{"_id":"66d19f23978a0bc6690f1602","slug":"24-baby-pythons-were-found-in-a-tube-well-the-sanctuary-team-rescued-them-and-released-them-in-the-forest-2024-08-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Etawah: नलकूप में 24 अजगर के बच्चे मिलने से मचा हड़कंप, सेंचुअरी की टीम ने रेस्क्यू कर जंगल में छोड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Etawah: नलकूप में 24 अजगर के बच्चे मिलने से मचा हड़कंप, सेंचुअरी की टीम ने रेस्क्यू कर जंगल में छोड़ा
Fri, 30 Aug 2024 04:15 PM IST
हिमांशु अवस्थी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इटावा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इटावा
Published by: हिमांशु अवस्थी
Updated Fri, 30 Aug 2024 04:15 PM IST
सार
Etawah News: चकरनगर तहसील क्षेत्र में एक नलकूप में 24 अजगर के बच्चे मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना पर पहुंची सेंचुअरी की टीम ने रेस्क्यू कर सभी को सुरक्षित जंगल में छोड़ा है।
विज्ञापन
नलकूप में मिले सांप के बच्चे
- फोटो : amar ujala
विस्तार
इटावा जिले में चकरनगर तहसील क्षेत्र के गांव गोपाल पुरा के सरकारी नलकूप में 24 अजगर के बच्चों को देख लोगों में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची सेंचुअरी की टीम ने रेस्क्यू कर उन्हें सुरक्षित कुंवारी नदी के जंगल में छोड़ दिया। वहीं, खतरनाक करैत सांप को पाली के जंगल में छोडा गया। इस रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली।
विज्ञापन
गोपालपुरा गांव के अजय सिंह के खेत के पास सरकारी नलकूप बना हुआ हैं। गुरुवार सुबह कुछ गांव के लोग नलकूप के पास पहुंचे तो उन्हें नलकूप के पास गड्डे में 24 अजगर के बच्चे दिखाई दिए। गांव के लोगों ने एक साथ इतने सांप देखकर तुरंत ही इसकी सूचना सेंचुअरी के अधिकारियों को दी। सूचना पर सेंचुअरी रेंजर कोटेश त्यागी के नेतृत्व में आगरा की रेस्क्यू टीम ने क्षेत्रीय सेंचुअरी कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया।
विज्ञापन
टीम ने पांच घंटे की मशक्कत के बाद सभी को निकालकर सुरक्षित स्थान पर छोड़ दिया। इस बीच सेंचुअरी कर्मियों को सबसे करैत सांप भी दिखाई दिया। इसके बाद टीम ने उसे भी रेस्क्यू किया। उसे भी जंगल में सुरक्षित स्थान पर छोड़ दिया गया। रेंजर ने बताया कि अजगर के बच्चों को रेस्क्यू कर उन्हें उनके प्राकृतिक वास क्वारी नदी के जंगल में छोड़ दिया गया है। बच्चे लगभग एक माह के हैं। जिसकी लम्बाई तीन से चार फीट है। रेस्क्यू टीम में वन दरोगा विशुनपाल चौहान, प्रताप वर्मा, वन रक्षक धर्मेन्द्र यादव रहे।
विज्ञापन