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सौ शय्या अस्पताल में दो माह से टीवी की जांच नहीं
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छिबरामऊ। नगर के सौ शय्या संयुक्त चिकित्सालय में दो माह से रोगी टीबी की जांच कराने के लिए भटक रहे हैं। कॉर्टिरेज न होने से मरीजों को जांच की सुविधा नहीं मिल रही है। दोपहर 12 बजे कक्ष में ताला लटकता मिला।
कोरोना की दूसरी लहर के बाद से सौ शय्या अस्पताल में टीबी की जांच कराने के लिए आने वाले मरीजों को भटकना पड़ रहा है। यह मरीज टीबी की जांच कराने के लिए कन्नौज, तिर्वा, फर्रुखाबाद या कानपुर जाने के लिए मजबूर हो रहे हैं। दो माह से ज्यादा का समय बीतने के बाद भी अभी तक यहां टीबी की जांच शुरू नहीं हो पाई है। जांच न होने की वजह अस्पताल में कॉर्टिरेज का न होना है। सीबी नॉट कक्ष में बुधवार दोपहर 12 बजे ताला लटकता मिला। इससे मरीजों को परेशानी हुई।
सौ शय्या अस्पताल में रेबीज का इंजेक्शन छह माह से नहीं है। बंदर और कुत्ते के काटने के बाद अस्पताल में आने वाले रोगियों को इंजेक्शन न होने से भटकना पड़ता है। छह माह लंबे अंतराल के बाद भी अभी तक एंटी रेबीज इंजेक्शन की व्यवस्था नहीं हो पाई है।
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सौ शय्या अस्पताल के सीएमएस डॉ. राजेश तिवारी ने बताया कि लैब टेक्नीशियन को जरूरी कार्य से सीएमओ ऑफिस जाना पड़ गया। इससे सीबी नॉट कक्ष में ताला लग गया था। कॉर्टिरेज उपलब्ध कराने के लिए जिला क्षय रोग अधिकारी को पत्र लिखा जा चुका है। रिमाइंडर भेजा जा रहा है। अस्पताल में एंटी रेबीज इंजेक्शन जल्द मंगा लिए जाएंगे।
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कोरोना की दूसरी लहर के बाद से सौ शय्या अस्पताल में टीबी की जांच कराने के लिए आने वाले मरीजों को भटकना पड़ रहा है। यह मरीज टीबी की जांच कराने के लिए कन्नौज, तिर्वा, फर्रुखाबाद या कानपुर जाने के लिए मजबूर हो रहे हैं। दो माह से ज्यादा का समय बीतने के बाद भी अभी तक यहां टीबी की जांच शुरू नहीं हो पाई है। जांच न होने की वजह अस्पताल में कॉर्टिरेज का न होना है। सीबी नॉट कक्ष में बुधवार दोपहर 12 बजे ताला लटकता मिला। इससे मरीजों को परेशानी हुई।
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सौ शय्या अस्पताल में रेबीज का इंजेक्शन छह माह से नहीं है। बंदर और कुत्ते के काटने के बाद अस्पताल में आने वाले रोगियों को इंजेक्शन न होने से भटकना पड़ता है। छह माह लंबे अंतराल के बाद भी अभी तक एंटी रेबीज इंजेक्शन की व्यवस्था नहीं हो पाई है।
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सौ शय्या अस्पताल के सीएमएस डॉ. राजेश तिवारी ने बताया कि लैब टेक्नीशियन को जरूरी कार्य से सीएमओ ऑफिस जाना पड़ गया। इससे सीबी नॉट कक्ष में ताला लग गया था। कॉर्टिरेज उपलब्ध कराने के लिए जिला क्षय रोग अधिकारी को पत्र लिखा जा चुका है। रिमाइंडर भेजा जा रहा है। अस्पताल में एंटी रेबीज इंजेक्शन जल्द मंगा लिए जाएंगे।