{"_id":"598caa4b4f1c1b4a228b47bb","slug":"chitfund-company-cheated-millions-of-rupees","type":"story","status":"publish","title_hn":"ग्राहकों को ढाई करोड़ का चूना लगा भागी चिटफंड कंपनी ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ग्राहकों को ढाई करोड़ का चूना लगा भागी चिटफंड कंपनी
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
Updated Fri, 11 Aug 2017 12:20 AM IST
विज्ञापन
डेमो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चिटफंड कंपनी राघव कैपिटल इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड सैकड़ों ग्राहकों के लगभग ढाई करोड़ रुपये लेकर फरार हो गई। गुरुवार को कंपनी के एक स्थानीय एजेंट ने सदर कोतवाली में कंपनी निदेशकों समेत सात अधिकारियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया। कंपनी का मुख्यालय लखनऊ में गोमती नगर के विजय खंड में है।
गाजीपुर थाने के सामियाना गांव निवासी हीरालाल छह साल से इस चिटफंड कंपनी से जुड़े थे। सदर कोतवाली क्षेत्र के कलक्टरगंज में कंपनी का ब्रांच आफिस था। छह साल के दौरान उन्होंने कंपनी में सैकड़ों ग्राहकों के खाते खुलवाए और उनको कंपनी की जमा योजनाओं से जोड़ा। हीरालाल के अनुसार एक साल से कंपनी ग्राहकों की परिपक्वता राशि का भुगतान नहीं कर रही थी। छह महीने पहले अचानक कंपनी के सारे अधिकारी ब्रांच आफिस बंदकर गायब हो गए।
हीरालाल की तहरीर पर पुलिस ने कंपनी के निदेशक सुशील कुमार व नीरज कुमार निवासी विजय खंड, गोमती नगर लखनऊ, प्रबंधक मुख्यालय एचआर पांडेय व चंद्रशेखर, आरएन शर्मा निवासी मानस नगर (जियामऊ) लखनऊ, शाखा प्रबंधक उदयशंकर, सहप्रबंधक राजकुमार निवासी परौली सलेमपुर बुलंदशहर के खिलाफ फर्जी दस्तावेजों के जरिए बैंक खोलकर तमाम लोगों से रुपये जमा कराने की रिपोर्ट दर्ज की है। कोतवाल सुनील कुमार सिंह ने बताया कि हरिहरगंज चौकी इंचार्ज को जांच दी गई है। विवेचना के दौरान यदि ठगी का शिकार हुए अन्य लोगों की शिकायत मिलती है तो उसे भी इस मामले से जोड़ा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
गाजीपुर थाने के सामियाना गांव निवासी हीरालाल छह साल से इस चिटफंड कंपनी से जुड़े थे। सदर कोतवाली क्षेत्र के कलक्टरगंज में कंपनी का ब्रांच आफिस था। छह साल के दौरान उन्होंने कंपनी में सैकड़ों ग्राहकों के खाते खुलवाए और उनको कंपनी की जमा योजनाओं से जोड़ा। हीरालाल के अनुसार एक साल से कंपनी ग्राहकों की परिपक्वता राशि का भुगतान नहीं कर रही थी। छह महीने पहले अचानक कंपनी के सारे अधिकारी ब्रांच आफिस बंदकर गायब हो गए।
विज्ञापन
हीरालाल की तहरीर पर पुलिस ने कंपनी के निदेशक सुशील कुमार व नीरज कुमार निवासी विजय खंड, गोमती नगर लखनऊ, प्रबंधक मुख्यालय एचआर पांडेय व चंद्रशेखर, आरएन शर्मा निवासी मानस नगर (जियामऊ) लखनऊ, शाखा प्रबंधक उदयशंकर, सहप्रबंधक राजकुमार निवासी परौली सलेमपुर बुलंदशहर के खिलाफ फर्जी दस्तावेजों के जरिए बैंक खोलकर तमाम लोगों से रुपये जमा कराने की रिपोर्ट दर्ज की है। कोतवाल सुनील कुमार सिंह ने बताया कि हरिहरगंज चौकी इंचार्ज को जांच दी गई है। विवेचना के दौरान यदि ठगी का शिकार हुए अन्य लोगों की शिकायत मिलती है तो उसे भी इस मामले से जोड़ा जाएगा।
विज्ञापन
-फतेहपुर के सैकड़ों ग्राहक बने धोखाधड़ी का शिकार
-कंपनी के सात अधिकारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज