मारपीट, पथराव के बीच पड़े 75.22 फीसदी वोट
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डीएम अनुज झा, एसपी कलानिधि
नैथानी, एएसपी सुभाष शाक्य, एडीएम संतोष वैश्य, एसडीएम सुनील शुक्ला के
अलावा 27 सेक्टर मजिस्ट्रेट, छह जोनल मजिस्ट्रेट व छह सुपर जोनल
मजिस्ट्रेटों मतदान के दौरान जायजा लेते रहे। अति संवेदनशील प्लस की श्रेणी
में चिह्नित 24 बवाली मतदान केंद्रों पर विशेष सुरक्षा इंतजाम रहे।
तालग्राम ब्लाक क्षेत्र में कुल 67 ग्राम प्रधान पदों के लिए 637
प्रत्याशियों की किस्मत मतपेटी में बंद हुई। गुगरापुर ब्लाक क्षेत्र में 23
ग्राम प्रधान पद के लिए 200 प्रत्याशियों का भाग्य मतपेटिकाओं में कैद हो
गया। मतदान के दौरान तालग्राम के रनवां मतदान केंद्र पर फर्जी वोटिंग को
लेकर प्रत्याशी व उनके समर्थक भिड़ गए।
मारपीट के बाद ईंट-पत्थर चले। पुलिस
ने लाठीचार्ज कर बवालियों को खदेड़ा। इस दौरान 20 से 25 मिनट तक मतदान
बाधित रहा। एक दरोगा गिरकर चुटहिल हो गया। यहां प्रत्याशी समेत दो को
हिरासत में लिया गया है। वहीं फिरोजपुर मतदान केंद्र पर दो प्रत्याशियों के
एजेंट तू-तू-मै-मै के बाद गालीगलौच करने लगे।
एक-दूसरे को धमकी देने से
माहौल बिगड़ने लगा, तब पुलिस ने दोनों को मतदान केंद्र से बाहर निकाल दिया।
कुशलपुरवा मतदान केंद्र पर प्रधान पद की प्रत्याशी सुषमा ने दूसरे
प्रत्याशियों पर फर्जी मतदान का आरोप लगाते हुए अफसरों से शिकायत की तो
भीड़ को लाठियां पटककर खदेड़ा गया।
उधर, गुगरापुर के मतदान केंद्र
सौंसरापुर में रेड कार्ड जारी होने के बावजूद पूर्व प्रधान इफ्तखार खां
घूमकर बूथ पर गड़बड़ी करते मिले, इस पर पुलिस ने गिरफ्तार कर थाने भिजवा
दिया। बरगांवा में 100 बैलेट पेपर कम होने पर हंगामा हुआ तो पीठासीन
अधिकारी को हटा दिया गया। बाद में दूसरे मतपत्र भिजवाए गए।
उधर, तेराजाकेट
क्षेत्र में नाबालिगों ने कई जगह मतदाने की कोशिश की। मौके पर मौजूद
मजिस्ट्रेटों ने कई को पकड़कर पुलिस के हवाले किया। कई नाबालिगों की आईडी
चेक करने के बाद हड़काकर भगा दिया गया, वहीं वोटरों को ढोने के लिए जमकर
वाहनों का प्रयोग किया गया। तिसौली के बूथ पर सुबह से ही वोटरों की
लंबी-लंबी लाइनें लग गईं।
बिरौली मतदान केंद्र पर धीमे-धीमे मतदान चला।
केंद्र के बाहर लगी भीड़ को मौके पर पहुंचे छिबरामऊ के एसडीएम महेश चंद्र
दीक्षित, सीओ तिर्वा सुरेंद्र पाल सिंह के साथ आईटीबीपी के जवानों ने
लाठियां पटककर खदेड़ा। तेराजाकेट केंद्र पर नाबालिगों को लाइन में लगा
देख एक को पकड़कर थाने भिजवाया।
स्टेटिक मजिस्ट्रेट शैलेंद्र गौतम ने कई
नाबालिगों के मतदाता पहचान पत्र जब्त करके एक को पुलिस के हवाले कर दिया।
दो युवक हीरालाल वीएन इंटर कालेज के परिचय पत्र लेकर वोट डालने आए। इस पर
बूथ संख्या 192 पर पीठासीन अधिकारी ने परिचय पत्र फर्जी बताकर मतदान से रोक
दिया।
बूथ 193 पर मतदान अधिकारी ने मतदान पत्र पर खुद मोहर लगानी शुरू कर
दी। इस पर शिकायत हुई तो स्टेटिक मजिस्ट्रेट ने उन्हें ऐसा न करने की
हिदायत दी।