फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   Notice would not find august to finance tax businessman

व्यापारियों को अगस्त तक नहीं मिलेंगे वाणिज्य कर के नोटिस

Tue, 07 Jul 2020 01:42 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Tue, 07 Jul 2020 01:42 AM IST
विज्ञापन
Notice would not find august to finance tax businessman
कोरोना महामारी के बढ़ते प्रभाव के कारण वाणिज्य कर कार्यालय में व्यापारियों के आने पर रोक लगा दी ग
झांसी। कोरोना महामारी के बढ़ते प्रभाव के कारण वाणिज्य कर विभाग ने व्यापारियों के कार्यालय आने पर रोक लगा दी है। व्यापारियों को 31 अगस्त तक किसी भी प्रकार का नोटिस न भेजने का निर्णय लिया है। वैट के लंबित पड़े टाइम वार्ड (कालातीत) मामलों की सुनवाई की तिथि भी 31 मार्च से बढ़ाकर 31 अक्तूबर कर दी गई है।
विज्ञापन

वाणिज्य कर विभाग व्यापारियों से हर महीने की 24 तारीख तक एक माह पहले का टैक्स जमा करवाता है। इसके बाद अगर विभाग संतुष्ट नहीं है तो वह व्यापारियों कोे रिटर्न की स्क्रूटनी, रिटर्न फाइल न करने, कम टैक्स जमा कर आईटीसी का लाभ ज्यादा लेने जैसे मामलों से जुड़े व्यापारियों को चिह्नित कर उनको नोटिस जारी करता है। पिछले दिनों एक टैक्स अधिवक्ता और उनके सीए पुत्र के कोरोना संक्रमित निकलने के बाद कार्यालय में आने- जाने वालों पर रोक लगा दी गई है। अधिवक्ताओं ने भी 31 अगस्त तक कार्यालय न आने का निर्णय लिया है। इस कारण विभाग ने 31 अगस्त तक व्यापारियों को किसी भी प्रकार का नोटिस न भेजने का निर्णय लिया है। कार्यालय में भी केवल अधिकारी व कर्मचारियों को प्रवेश दिया जा रहा है। जिनको नोटिस मिल भी गया है तो उनकी सुनवाई भी 31 अगस्त के बाद होगी।
विज्ञापन

- कोरोना महामारी के चलते वैसे तो 31 अगस्त तक व्यापारियों को नोटिस न भेजने का निर्णय लिया गया है, ताकि उनको कार्यालय न आना पड़े। अगर हालातों में सुधार होता है तो तिथि में बदलाव हो सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

प्रदीप कुमार सिंह, एडिशनल कमिश्नर ग्रेड वन।
धीरे- धीरे बढ़ने लगा राजस्व
कोरोना महामारी के बीच वाणिज्य कर विभाग का राजस्व बढ़ना शुरू हो गया है। मई में जहां 120 करोड़ लक्ष्य के सापेक्ष 18 करोड़ राजस्व मिला था, वहीं जून में 97 करोड़ लक्ष्य के सापेक्ष 52 करोड़ प्राप्त हो गया। मई में कारखाने व बड़े प्रतिष्ठान खुलने से राजस्व बढ़ गया। इसमें डायमंड सीमेंट, जीएमआर इंफ्रास्ट्रक्चर, नटराज ऑटोमोबाइल्स का अहम सहयोग है।

यह भी जानिए
वाणिज्य कर झांसी जोन के अंतर्गत बुंदेलखंड के सातों जिले आते हैं। इनमें झांसी के अलावा जालौन, ललितपुर, महोबा, हमीरपुर, बांदा व चित्रकूट शामिल हैं। झांसी जोन में 34500 जीएसटी में पंजीकृत व्यापारी हैं, जिसमें 23000 के करीब को हर महीने रिटर्न जमा करना पड़ता है। जबकि, बाकी व्यापारी तीन महीने में रिटर्न दाखिल करते हैं। 23000 में 99 फीसदी से अधिक व्यापारी हर महीने रिटर्न जमा कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed