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पूर्व विधायक योगेंद्र पाल सिंह का निधन
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death
- फोटो : PUKHRANYA
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पुखरायां (कानपुर देहात)। विधानसभा क्षेत्र भोगनीपुर के पूर्व विधायक एवं सपा नेता योगेंद्र पाल सिंह यादव का बीमारी के चलते पीजीआई लखनऊ में निधन हो गया। तीन महीने से उनका लखनऊ के पीजीआई में इलाज चल रहा था। सोमवार को सुबह 11 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली।
राजपुर के घटापारा निवासी योगेंद्र पाल सिंह यादव ने डीएवी कालेज कानपुर से एलएलबी करने के बाद भोगनीपुर तहसील में वकालत शुरू की। तहसील मुख्यालय होने के कारण उन्होंने पुखरायां में अपना निवास बनाया। कई बार बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रहे। बाद में राजनीति में सक्रिय हुए। 1972 में क्षेत्र पंचायत सदस्य का चुनाव जीते।
अमरौधा के प्रमुख चुने गए। लगातार 20 वर्ष तक काबिल रहे। 1992 में जनता दल से विधान परिषद सदस्य बनाये गए। तब ब्लाक प्रमुख के पद इस्तीफा दिया। इस दौरान मुलायम सिंह यादव से मित्रता होने पर उन्हीं के साथ राजनीति शुरू कर दी और समाजवादी पार्टी के गठन में अहम भूमिका निभाई। 2012 में वह सपा के टिकट पर चुनाव लड़े। विधायक चुने जाने पर 2017 तक भोगनीपुर का प्रतिनिधित्व किया। इसके पहले उनके परिवार के किसी भी सदस्य का राजनीति में दखल नहीं रहा।
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देहांत होने की जानकारी होने पर उनके घर लोगों की भीड़ रही। लखनऊ पीजीआई से उनका शव पुखरायां लाया गया। उनके पुत्र एवं सपा नेता नरेंद्र पाल सिंह यादव मनु ने उन्हें मुखाग्नि दी। विधायक विनोद कटियार, पराग डेरी के पूर्व अध्यक्ष लाखन सिंह यादव, सपा के पूर्व अध्यक्ष वीरसेन यादव, जिला अध्यक्ष प्रमोद यादव समेत प्रदेश स्तर के नेता भी मौजूद रहे।
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राजपुर के घटापारा निवासी योगेंद्र पाल सिंह यादव ने डीएवी कालेज कानपुर से एलएलबी करने के बाद भोगनीपुर तहसील में वकालत शुरू की। तहसील मुख्यालय होने के कारण उन्होंने पुखरायां में अपना निवास बनाया। कई बार बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रहे। बाद में राजनीति में सक्रिय हुए। 1972 में क्षेत्र पंचायत सदस्य का चुनाव जीते।
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अमरौधा के प्रमुख चुने गए। लगातार 20 वर्ष तक काबिल रहे। 1992 में जनता दल से विधान परिषद सदस्य बनाये गए। तब ब्लाक प्रमुख के पद इस्तीफा दिया। इस दौरान मुलायम सिंह यादव से मित्रता होने पर उन्हीं के साथ राजनीति शुरू कर दी और समाजवादी पार्टी के गठन में अहम भूमिका निभाई। 2012 में वह सपा के टिकट पर चुनाव लड़े। विधायक चुने जाने पर 2017 तक भोगनीपुर का प्रतिनिधित्व किया। इसके पहले उनके परिवार के किसी भी सदस्य का राजनीति में दखल नहीं रहा।
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देहांत होने की जानकारी होने पर उनके घर लोगों की भीड़ रही। लखनऊ पीजीआई से उनका शव पुखरायां लाया गया। उनके पुत्र एवं सपा नेता नरेंद्र पाल सिंह यादव मनु ने उन्हें मुखाग्नि दी। विधायक विनोद कटियार, पराग डेरी के पूर्व अध्यक्ष लाखन सिंह यादव, सपा के पूर्व अध्यक्ष वीरसेन यादव, जिला अध्यक्ष प्रमोद यादव समेत प्रदेश स्तर के नेता भी मौजूद रहे।