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कन्नौज: फार्मासिस्ट के भरोसे 25 हजार की आबादी

Tue, 14 Feb 2023 01:03 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कन्नौज
संवाद न्यूज एजेंसी, कन्नौज Updated Tue, 14 Feb 2023 01:03 AM IST
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25 thousand population dependent on pharmacist
कन्नौज, तालग्राम। करीब 25 हजार आबादी को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने के लिए बना प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र अमोलर की व्यवस्थाएं बदहाल हैं। डेढ़ एक माह से केंद्र बिना किसी डॉक्टर के चल रहा है। यहां मरीजों का इलाज फार्मासिस्ट के भरोसे है। ऐसे में मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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ग्रामीणों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराने के लिए एक दशक से पीएचसी संचालित है। विभागीय अफसरों की लापरवाही के चलते ग्रामीणों को इलाज मिलना मुश्किल हो रहा है। डॉ. राममिलन चौहान के स्थांनतरण के बाद अभी तक यहां किसी दूसरे चिकित्सक की तैनाती नहीं हो सकी है। डेढ़ माह से डॉक्टर की गैर मौजूदगी में मरीजों का इलाज यहां तैनात फार्मासिस्ट प्रभात कांत ही कर रहे हैं। इलाज न मिलने के कारण मरीजों ने भी स्वास्थ्य केंद्र से मुंह मोड़ना शुरू कर दिया। इससे अस्पताल आने वाले मरीजों की संख्या लगातार घटती जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि पीएचसी में डॉक्टर और सुविधाओं की कमी के बाद भी अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। कई मर्तबा शिकायत भी की जा चुकी है।
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पीएचसी में सुविधा की कमी का खामियाजा अमोलर के साथ ही पास के नैपालपुर, सिंघनापुर, माधौनगर ककराह, चचियापुर, घुसुआपुर, सिघनापुर, मवैइया, बरियापुर्वा, दलापुर्वा, ढिपारा,मझैइया, बिचपुर्वा, कैथनपुर्वा समेत 30 गांवों की करीब 25 हजार आबादी को उठाना पड़ रहा है।
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ग्रामीणों का कहना है कि पीएचसी में प्रसव की भी सुविधा नहीं है। रात में इमरजेंसी पड़ने पर गर्भवती महिलाओं को या तो किसी झोलाछाप के पास ले जाना पड़ता है या फिर किसी दूर-दराज के अस्पताल की दूरी तय करनी पड़ती है। इससे कई बार अनहोनी तक हो जाती है।

- अमोलर गांव की प्रधान रामजानकी का कहना है कि पीएछसी में महिला डॉक्टर होनी चाहिए, जिससे महिलाओं को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सके। बिना डॉक्टर के महिलाएं भी अस्पताल जाने से हिचकती हैं।

- सिगनापुर के प्रधान अमर सिंह के मुताबिक कई मर्तबा लिखित शिकायत कर डॉक्टर की कमी बताई जा चुकी है, लेकिन हर बार सिर्फ आश्वासन देकर शांत करा दिया जाता है। ऐसे में स्वास्थ्य सेवाएं पानी काफी कठिन होता जा रहा है।



सीएचसी प्रभारी डॉ. कुमारिल मैत्रेय का कहना है कि उपलब्ध संसाधन में बेहतर सेवाएं देने का प्रयास होता है। अस्पताल में चिकित्सक की तैनाती के प्रयास किए जा रहे हैं। इसके अलावा पर्याप्त स्टाफ की भी मांग की गई है। जल्द ही पीएचसी सुविधाओं से लैस होगी।

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