यूपी के कन्नौज में ‘भूख की मारी बकरी’ का एक बड़ा कारनामा उजागर हुआ है। बकरी का मालिक पैंट उतारकर नहाने क्या चला गया उसे पल भर में जिंदगी का सबसे बड़ा झटका लग गया। ये कहानी जिसको भी पता चली सुनकर उसके होश उड़ते रहे।
कन्नौज जिले के सिलुआपुर गांव में रहने वाले किसान सर्वेश कुमार पाल अपना घर बनवाने के लिए ईंट और मौरंग खरीदने जा रहा था। उसकी जेब में दो-दो हजार के 32 नोट रखे थे। सर्वेश के मुताबिक वह अपनी पैंट उतारकर नहाने चला गया।
इसी दौरान बकरी उनके पैंट में रखे नोटों को खाने लगी। जब सर्वेश की नजर बकरी पर गई तो वह चिल्लाया और भागकर बकरी से पैंट को छिनने का प्रयास करने लगा लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। सर्वेश सिर्फ एक ही दो हजार के नोट को बचा सका। वो आखिरी नोट भी बुरी तरह से फट चुका था।
सर्वेश का कहना है कि बाकी के 31 नोट कहां गए पता नहीं चले। उसने बताया कि बकरी को कागज खाने की आदत है। इसी वजह से वह नोट को भी खा गई। यह घटना गांव में आग की तरह फैल गई। आसपड़ोस के लोग अब उस गुलाबी नोट खाने वाली बकरी को देखने के लिए पहुंच रहे हैं। कुछ लोगों का तो यहां तक कहना है कि बकरी को डॉक्टर के पास लेकर जाना चाहिए ताकि दवा से उसे उलटी करवाई जाए ताकि 62 हजार रुपये के नोटों की बरामदगी हो सके।
जबकि गुस्से से आग बबूला बकरी का मालिक सर्वेश ने पहले ये कह कर सबको चौंका दिया था कि ‘इस बकरी ने मुझे 62000 रुपये का नुकसान पहुंचाया है अब इसको पुलिस के हवाले कर दूंगां क्योंकि उसने अपराध किया है।’ लेकिन थोड़ी देर बात सर्वेश का गुस्सा शांत हो गया और वह अपनी बकरी से लाड प्यार दिखाते हुए बोला कि ‘मैं इस बकरी से इतना प्यार करता हूं कि इसे कोई भी नुकसान नहीं पहुंचाना चाहता।’