फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kannauj News ›   At the sowing drought stopped

सूखे की आशंका ने रोकी बुवाई

Sun, 27 Sep 2015 10:44 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो कन्नौज
अमर उजाला ब्यूरो कन्नौज Updated Sun, 27 Sep 2015 10:44 PM IST
विज्ञापन
At the sowing drought stopped
बीते साल की तरह इस बार सूखे के आसार बन रहे हैं। कारण औसत से कम बरसात होना है। इसकी वजह से बुबाई भी प्रभावित हुई है। अगस्त तक जिले में लक्ष्य के हिसाब से 12 हजार हेक्टेयर जमीन पर बुवाई नहीं हुई है। अब तक करीब 480 मिमी बरसात रिकार्ड की गई है।
विज्ञापन


सितम्बर 2015 में सिर्फ 66.2 मिमी बरसात रिकार्ड की गई है। जिले में पिछले साल खरीफ फसलों का आच्छादन (बुवाई) 62,872 हेक्टेयर जमीन में हुआ था। इस साल लक्ष्य 71,279 हेक्टेयर जमीन का है। पूर्ति 57,674 हेक्टेयर की ही हुई है।
विज्ञापन


खरीफ फसल में अपने यहां मक्का और धान की फसल अधिक होती है। बरसात कम होने से किसान परेशान हैं। औसत से कम बारिश होने की वजह से किसान नहर और निजी नलकूपों का सहारा लिए हैं। विशेषज्ञों की मानें तो फसलें तो होती हैं, लेकिन प्राकृतिक बरसात की कमी से उत्पादन घट जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


वर्ष 2014 में सिर्फ 439.64 मिमी बरसात हुई थी, जिसकी वजह से सूखा घोषित किया गया। अब जाकर किसानों को मुआवजा की चेक बांटी गई हैं। पिछले साल फरवरी, मार्च, अप्रैल, मई, अक्तूबर और नवंबर में बरसात नहीं हुई। दिसम्बर 2014 में केवल 16.33 मिमी बरसात हुई थी। इस बार करीब 476.2 मिमी बरसात रिकार्ड की गई है। इसमें सितम्बर 15 में 66.2 मिमी बरसात हुई है। अगस्त में 201.42 मिमी बरसात हुई थी। मक्का के लिए यह बरसात नाकाफी बताई जा रही है।


बरसात के बारे में मौसम वैज्ञानिक ही सटीक जानकारी दे सकते हैं। हां जो बरसात रिकार्ड की गई है, वह मक्का की फसल के लिए नाकाफी है। इससे उत्पादन कम होगा। इसकी भरपाई के लिए कम समय व कम पानी वाले बीजों का किसान प्रयोग करें। अब तक 11 हजार हेक्टेयर जमीन पर ही बुवाई होनी बची होगी। लक्ष्य हर साल पूरा कर लिया जाता है।
-नीरजरान, जिला कृषि अधिकारी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed