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Jhansi News: इमारत बनी गई गैस चैंबर, ऑक्सीजन शून्य, तापमान 200 डिग्री सेल्सियस
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अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। सीपरी बाजार स्थित दो इलेक्ट्रानिक शोरूम में आग लगने के बाद इनके भीतर धुआं भर गया। अंदर धुआं भर जाने से पूरी इमारत काली हो गई। अंदर कुछ दिखाई नहीं पड़ रहा था। धुआं भरा होने से ऑक्सीजन की मात्रा घटकर शून्य हो गई। अंदर का तापमान 200 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। अंदर के तापमान की तपिश बाहर सड़क तक महसूस हो रही थी।
शाम करीब छह बजे सेना के जवान बचाव को पहुंचे लेकिन, इमारत के भीतर धुआं भरा होने से कोई अंदर नहीं जा सका। अंदर पहुंचने में समय लगने से रेस्क्यू अभियान मेंं भी विलंब हुआ। पहले शाम करीब छह बजे आग पर काफी हद तक काबू पा लिया गया लेकिन, एकाएक हवा तेज हो जाने से आग दोबारा भड़क उठी। इस दफा आग पहले के मुकाबले विकराल हो उठी। उसके बाद फायर कर्मियों को आग बुझाने में जमकर मशक्कत करनी पड़ी।
रात करीब दस बजे किसी तरह आग पर काबू पाया जा सका। हालांकि वैल्यू प्लस इमारत में आग इसके बाद भी थोड़ी-थोड़ी देर में भड़कती रही। फायर कर्मियों के मुताबिक अंदर रखी अस्सी फीसदी से अधिक वस्तुएं प्लास्टिक एवं अग्निवर्धक थीं। इस वजह से चंद मिनट में आग ने पूरे परिसर को अपनी चपेट में ले लिया। फायर कर्मियों ने अंदर जाने की कोशिश की लेकिन, अंदर धुआं भरा होने से वह भीतर नहीं घुस सके। ऐसे में अंदर से तपिश बाहर की ओर आ रही थी। अंदर तापमान करीब दो सौ डिग्री सेल्सियस से भी ऊपर पहुंच चुका था। फायर अफसरों का कहना है कि अंदर से धुआं खत्म होने के बाद ही किसी को भीतर भेजा जा सकेगा।
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झांसी। सीपरी बाजार स्थित दो इलेक्ट्रानिक शोरूम में आग लगने के बाद इनके भीतर धुआं भर गया। अंदर धुआं भर जाने से पूरी इमारत काली हो गई। अंदर कुछ दिखाई नहीं पड़ रहा था। धुआं भरा होने से ऑक्सीजन की मात्रा घटकर शून्य हो गई। अंदर का तापमान 200 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। अंदर के तापमान की तपिश बाहर सड़क तक महसूस हो रही थी।
शाम करीब छह बजे सेना के जवान बचाव को पहुंचे लेकिन, इमारत के भीतर धुआं भरा होने से कोई अंदर नहीं जा सका। अंदर पहुंचने में समय लगने से रेस्क्यू अभियान मेंं भी विलंब हुआ। पहले शाम करीब छह बजे आग पर काफी हद तक काबू पा लिया गया लेकिन, एकाएक हवा तेज हो जाने से आग दोबारा भड़क उठी। इस दफा आग पहले के मुकाबले विकराल हो उठी। उसके बाद फायर कर्मियों को आग बुझाने में जमकर मशक्कत करनी पड़ी।
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रात करीब दस बजे किसी तरह आग पर काबू पाया जा सका। हालांकि वैल्यू प्लस इमारत में आग इसके बाद भी थोड़ी-थोड़ी देर में भड़कती रही। फायर कर्मियों के मुताबिक अंदर रखी अस्सी फीसदी से अधिक वस्तुएं प्लास्टिक एवं अग्निवर्धक थीं। इस वजह से चंद मिनट में आग ने पूरे परिसर को अपनी चपेट में ले लिया। फायर कर्मियों ने अंदर जाने की कोशिश की लेकिन, अंदर धुआं भरा होने से वह भीतर नहीं घुस सके। ऐसे में अंदर से तपिश बाहर की ओर आ रही थी। अंदर तापमान करीब दो सौ डिग्री सेल्सियस से भी ऊपर पहुंच चुका था। फायर अफसरों का कहना है कि अंदर से धुआं खत्म होने के बाद ही किसी को भीतर भेजा जा सकेगा।
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