फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

अपराजिता: चार साल की उम्र में गंवाए दोनों हाथ, अब पैरों से कंप्यूटर व मोबाइल चलाती हैं सरिता

Mon, 12 Oct 2020 01:02 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: प्रभापुंज मिश्रा Updated Mon, 12 Oct 2020 01:02 AM IST
विज्ञापन
Aparajita: Lost her arms and one leg at the age of four, Sarita running computer and mobile without hands
एलिम्को में कार्यरत हैं सरिता - फोटो : अमर उजाला
जीवन में अक्सर हादसे का शिकार होने वाले कई लोग टूट जाते हैं तो कई लोग उसे अपनी ताकत बना लेते हैं। चार साल की छोटी सी उम्र में 11 हजार वोल्ट का करंट लगने से दोनों हाथ और एक पैर गंवाने वाली फतेहपुर की सरिता द्विवेदी ने अपने साथ घटी उस घटना को ही अपनी ताकत बना लिया है।



 
Aparajita: Lost her arms and one leg at the age of four, Sarita running computer and mobile without hands
मोबाइल चलाती सरिता - फोटो : amar ujala
मौजूदा समय में एलिम्को में कार्यरत सरिता को बिना हाथ के कंप्यूटर और मोबाइल चलाते देखकर हर कोई हैरत में पड़ जाता है। उस हादसे के बाद वह जीवन से निराश नहीं हुई। उन्होंने मुंह की मदद से ब्रश थामा और अपने सपनों में रंग भरने लगी। इस हुनर की बदौलत उन्हें राष्ट्रपति ने सम्मानित किया।
 
Aparajita: Lost her arms and one leg at the age of four, Sarita running computer and mobile without hands
एलिम्को में कार्यरत हैं सरिता - फोटो : amar ujala
यहीं नहीं सरिता ने प्रयागराज से दसवीं और इंटर किया। इलाहाबाद यूनिवर्सिटी से 2015 में फाइन आर्ट से स्नातक की पढ़ाई भी पूरी की। रिटायर फौजी विजयकांत द्विवेदी की बेटी सरिता को स्नातक की पढ़ाई पूरी करने के बाद भारतीय कृत्रिम अंग निर्माण निगम (एलिम्को) में रिसेप्शनिस्ट व हाउस कीपिंग इंचार्ज की नौकरी मिल गई।


 
विज्ञापन
विज्ञापन
Aparajita: Lost her arms and one leg at the age of four, Sarita running computer and mobile without hands
एलिम्को में कार्यरत सरिता - फोटो : amar ujala
अब वह मोटराइज व्हीलचेयर पर बैठकर टेलीफोन ऑपरेटिंग, कंप्यूटर, लैपटॉप और मोबाइल पर फटाफट अपने काम निपटाती हैं वह भी बिना हाथ के। इसके साथ वह पेंटिंग भी बनाती हैं और लिखती-पढ़ती भी है।

 
विज्ञापन
Aparajita: Lost her arms and one leg at the age of four, Sarita running computer and mobile without hands
एलिम्को में कार्यरत सरिता - फोटो : amar ujala
ये अवार्ड मिले
- वर्ष 2005 में पूर्व राष्ट्रपति डॉ. अब्दुल कलाम से ‘बालश्री अवार्ड’ के साथ कई नेशनल व इंटरनेशनल अवार्ड मिल चुके हैं। 
- वर्ष 2009 में उन्हें मिनिस्ट्री ऑफ इजिप्ट से इंटरनेशनल अवार्ड मिला था। 

मैंने कभी सोचा ही नही की मैं कुछ कर नहीं सकती। मुझे जो करना होता है मैं वह करके दिखाती हूं। इस बात पर मेरे माता-पिता को बहुत गर्व है। मैंने जिंदगी में कभी हार मानना सीखा ही नहीं। 
सरिता द्विवेदी
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed