झांसी। प्रदेश के ऊर्जा मंत्री ने निर्देशित किया है कि ट्रांसफार्मरों के रखरखाव पर विशेष ध्यान दिया जाए, अन्यथा इसके लिए सीधे अधिकारी जिम्मेदार होंगे। आदेेश के बाद विभाग ने महानगर में लगे ट्रांसफार्मरों को फुंकने से बचाने की पहल शुरू कर दी है। योजना के तहत वितरण ट्रांसफार्मरों को क्षतिग्रस्त होने से बचाने के लिए उनकी मरम्मत पर ध्यान दिया जाएगा। इसके लिए रजिस्टर तैयार कर 1007 परिवर्तकों का लेखा-जोखा व उससे संबंधित सभी जानकारी दर्ज की जाएगी।
महानगर में जेल चौराहा, रानीमहल, गल्ला मंडी, न्यू गल्लामंडी, मुन्नालाल, सूतीमिल, मेडिकल, सीपरी बाजार खालसा, पंचवटी उनाव गेट, पुलिया नंबर नौ, प्रेमनगर, नंदनपुरा, हंसारी, बिजौली, ग्रोथ सेंटर, हाइडिल सबस्टेशन जुड़े हैं। इन सब स्टेशनों से 90 फीडर जुड़े हैं। इन फीडरों के अंतर्गत 1007 ट्रांसफार्मर रखे हैं, जिनकी मदद से घर- घर बिजली पहुंचाने का काम होता है। लॉकडाउन में बिजली की खपत कम होने के बाद भी अप्रैल से अभी तक महानगर में अस्सी से अधिक ट्रांसफार्मर फुंक चुुके हैं। दरअसल, अधिक संख्या में ट्रांसफार्मरों के होने से उनकी मरम्मत का कार्य समय पर नहीं हो पाता है। इस कारण छोटी- मोटी कमियों के चलते ट्रांसफार्मर फुंक जाते है। बिजली अधिकारियों ने ट्रांसफार्मरों की समय से मरम्मत करने के लिए डैमेज कंट्रोल प्लान तैयार किया है। इस संबंध में अधिशासी अभियंता (प्रथम) डी यादवेंदु ने बताया कि सबस्टेशनों पर जो पावर ट्रांसफार्मर रखे हैं उनकी तो नियमित मरम्मत होती रहती है। वितरण ट्रांसफार्मरों की मरम्मत के लिए कार्यशाला बाहरी एजेंसी से काम कराता है। वितरण ट्रांसफार्मर खराब न हों, इसके लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं।