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Kanpur: शिव शक्ति आर्मी प्रमुख मधुराम शरण शिवा बोले- एक हाथ में गीता दूसरे में गदा, तभी हिंदुओं की रक्षा

Tue, 22 Oct 2024 11:32 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: शिखा पांडेय Updated Tue, 22 Oct 2024 11:32 PM IST
सार

पनकी धाम मंदिर में 31 युवा संन्यासियों का सशस्त्र सन्यास दीक्षा वृत्ति संस्कार हुआ। आयोजन में देशभर के संन्यासी आए। लोगों ने लव जिहाद और हिंदुओं की एकता जैसे मुद्दों पर विचार रखे।

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Armed Sanyas Diksha Vritti Sanskar of 31 young sannyasis took place at Panki Dham temple
सशस्त्र संन्यास दीक्षा वृत्ति संस्कार समारोह - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पनकी धाम मंदिर मंगलवार को हिंदू समाज की 21 जातियों के 31 युवाओं के सशस्त्र संन्यास दीक्षा वृत्ति संस्कार का साक्षी बना। शिवशक्ति अखाड़ा की ओर से आयोजित इस आयोजन में देशभर के संतों ने विचार रखे। सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार, लव जिहाद व हिंदुओं की रक्षा जैसे मुद्दों पर हिंदुओं को जागरूक करने के लिए अभियान चलाने का संकल्प लिया गया।
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शिव शक्ति आर्मी प्रमुख मधुराम शरण शिवा ने कहा कि युवा संन्यासियों के अब एक हाथ में गीता और दूसरे में गदा होगा तभी हिंदुओं की रक्षा होगी। आज शस्त्रमेव जयते का पालन करते हुए हिंदू युवाओं को शस्त्र धारण करना होगा। शस्त्र धारण करने से ही शास्त्र व धर्म की रक्षा होगी। इस दौरान पुणे से आए कालीचरण जी महाराज, पंजाब की साध्वी प्रियंका, चित्रकूट के मदन गोपाल, पनकी महंत कृष्ण दास महाराज, पंडित शिवा कांत महाराज, प्रखर वक्ता पुष्पेंद्र कुलश्रेष्ठ ने भी संबोधन किया।
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25 से शुरू करेंगे पदयात्रा, बनाएंगे दो सौ धर्म योद्धा
मधुराम शरण शिवा ने बताया कि युवा संन्यासी 25 अक्तूबर को बाबा आनंदेश्वर धाम परमट में पूजन कर गंगाजल लेकर पदयात्रा पर निकलेंगे। हर गांव में दो-दो दिन रुकेंगे। भ्रमण कर हिंदू सम्मेलन करेंगे। रात में हर गांव से 30-30 युवा तैयार करेंगे। इन युवा संन्यासियों को एक गांव से 10 हिंदू संन्यासी तैयार करने को कहा है। इस तरह दो सौ धर्म योद्धा तैयार किए जाएंगे जिन्हें शस्त्र शिक्षा दी जाएगी। ये धर्म योद्धा सनातियों को होने वाले अत्याचार को रोकने का काम करेंगे। ये शहर-शहर जाकर पांच प्रकार की बैठक करेंगे। पहली बैठक हिंदू जाति प्रमुखों, दूसरी लाइसेंस शस्त्रधारियों, तीसरी नगर की सभी रामलीला व गणेश उत्सव समितियों, चौथी 18 से 30 वर्ष की बहनों व 5वीं 18 से 30 वर्ष के युवाओं के साथ होगी।

धर्म को बचाओ तो राष्ट्र बचेगा : साध्वी प्रियंका
पंजाब से आईं साध्वी प्रियंका ने एक ही नारा, एक ही नाम, जय श्रीराम-जयश्रीराम के उद्गोष के साथ शुरूआत की। उन्होंने कहा कि जब धर्म को बचाओ तो ही राष्ट्र बचेगा। जितना मर्जी है अपने बच्चों को कान्वेंट स्कूलों में पढ़ा लो लेकिन जब धर्म ही नहीं बचेगा तो शिक्षा का क्या फायदा। लव जिहाद, लैंड जिहाद, धर्म जिहाद को रोकने से ही हिंदू धर्म सुरक्षित होगा। ये बताना होगा कि ये शस्त्र दिखाने के लिए नहीं, चलाने के लिए हैं।


 

अखंड हिंद फौज ने संभाली सुरक्षा व्यवस्था
कार्यक्रम में अखंड हिंद फौज के सौ सदस्य भी पहुंचे। इन्हें पंडाल की सुरक्षा व्यवस्था में लगाया गया था। पूरे देश में इस संगठन की 70 शाखाएं हैं, जहां 12 से 17 साल की छात्र-छात्राओं को सेना का प्रारंभिक प्रशिक्षण दिया जाता है। संगठन की उन्नाव, इटावा, घाटमपुर, कानपुर नगर, उरई, झांसी व बांदा से सदस्य पहुंचे। इसके साथ ही बिठूर के लव-कुश आश्रम से भी 21 बच्चे पहुंचे।

इन्होंने ली दीक्षा
किशन, शिवम, कुंवर, धुव, अखिल, हर्षित, देवेश, सत्यम, रोहित, अंकुश, रवि, सूरज, रोहित, शनि, अजीत, आदित्य, आकाश, निपुण, निखिल, अखिल, तरनदीप, अंशुल, रितिक, रिषभ, अक्षत, जितेंद्र, उदय, विमाश, अनुराग, अमित व गोविंद।
 
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परम सत्य को पाने का मार्ग सिर्फ हिंदुत्व: कालीचरण महाराज
पूणे से आए कालीचरण जी महाराज ने कहा कि सत्य तत्व की स्थापना के लिए जीवन में ईश्वर, धर्म की स्थापना करना जरूरी है। ईश्वर को पाने का साइंस धर्म है। अध्यात्म का साइंस धारण करना मतलब धर्म है। बिना धर्म के मनुष्य बनकर नहीं जी सकता। धर्म हमें मनुष्यत्व प्रदान करता है। जो सिद्धांत धर्म के सिखाए जा रहे हैं, उनमें तीन लक्षण ईश्वर, पुनर्जन्म सिद्धांत और तीसरा कर्मफल सिद्धांत होना चाहिए।


पुनर्जन्म बार-बार जन्म होता है और कर्मफल मतलब हम जो कार्य कर रहे हैं, आगे भोगना पड़ेगा। इस्लाम व क्रिश्चियन में पुनर्जन्म व कर्मफल सिद्धांत नहीं होते, इसलिए वह धर्म ही नहीं है। ब्रह्मांड में सिर्फ एक ही धर्म है, वह है सनातन हिंदू धर्म। हिंदू धर्म की रक्षा के लिए ही हिंदू योद्धा बन रहे हैं। परम सत्य को पाने का मार्ग सिर्फ हिंदुत्व हैं।
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