बड़ी कार्रवाई: बसपा नेता अनुपम दुबे के खिलाफ घेराबंदी, जारी हुआ कुर्की नोटिस, नौ करोड़ 53 लाख की संपत्ति हो सकती है जब्त
इंस्पेक्टर हत्याकांड में मैनपुरी जिला जेल में बंद बसपा नेता अनुपम दुबे के खिलाफ डीएम की ओर से नोटिस जारी कर संपत्ति अर्जित करने का स्रोत पूछा गया है। इसके अलावा उनकी संपत्ति, बैंक खातों और वाहनों पर भी नजर रखी जा रही है।
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उत्तर प्रदेश की मैनपुरी जेल में बंद बसपा नेता डॉ. अनुपम दुबे पर जिला प्रशासन ने शिकंजा कस दिया है। अनुपम दुबे सहित उनके भाई और सहयोगी को कुर्की नोटिस जारी किया गया है। साथ ही उनकी कई संपत्तियां चिन्हित की गई है। बैंक खातों व वाहनों पर भी प्रशासन नजर रखे हुए है। इन सभी की बिक्री पर जिलाधिकारी ने रोक लगाते हुए नोटिस जारी कर संपत्ति अर्जित करने का स्रोत पूछा है। सही जवाब न देने पर संपत्ति को जब्त करने की कार्रवाई होगी।
हत्याकांड में हो चुकी है रासुका की कार्रवाई
जनपद कन्नौज के समधन निवासी ठेकेदार शमीम खान की वर्ष 1995 में फतेहगढ़ में और गुरसहायगंज कोतवाली में तैनात तत्कालीन इंस्पेक्टर रामनिवास यादव की वर्ष 1996 में कानपुर के रावतपुर स्टेशन के पास गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इन दोनों मामलों में आरोपी बसपा नेता डॉ. अनुपम दुबे मैनपुरी जेल में बंद है। इन मामलों में उन पर रासुका की कार्रवाई भी हो चुकी है।
विधानसभा चुनाव से पहले अनुपम दुबे पर प्रशासन काफी तेजी से कार्रवाई कर रहा था, मगर बीच में कुछ दिन शांत रहने के बाद अब फिर घेराबंदी शुरू हुई है। अनुपम के ठंडी सड़क स्थित होटल, फतेहगढ़, मोहम्मदाबाद के अलावा कन्नौज में भी निर्मित व निर्माणाधीन संपत्तियों को भी चिन्हित किया गया है। प्रशासन के अनुसार यह संपत्तियां अवैध रूप से धन अर्जित कर बनवाई गई हैं। इसी के चलते जिला प्रशासन की नजर इन संपत्तियों पर है।
डीएम संजय कुमार सिंह ने डॉ. अनुपम दुबे को कुर्की नोटिस जारी कर संपत्तियों को अर्जित करने के स्रोत के बारे में पूछा है। हालांकि कई महीने पहले से जांच कर रही मऊदरवाजा पुलिस ने आपराधिक गतिविधियों से इन संपत्तियों को अर्जित करने की रिपोर्ट दी थी। इसी के चलते डीएम की ओर से जारी नोटिस को दरोगा इंद्रजीत सरोज ने मैनपुरी जिला जेल पहुंचकर डॉ. अनुपम दुबे को तामील करा दिया है।
उनकी संपत्ति की कीमत नौ करोड़ 53 लाख 27 हजार 903 रुपये आंकी गई है। इसके अलावा उनके भाई अनुराग दुबे उर्फ डब्बन की संपत्ति नौ करोड़ 45 लाख 12 हजार और सहयोगी अभिषेक रस्तोगी की संपत्ति 50 लाख 80 हजार 600 रुपये आंकी गई है। इन सभी को कुर्की का नोटिस भेजा गया है। 11 अप्रैल तब सभी को जवाब देने का समय दिया गया है।
सूत्र बताते हैं कि नोटिस में साफ है कि यदि डॉ. अनुपम दुबे तय समय सीमा में नोटिस का सही जवाब नहीं देते, तो होटल, मकान समेत अन्य संपत्तियों को ढहाना जाना तय माना जा रहा है। नोटिस जारी होने के बाद राजस्व विभाग भी तेजी से जांच में जुट गया है।
तीन लोगों को कुर्की के नोटिस जारी किए गए हैं। उनसे संपत्ति अर्जित करने के स्रोतों के बारे में जवाब मांगा गया है। सही जवाब न मिलने पर संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की जाएगी। - संजय कुमार सिंह, जिलाधिकारी