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Kanpur News: परिवार को वित्तीय लाभ न दिलाने पर कनिष्ठ सहायक निलंबित
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जलालाबाद। जिला जेल में तैनात कनिष्ठ सहायक सुनील कुमार को मृतक जेलकर्मी के परिजनों को समय से वित्तीय लाभ उपलब्ध न कराने के आरोप में शनिवार को निलंबित कर दिया गया। महानिदेशक कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवाएं उत्तर प्रदेश पीसी मीणा के आदेश पर यह कार्रवाई की गई है।
जेल में तैनात हेड जेल वार्डर विजय सिंह की 25 फरवरी 2025 को निधन हो गया था। कनिष्ठ सहायक सुनील कुमार की तैनाती सहायक लेखा अधिकारी के अधीन कारागार में होने के कारण लेखा अनुभाग का प्रभार उनके पास था। विजय सिंह की मृत्यु के बाद परिवार को पारिवारिक पेंशन, सामान्य भविष्य निधि (जीपीएफ), समूह बीमा योजना की धनराशि, अवकाश नकदीकरण समेत अन्य अनुमन्य वित्तीय लाभ मिलने थे। आरोप है कि कनिष्ठ सहायक ने इन लाभों के लिए आवश्यक कार्रवाई समय से पूरी नहीं की।
वह उच्चाधिकारियों को कार्रवाई पूरी कराने का आश्वासन देते रहे लेकिन एक वर्ष बाद भी कर्मचारी के परिवार को उनके देय वित्तीय लाभ नहीं मिल सके। इससे परिवार को आर्थिक, सामाजिक और मानसिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। आदेश में कहा गया कि कनिष्ठ सहायक ने अपने पद के दायित्वों का समुचित निर्वहन नहीं किया। इस मामले में उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक अनुशासन एवं अपील नियमावली, 1999 के नियम-सात के तहत कार्रवाई करते हुए निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि में कनिष्ठ सहायक सुनील कुमार को डॉ. संपूर्णानंद कारागार प्रशिक्षण संस्थान, उत्तर प्रदेश से संबद्ध किया गया है।
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जेल में तैनात हेड जेल वार्डर विजय सिंह की 25 फरवरी 2025 को निधन हो गया था। कनिष्ठ सहायक सुनील कुमार की तैनाती सहायक लेखा अधिकारी के अधीन कारागार में होने के कारण लेखा अनुभाग का प्रभार उनके पास था। विजय सिंह की मृत्यु के बाद परिवार को पारिवारिक पेंशन, सामान्य भविष्य निधि (जीपीएफ), समूह बीमा योजना की धनराशि, अवकाश नकदीकरण समेत अन्य अनुमन्य वित्तीय लाभ मिलने थे। आरोप है कि कनिष्ठ सहायक ने इन लाभों के लिए आवश्यक कार्रवाई समय से पूरी नहीं की।
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वह उच्चाधिकारियों को कार्रवाई पूरी कराने का आश्वासन देते रहे लेकिन एक वर्ष बाद भी कर्मचारी के परिवार को उनके देय वित्तीय लाभ नहीं मिल सके। इससे परिवार को आर्थिक, सामाजिक और मानसिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। आदेश में कहा गया कि कनिष्ठ सहायक ने अपने पद के दायित्वों का समुचित निर्वहन नहीं किया। इस मामले में उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक अनुशासन एवं अपील नियमावली, 1999 के नियम-सात के तहत कार्रवाई करते हुए निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि में कनिष्ठ सहायक सुनील कुमार को डॉ. संपूर्णानंद कारागार प्रशिक्षण संस्थान, उत्तर प्रदेश से संबद्ध किया गया है।
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