'ओवरलोडिंग का खेल': वाहनों को निकालने के नाम पर वसूली, दो ऑडियो वायरल...परिवहन विभाग में हड़कंप, ये है मामला
Auraiya News: जिले के परिवहन विभाग में ओवरलोडिंग वाहनों को लेकर बड़ा खेल चल रहा है। दरअसल, बच्चा कोडवर्ड से ओवरलोड वाहन निकालने के दो ऑडियो वायरल हुए हैं। इसमें प्रवर्तन टीम में पूर्व में लगी गाड़ी के चालक व वाहन स्वामी के बीच बातचीत ने गड़बड़ियों की पोल खोल दी है।
विस्तार
औरैया जिले में ओवरलोड वाहनों को निकालने के नाम होने वाली वसूली का गजब का हथकंडा अपनाया जा रहा है। यहां बच्चा कोडवर्ड से वाहनों को निकाला जा रहा है। शनिवार को वायरल हुए दो आडियो टेप के बाद परिवहन विभाग में हड़कंप मच गया है।
बताया जा रहा है कि वायरल ऑडियों में बात करने वाला परिवहन विभाग की टीम में शामिल पूर्व का चालक है, जो एक ट्रांसपोर्टर से बात कर रहा है। हालांकि वायरल ऑडियों की संवाद न्यूज एजेंसी पुष्टि नहीं करता है। वहीं मामले में एआरटीओ प्रशासन अशोक कुमार ने जांच किए जाने की बात कही है।
जिले में जालौन छोर से रोजाना सैंकड़ों की संख्या में मौरंग, गिट्टी व बालू की सप्लाई आती है। इटावा समेत कन्नौज व अन्य जिलों के लिए औरैया होकर वाहन निकलते हैं। यहां ओवरलोड वाहन निकालने के प्रयास भी होते हैं। कर्मचारियों और वाहन स्वामियों के गठजोड़ के मामले सामने आ चुके हैं।
वायरल ऑडियो में वाहन को बच्चा कहकर मोलभाव
वहीं, अब नया मामला चौंकाने वाला है। वायरल हुए ऑडियो में परिवहन विभाग की प्रवर्तन टीम में पूर्व में लगी गाड़ी का चालक एक वाहन स्वामी से बातचीत कर रहा है। यहां ओवरलोड वाहन को बच्चा कहकर पांच और पंद्रह का मोलभाव किया जा रहा है।
अधिकारियों से लेकर कर्मचारियों में खलबली
दूसरी ऑडियो में पूर्व में प्रवर्तन टीम में रहा चालक मोलभाव तय हो जाने पर गाड़ी ले जाने की सहमती जता रहा है। दोनों ऑडियो सामने आने के बाद से परिवहन विभाग से लेकर जिला प्रशासन में तरह-तरह की चर्चाओं का बाजार गर्म रहा। अधिकारियों से लेकर कर्मचारियों में खलबली रही।
विभागीय कार्यशैली पर खड़े हुए हैं सवाल
एआरटीओ प्रशासन अशोक कुमार ने बताया कि ऑडियो टेप का मामला संज्ञान में है। यदि कोई वाहन स्वामी शिकायत करता है, तो मामले की जांच की जाएगी। वसूली की चर्चा ने विभागीय कार्यशैली पर कहीं न कहीं सवाल खड़े कर दिए हैं।
रात में चलता है ओवरलोडिंग का खेल
मकान निर्माण सामग्री में मौरंग व बालू की ओवरलोड खेप ट्रक-डंपर से ले जाने के लिए माफिया रात का समय चुनते हैं। करीब आठ माह पूर्व हाईवे पर सदर एसडीएम मनोज कुमार सिंह के नेतृत्व में दो दर्जन से ज्यादा ओवरलोड वाहन एक ढाबे की पार्किंग से पकड़ गए थे। यहां चेकिंग देख चालक भाग निकले थे।