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एक और इतिहास रचेगी आयुध निर्माणी कानपुर, ओएफसी में बनी बैरल स्वीडन में बोफोर्स को होगी निर्यात
Thu, 04 Jul 2019 12:22 PM IST
शिखा पांडेय
अमित अवस्थी, अमर उजाला, कानपुर
अमित अवस्थी, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Thu, 04 Jul 2019 12:22 PM IST
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आयुध निर्माणी कानपुर
- फोटो : सोशल मीडिया
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सेना के लिए तोप और टैंक बनाने वाली आयुध निर्माणी कानपुर (ओएफसी) एक और इतिहास रचने जा रही है। हथियार बनाकर दूसरे देशों को सप्लाई करने वाली स्वीडन कंपनी बोफोर्स ओएफसी में बनी बैरल खरीदेगी। यह पहला मौका है जब बैरल किसी देश को निर्यात की जाएगी। 12 जुलाई तक दो बैरल यहां से भेज दी जाएंगी। इसकी तैयारी शुरू हो गई है।
कभी देश की सेना के लिए बोफोर्स कंपनी से तोपों की खरीद की गई थी। सूत्रों के मुताबिक अब उसी कंपनी ने निर्माणी को बोफोर्स तोप से उच्चीकृत तोप की बैरल बनाने का पांच-छह महीने पहले आर्डर दिया था।
निर्माणी ने बैरल तैयार कर ली है। 25 जून को स्वीडन स्थित बोफोर्स टेस्ट सेंटर के दो प्रतिनिधि निर्माणी आए थे। दोनों ने बैरल का निरीक्षण कर सराहना भी की। अब इन्हीं बैरलों को स्वीडन भेजे जाने की तैयारी है।
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कभी देश की सेना के लिए बोफोर्स कंपनी से तोपों की खरीद की गई थी। सूत्रों के मुताबिक अब उसी कंपनी ने निर्माणी को बोफोर्स तोप से उच्चीकृत तोप की बैरल बनाने का पांच-छह महीने पहले आर्डर दिया था।
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निर्माणी ने बैरल तैयार कर ली है। 25 जून को स्वीडन स्थित बोफोर्स टेस्ट सेंटर के दो प्रतिनिधि निर्माणी आए थे। दोनों ने बैरल का निरीक्षण कर सराहना भी की। अब इन्हीं बैरलों को स्वीडन भेजे जाने की तैयारी है।
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1986 में भारत ने खरीदी थी बोफोर्स तोपें
भारत सरकार ने 1986 में स्वीडन की कंपनी से रक्षा खरीद के तहत 400 तोप खरीदी थीं। इन्हें देश की सरहदों पर तैनात किया गया था। इसी तोप का अपग्रेड वर्जन धनुष को ओएफसी और फील्डगन ने मिलकर तैयार किया था। धनुष को सेना में शामिल किया जा चुका है।
स्वीडन कंपनी के अनुरूप तैयार की बैरल
निर्माणी के सूत्रों ने बताया कि कंपनी की मांग के अनुरूप बैरल को तैयार किया गया है। 155 गुणा 52 कैलीबर तोप के लिए करीब आठ मीटर लंबी बैरल बनाई गई है। इसे उच्च क्वालिटी वाले उत्पादों के साथ तैयार किया गया है। इसमें लगे सभी उपकरण स्वदेशी हैं।
भारत सरकार ने 1986 में स्वीडन की कंपनी से रक्षा खरीद के तहत 400 तोप खरीदी थीं। इन्हें देश की सरहदों पर तैनात किया गया था। इसी तोप का अपग्रेड वर्जन धनुष को ओएफसी और फील्डगन ने मिलकर तैयार किया था। धनुष को सेना में शामिल किया जा चुका है।
स्वीडन कंपनी के अनुरूप तैयार की बैरल
निर्माणी के सूत्रों ने बताया कि कंपनी की मांग के अनुरूप बैरल को तैयार किया गया है। 155 गुणा 52 कैलीबर तोप के लिए करीब आठ मीटर लंबी बैरल बनाई गई है। इसे उच्च क्वालिटी वाले उत्पादों के साथ तैयार किया गया है। इसमें लगे सभी उपकरण स्वदेशी हैं।