कानपुर: इंटर्न के मानदेय में बढ़ोतरी की मांग, होम्योपैथिक छात्रों ने प्राचार्य को सौंपा ज्ञापन
Kanpur News: पंडित जवाहरलाल नेहरू राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सा महाविद्यालय के BHMS छात्रों ने आयुष इंटर्न के स्टाइपेंड में वृद्धि की मांग को लेकर 3 सितंबर को प्राचार्य को ज्ञापन सौंपा।
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आयुष के अंतर्गत आने वाले होम्योपैथिक चिकित्सा के इंटर्न के मानदेय में बढ़ोतरी की मांग को लेकर गुरुवार को राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सा महाविद्यालय के बीएचएमएस छात्रों ने प्राचार्य को ज्ञापन सौंपा। छात्रों ने कहा कि अन्य चिकित्सा पद्धतियों के इंटर्न को मिलने वाले मानदेय की तुलना में आयुष इंटर्न का मानदेय काफी कम है। उन्होंने इसे बढ़ाकर 25 हजार रुपये प्रतिमाह करने की मांग की।
छात्रों के मुताबिक एमबीबीएस और बीडीएस इंटर्न का मानदेय वर्ष 2021 से पहले 7,500 रुपये था, जिसे 2021 में बढ़ाकर 12 हजार रुपये किया गया। वर्ष 2026 में इसे बढ़ाकर 25 हजार रुपये कर दिया गया है। वहीं आयुष के अंतर्गत बीएचएमएस, बीएएमएस और बीयूएमएस इंटर्न का मानदेय करीब 7,500 रुपये ही है और वर्ष 2011 के बाद इसमें कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है।
नियमों के अनुसार समान मानदेय की मांग
छात्रों ने राष्ट्रीय होम्योपैथी आयोग के वर्ष 2022 के नियमों का हवाला देते हुए कहा कि इंटर्न का मानदेय अन्य चिकित्सा पद्धतियों के इंटर्न के समान होना चाहिए। छात्रों का कहना है कि वे किसी विशेष सुविधा की मांग नहीं कर रहे हैं, बल्कि समानता और सरकार की ओर से बनाए गए नियमों के पालन की मांग कर रहे हैं।
छात्रों ने कहा कि जब अन्य चिकित्सा पद्धतियों के इंटर्न को 25 हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जा रहा है तो आयुष इंटर्न को इससे कम मानदेय देना उचित नहीं है। उन्होंने राज्य सरकार और आयुष विभाग से मामले में हस्तक्षेप कर मानदेय बढ़ाने की मांग की।
19 राजकीय महाविद्यालयों में भी सौंपा ज्ञापन
छात्रों ने बताया कि मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर निदेशक होम्योपैथी के अलावा प्रदेश के 19 संबंधित राजकीय महाविद्यालयों के प्राचार्यों को भी ज्ञापन दिया गया है। मांग के समर्थन में विभिन्न स्थानों पर शांतिपूर्ण रैलियां और अन्य कार्यक्रम भी किए जा रहे हैं। छात्रों ने सरकार से आयुष इंटर्न के मानदेय को बढ़ाकर 25 हजार रुपये प्रतिमाह करने की मांग की है। उनका कहना है कि समान कार्य के लिए समान मानदेय की व्यवस्था लागू की जानी चाहिए।