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साहब! हमें नहीं लगवाना बच्चे को टीका
झांसी / ब्यूरो
Updated Sun, 02 Aug 2015 12:38 AM IST
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कुपोषण के खिलाफ जारी जंग में जागरूकता की कमी बाधा बन रही है। यह स्थिति कुपोषित बच्चों की जांच के दौरान ग्राम छयोंटा में नोडल अधिकारी के सामने आई। एक महिला ने अपने अति कुपोषित बच्चे को टीका लगवाने से साफ मना कर दिया। वह समझाने के बाद भी नहीं मानी।
मंडलायुक्त के निर्देश पर शनिवार को संभागीय परिवहन अधिकारी /ग्राम स्वास्थ्य पोषण मिशन के नोडल अधिकारी संजय सिंह ने रक्सा के पास स्थित ग्राम छयोंटा का भ्रमण कर चिह्नित कुपोषित बच्चों की स्वास्थ्य संबंधी प्रगति जानी। यहां बच्चों को दिया जाने वाला मध्याह्न भोजन, पुष्टाहार, दवाइयां आदि की जांच की। साथ ही टीकाकरण की भी जानकारी ली। इस दौरान मालूम चला कि एक महिला अपने एक वर्षीय पुत्र को टीका नहीं लगवा रही है।
इस पर नोडल अधिकारी ने महिला से संपर्क किया तथा टीकाकरण के लाभ बताए। बावजूद, वह नहीं मानीं। महिला का कहना था कि टीका लगने से उसके बच्चे की तबीयत खराब हो जाती है, इसलिए वह टीका नहीं लगवाएगी। इस पर नोडल अधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग की टीम को महिला को टीकाकरण के प्रति जागरूक कर बच्चे को टीका लगाने के निर्देश दिए। इस दौरान कुपोषित बच्चों को फल भी प्रदान किए गए।
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मंडलायुक्त के निर्देश पर शनिवार को संभागीय परिवहन अधिकारी /ग्राम स्वास्थ्य पोषण मिशन के नोडल अधिकारी संजय सिंह ने रक्सा के पास स्थित ग्राम छयोंटा का भ्रमण कर चिह्नित कुपोषित बच्चों की स्वास्थ्य संबंधी प्रगति जानी। यहां बच्चों को दिया जाने वाला मध्याह्न भोजन, पुष्टाहार, दवाइयां आदि की जांच की। साथ ही टीकाकरण की भी जानकारी ली। इस दौरान मालूम चला कि एक महिला अपने एक वर्षीय पुत्र को टीका नहीं लगवा रही है।
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इस पर नोडल अधिकारी ने महिला से संपर्क किया तथा टीकाकरण के लाभ बताए। बावजूद, वह नहीं मानीं। महिला का कहना था कि टीका लगने से उसके बच्चे की तबीयत खराब हो जाती है, इसलिए वह टीका नहीं लगवाएगी। इस पर नोडल अधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग की टीम को महिला को टीकाकरण के प्रति जागरूक कर बच्चे को टीका लगाने के निर्देश दिए। इस दौरान कुपोषित बच्चों को फल भी प्रदान किए गए।
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