटे थे लेकिन बुधवार रात कार हादसे ने दोनों परिवारों के घर की खुशियां मातम में बदल दीं।

विज्ञापन
Kanpur Dehat Accident,The accident gave unforgettable wounds, four including brother and sister died
kanpur dehat accident - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कानपुर देहात में गजनेर थाना क्षेत्र के हृदयपुर पामा के पास बुधवार रात डेढ़ बजे के करीब तेज रफ्तार कार बेकाबू होकर सड़क किनारे पेड़ से जा टकराई। हादसे में भाई-बहन समेत चार लोगों की मौत हो गई, जबकि पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी एक समारोह में शामिल होने के लिए औरैया जिले के बंथरा बिधूना से गजनेर के भैथाना गांव आ रहे थे। घायलों को जिला अस्पताल से कानपुर हैलट रेफर किया गया है।

विज्ञापन

गजनेर के भैथाना निवासी राजपाल सिंह के बेटे जयसिंह की 28 नवंबर को शादी थी। बुधवार शाम जयसिंह गांव के बदन सिंह की गाड़ी किराए पर लेकर लेकर बड़ी बहन प्रिया सेंगर उर्फ संतोषा पत्नी प्रीतम सिंह और अन्य रिश्तेदारों को लेने औरैया जिले के बंथरा बिधूना गया था। वह रिश्तेदारों को लेकर रात्रि करीब 9 बजे अपने गांव के लिए निकला। रात डेढ़ बजे के करीब वापस लौटते समय गजनेर थाना क्षेत्र के हृदयपुर पामा के पास कार बेकाबू होकर पेड़ से जा टकराई।
विज्ञापन

हादसे में कार सवार जयसिंह (25) पुत्र राजपाल निवासी भैथाना गजनेर, बहन प्रिया सेंगर उर्फ संतोषा (40) पत्नी प्रीतम सिंह, पारिवारिक दादी रैन्नो देवी (70), प्रिया (14) पुत्री रामप्रकाश निवासी बंथरा बिधूना की मौत हो गई। वहीं, चालक प्रदीप कुमार (35) निवासी भागीरथपुर गजनेर, पारुल उर्फ प्रज्ञा (14) पुत्री प्रीतम सिंह, पलक उर्फ प्रतीक्षा (16) पुत्री प्रीतम सिंह, कन्हैया (10) पुत्र प्रीतम सिंह, अंश (8) पुत्र जगराम सिंह उर्फ ध्रुव सिंह निवासी भैथाना गजनेर गंभीर रूप से घायल हो गए।

विज्ञापन
विज्ञापन

दोनों के गांव में छा गया मातम
भैथाना गांव में जयसिंह व लाखन सिंह के घर बेटी राखी की शादी को लेकर खुशियों का माहौल था। परिवार से लोग सगे संबंधी भी आने जाने लगे थे। सभी तैयारियों में जुटे थे लेकिन बुधवार रात कार हादसे ने दोनों परिवारों के घर की खुशियां मातम में बदल दीं। हादसे में भैथाना के जयसिंह व औरैया जिले के बंथरा बिधूना निवासी प्रिया उर्फ संतोषा, रन्नो देवी, प्रिया की मौत के बाद दोनों के गांव में मातम छा गया।

उन्नाव जिले में जानी थी बरात
मृतक जयसिंह के भाई हरगोविंद ने बताया कि 28 नवंबर को जयसिंह की शादी होनी थी। बरात उन्नाव जिले के ग्राम दुबई इंदेमऊ जानी थी। मां के न होने पर पिता राजपाल सिंह, भाई जगराम सिंह उर्फ ध्रुव सिंह और स्वयं वह शादी की तैयारियों में जुटे थे। पहले से अन्य रस्मों व तैयारियों को लेकर वह बुधवार शाम चार बजे के करीब कार लेकर बड़ी बहन प्रिया उर्फ संतोषा सेंगर को लेने बिधूना के बंथरा गया था।

मृतकों के परिजनों में मची रही चीख पुकार
उसके साथ बड़े भाई जगराम का बेटा अंश भी साथ गया था। यहां से उसके साथ बहन व उनके तीन बच्चे, पारिवारिक दादी रन्नो देवी व बहनोई प्रीतम सिंह के चाचा रामप्रकाश की बेटी प्रिया साथ आ रही थी। हादसे की जानकारी मिलते ही शादियां की चल रही तैयारियां मातम में बदल गई। अस्पताल पहुंचे मृतकों के परिजनों में चीख पुकार मची रही। संगे संबंधी एक-दूसरे को ढांढस बंधाते रहे।

पौत्री की शादी में शामिल होने आ रही थी रन्नो देवी
हादसे में जान गंवाने वाली रन्नो देवी (70) का मायका गजनरे के भैथाना (सैंथा) में है। मृतक के बेटे शिवदत्त ने बताया कि मां अपने भतीजे लाखन सिंह की बेटी राखी की शादी में शामिल होने के लिए आई थी। उन्हें जयसिंह की शादी में भी शामिल होना था। बताया कि राखी की शादी भी 28 नवंबर को ही गांव से होनी थी। रन्नो देवी की मौत की खबर से उनके मायके भैथाना व घर बंथरा बिधूना में मातम छा गया।

जिद कर चली आई प्रिया
मृतक जयसिंह की बहन व बुआ पानकुमारी बंथरा में रहती है। वह दोनों को लेने के लिए गया था। मगर बुआ ने शादी वाले दिन आने की बात कही। वहीं, उनकी नातिन प्रिया पुत्री रामप्रकाश जाने की जिद करने लगी। इस पर पानकुमारी ने जयसिंह के साथ प्रिया को भेज दिया। बेटी प्रिया की मौत के बाद पिता रामप्रकाश, मां लक्ष्मी देवी का रो-रोकर बुरा हाल रहा। पिता ने बताया कि उसके दो बेटियां पूजा, प्रिया और दो बेटे करन, अर्जुन हैं। प्रिया दूसरे नंबर की बेटी थी। बिलखते हुए बार-बार वह यही कह रहा था कि उसे नहीं मालूम था कि इतना बड़ा हादसा हो जाएगा।

पत्नी का शव व घायल बच्चों को देख टूट गया प्रीतम
कार हादसे ने सबसे बड़ा सदमा अस्पताल में मौजूद प्रीतम सिंह को लगा। एक ओर वह पत्नी का शव देख सिसकियां भर रहा था, तो दूसरी ओर वार्ड में घायल बच्चों को देख उससे रहा नहीं जा रहा था। इस दौरान उसके साले हरगोविंद व परिवार के अन्य उसे संभालते व ढांढस बंधाते नजर आए। वह बार-बार अपने बेटे कन्हैया, बेटी पारुल और पलक की स्थिति अस्पताल के डॉक्टरों व कर्मियों से पूछता नजर आया।

एंबुलेंस के देर से आने पर दिखी नाराजगी
जिला अस्पताल में मौजूद मृतक जयसिंह के भाई हरगोविंद ने बताया कि रात में जैसे ही उन्हें हादसे की जानकारी हुई वे और गांव के लोग घटना स्थल पर जा पहुंचे। पुलिस कार में फंसे लोगों को निकाल चुकी थी, लेकिन एंबुलेंस नहीं पहुंची थी। कई बार फोन करने के बाद करीब एक घंटे बाद एंबुलेंस पहुंची। इसके बाद घायलों को अस्पताल पहुंचाया जा सका। लोगों ने बताया कि समय से एंबुलेंस पहुंचती तो शायद कुछ की जान बच जाती।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed